ताजमहल में असम के एक कलाकार ने ऐसा कारनामा किया है, जिसे देखकर पर्यटक हैरान रह गए। हाथ से पेटिंग बनाते लोगों को आपने देखा होगा, लेकिन इस कलाकार ने नाक से पेंटिंग बनाई है। ताजमहल परिसर में यह पेंटिंग बनाने के पीछे बड़ा मकसद है।
अगली स्लाइड्स में जानिए कौन है यह कलाकार और क्या है उसका मकसद...
2 of 5
नाक से पेटिंग बनाते सिरुमोनी डोले
- फोटो : अमर उजाला
बुधवार को खुशगवार मौसम में ताजमहल का दीदार करने के लिए सैलानियों की खासी भीड़ उमड़ी। इस भीड़ में एक कलाकार चर्चा का विषय बन गया। इस कलाकार का नाम है सिरुमोनी डोले। ताजमहल पर सैलानी सिरुमोनी को नाक से पेंटिंग बनाते देख हैरत में पड़ गए।
3 of 5
नाक से बनाई गई पेंटिंग
- फोटो : अमर उजाला
गुवाहाटी से मिशन सेव राइनो के लिए देशभर में भ्रमण पर निकले एनजीओ पी-5 के सदस्य सिरुमोनी और पपोटि टेरा ने ताजमहल के पूर्वी गेट पर नाक से पेंटिंग बनाई। इस पेंटिंग के जरिए इस कलाकार ने दुनिया को गेंडा बचाने का संदेश दिया।
4 of 5
एएसआई अधिकारी भेंट की पेंटिंग
- फोटो : अमर उजाला
असोम में तेजी से विलुप्त हो रहे गेंडों की प्रजाति को बचाने के लिए एनजीओ के सदस्य इस तरीके से लोगों को जागरूक कर रहे हैं। सिरुमोनी ने एएसआई संरक्षण सहायक अंकित नामदेव को यह पेंटिंग भेंट की, जिससे ताज आने वाले सैलानियों तक सेव राइनो का संदेश पहुंच सके।
5 of 5
नाक से पेंटिंग बनाता कलाकार
- फोटो : अमर उजाला
ताजमहल पर जिस समय सिरुमोनी नाक से पेंटिंग बना रहे थे, उस समय पर्यटक तालियां बजाकर उनकी हौसला अफजाई कर रहे थे। इस दौरान कनिष्ठ संरक्षण सहायक ब्रजेश पाल भी मौजूद रहे।