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द्वारिकाधीश मंदिर: सात अप्रैल से भक्त नहीं कर सकेंगे परिक्रमा, ये है बड़ा कारण

Tue, 06 Apr 2021 12:13 AM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा Published by: Abhishek Saxena Updated Tue, 06 Apr 2021 12:13 AM IST
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Devotees Will Not Do Parikarma In Dwarkadhish Temple Mathura Due To Corona Virus
द्वारिकाधीश मंदिर में मंगला दर्शन के दौरान अराध्य - फोटो : अमर उजाला
पुष्टिमार्गीय संप्रदाय के प्राचीन द्वारिकाधीश मंदिर में अब आम भक्त मंदिर की परिक्रमा नहीं कर सकेंगे। आगामी सात अप्रैल से मंदिर में यह व्यवस्था शुरू होने जा रही है। जनपद में कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए मंदिर प्रबंधन ने यह कदम उठाया है। इसके अलावा मंदिर में बिना मास्क पहने किसी को प्रवेश भी नहीं दिया जाएगा।
Devotees Will Not Do Parikarma In Dwarkadhish Temple Mathura Due To Corona Virus
द्वारिकाधीश मंदिर - फोटो : अमर उजाला
मंदिर के मीडिया प्रभारी राकेश तिवारी एडवोकेट ने बताया कि मंदिर के गोस्वामी ब्रजेश कुमार  महाराज के आदेशानुसार और मंदिर के गोस्वामी डॉ. वागीश कुमार महाराज कॉकरौली युवराज  के निर्देशन में मंदिर में आने वाले सभी भक्तों के हित में यह निर्णय लिया गया है। इस नई व्यवस्था के लिए भक्त केवल दर्शन करके सीधे निकलेंगे और ठाकुरजी की आरती भी दर्शन खुलने से पूर्व अंदर ही अंदर होगी।
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द्वारिकाधीश मंदिर में मास्क लगाए श्रद्धालुओं का फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
मंदिर परिसर में किसी व्यक्ति को बगैर मास्क के प्रवेश नहीं दिया जाएगा। वहीं मंदिर में भीड़ को एकत्रित नहीं होने दिया जाएगा। भक्तों को सीधे दर्शन करके एक गेट से प्रवेश किया जाएगा और दूसरे गेट से भक्त बाहर जान सकेंगे। तीसरे गेट को फिलहाल बंद किया जाएगा।
 
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Devotees Will Not Do Parikarma In Dwarkadhish Temple Mathura Due To Corona Virus
ठाकुर द्वारिकाधीश मंदिर में मना नंदोत्सव का फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
कोरोना संक्रमण के चलते पिछले वर्ष द्वारिकाधीश मंदिर सहित मथुरा के कई मंदिर महीनों तक बंद रहे थे। मथुरा का द्वारकाधीश मंदिर 1814 में सेठ गोकुल दास पारीख ने बनवाया था जो ग्वालियर रियासत का खजांची थेे। यह मंदिर विश्राम घाट के नजदीक है जो शहर के किनारे बसा प्रमुख घाट है। भगवान कृष्ण को अक्सर ‘द्वारकाधीश’ या ‘द्वारका के राजा’ के नाम से पुकारा जाता था और उन्हीं के नाम पर इस मंदिर का नाम पड़ा है।
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द्वारिकाधीश मंदिर - फोटो : अमर उजाला
इस मंदिर का बंदोबस्त वल्लभाचार्य सम्प्रदाय देखती है। मुख्य आश्रम में भगवान् कृष्ण और उनकी प्रिय राधा की मूर्तियांं हैं। इस मंदिर में दूसरे देवी देवताओं की मूर्तियांं भी हैं। मंदिर के अन्दर सुन्दर नक्काशी, कला और चित्रकारी का बेहतरीन नमूना देखा जा सकता है। यह मंदिर रोज़ हज़ारों की संख्या में आने वाले पर्यटकों का स्वागत करता है। होली और जन्माष्टमी पर यहांं भीड़ और भी बढ़ जाती है।
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