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UP News: बारिश में झील बन गया आगरा-दिल्ली हाईवे, आखिर क्या हैं इसमें खामियां; सात घंटे तक जूझे लोग
Fri, 30 Aug 2024 09:20 AM IST
धीरेन्द्र सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला नेटवर्क, आगरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Fri, 30 Aug 2024 09:20 AM IST
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Agra News: बारिश में हाईवे बना झील
- फोटो : अमर उजाला
दिल्ली-आगरा नेशनल हाईवे-19 पर आगरा से अरतौनी और रुनकता के बीच बुधवार को बारिश का पानी 3 से 4 फीट तक भर गया था। 7 घंटे तक यातायात थमा रहा और 6 किमी लंबा जाम देर रात तक लगा रहा। इसमें नेशनल हाईवे अथॉरिटी की लापरवाही सामने आई है। हाईवे का ड्रेनेज सिस्टम पूरी तरह से चोक मिला है। सिल्ट के कारण बारिश का पानी नाले में गया ही नहीं। करीब 8 साल से हाईवे के नालों की सफाई ही नहीं हुई है।
Agra News: बारिश में हाईवे बना झील
- फोटो : अमर उजाला
वहीं रुनकता में हाईवे की सतह से नाला डेढ़ फीट ऊंचा मिला, जिसमें पानी जा नहीं सका। अरतौनी पर सर्विस रोड आधा ही बनाया। 300 मीटर का हिस्सा अधूरा छोड़ दिया, जिसमें कार सवार और दोपहिया वाहन फंस गए थे। यह हिस्सा सर्विस लेन से डेढ़ फीट गहरा है।
Agra News: बारिश में हाईवे बना झील
- फोटो : अमर उजाला
एनएचएआई ने सुना नहीं
आगरा नगर निगम ने बारिश से पहले और मानसून में जलभराव के दौरान भी पांच बार नेशनल हाईवे अथॉरिटी के प्रोजेक्ट डायरेक्टर वीके जोशी को फोटो लगाकर पत्र भेजे थे। हाईवे के नालों की सफाई और अधूरे नालों का निर्माण करने के लिए कहा था। मई से जुलाई के बीच पांच बार पत्र भेजकर एनएचएआई डायरेक्टर को खामियां दूर कराने के लिए कहा गया, लेकिन एक बार भी सिल्ट नहीं निकाली गई। न ही नालों को पूरा बनाकर आपस में जोड़ा गया।
आगरा नगर निगम ने बारिश से पहले और मानसून में जलभराव के दौरान भी पांच बार नेशनल हाईवे अथॉरिटी के प्रोजेक्ट डायरेक्टर वीके जोशी को फोटो लगाकर पत्र भेजे थे। हाईवे के नालों की सफाई और अधूरे नालों का निर्माण करने के लिए कहा था। मई से जुलाई के बीच पांच बार पत्र भेजकर एनएचएआई डायरेक्टर को खामियां दूर कराने के लिए कहा गया, लेकिन एक बार भी सिल्ट नहीं निकाली गई। न ही नालों को पूरा बनाकर आपस में जोड़ा गया।
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Agra News: बारिश में हाईवे बना झील
- फोटो : अमर उजाला
इन जगहों पर काम के लिए लिखा
- सिकंदरा से खंदारी, अबुलउलाह दरगाह तक नालों की सफाई
- वाटरवर्क्स चौराहे तक दोनों ओर के ड्रेनेज की सफाई, निर्माण
- रामबाग से कृष्णा हॉस्पिटल, रॉयल चौराहे तक नाला कवर करना
- चर्च रोड सिकंदरा पर बने नाले को बांईपुर नाले में लिंक करना
- सिकंदरा सीएनजी पंप के पास रेन वाटर हार्वेस्टिंग का सुझाव
- जवाहर नगर के सामने नाले का इनलेट और चौड़ा करना
- सिकंदरा से खंदारी, अबुलउलाह दरगाह तक नालों की सफाई
- वाटरवर्क्स चौराहे तक दोनों ओर के ड्रेनेज की सफाई, निर्माण
- रामबाग से कृष्णा हॉस्पिटल, रॉयल चौराहे तक नाला कवर करना
- चर्च रोड सिकंदरा पर बने नाले को बांईपुर नाले में लिंक करना
- सिकंदरा सीएनजी पंप के पास रेन वाटर हार्वेस्टिंग का सुझाव
- जवाहर नगर के सामने नाले का इनलेट और चौड़ा करना
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Agra News: बारिश में हाईवे बना झील
- फोटो : अमर उजाला
डिजाइनिंग में खामियां
पीडब्ल्यूडी के रिटायर्ड अभियंता राकेश कुमार ने बताया कि अरतौनी पर हाईवे की डिजाइनिंग में खामियां हैं। सड़क का ढलान जिस ओर है, वहां नाला नहीं है। नाले आपस में जुड़े न होने से पानी का प्रवाह नहीं है। चोक होने से हाईवे पर पानी भरा, जबकि 200 फुट क्षेत्र के कैचमेंट एरिया के मुताबिक नाला बनाना चाहिए था।
पीडब्ल्यूडी के रिटायर्ड अभियंता राकेश कुमार ने बताया कि अरतौनी पर हाईवे की डिजाइनिंग में खामियां हैं। सड़क का ढलान जिस ओर है, वहां नाला नहीं है। नाले आपस में जुड़े न होने से पानी का प्रवाह नहीं है। चोक होने से हाईवे पर पानी भरा, जबकि 200 फुट क्षेत्र के कैचमेंट एरिया के मुताबिक नाला बनाना चाहिए था।