मनीष गुप्ता हत्याकांड: आरोपी दरोगा के बाराबंकी स्थित घर पर छापा, एक परिजन को साथ ले गई एसआईटी
मनीष गुप्ता हत्याकांड में एसआईटी ने शुक्रवार रात आरोपी दरोगा अक्षय मिश्रा के घर छापेमारी की। हालांकि, अफसरों ने मामले पर खुलकर कुछ भी नहीं कहा है।
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गोरखपुर के होटल में कानपुर के व्यापारी मनीष गुप्ता हत्याकांड के मामले में आरोपी दरोगा के बाराबंकी के स्थित घर में शुक्रवार को एसआईटी ने छापा मारा। बताया जाता है कि टीम यहां से दरोगा के एक परिजन को भी साथ ले गए हैं । हालांकि पुलिस अधिकारी इस कार्रवाई की पुष्टि नहीं कर रहे हैं।
शहर के मोहन नगर मोहल्ले में गोरखपुर में हुए कानपुर के व्यापारी मनीष गुप्ता हत्याकांड में आरोपी दरोगा अक्षय मिश्रा का घर है। पुलिस सूत्रों की माने तो शुक्रवार की सुबह यहां पहुंची एसआईटी ने छापा मारा। वहां दरोगा की तलाश की लेकिन उनका पता नहीं चल सका। इस दौरान दरोगा के परिजन को पुलिस टीम साथ लेकर गई है। इस कार्रवाई को लेकर पुलिस विभाग में चर्चाओं का बाजार गर्म है लेकिन कोई अफसर बोलने को तैयार नहीं है।
फरार पुलिसकर्मियों पर डेढ़ लाख का इनाम
गोरखपुर में हुए मनीष हत्याकांड के मामले में फरार चल रहे छह पुलिसकर्मियों पर कुल डेढ़ लाख का इनाम घोषित किया गया है। सभी पर 25-25 हजार रुपये का इनाम है। एसटीएफ और पुलिस टीम फरार हत्यारोपियों की तलाश में यूपी के छह जिलों में लगातार दबिश दे रही है। फिलहाल अभी तक किसी का सुराग नहीं लगा है। गोरखपुर के रामगढ़ताल स्थित कृष्णा पैलेस होटल में 27 सितंबर की रात पुलिस की पिटाई से बर्रा तीन निवासी मनीष गुप्ता की मौत हो गई थी। वारदात के वक्त वह अपने दो अन्य मित्रों के साथ रूम नंबर 512 में थे। मामले में मनीष की पत्नी मीनाक्षी ने तत्कालीन थाना प्रभारी जगत नारायण सिंह समेत छह पुलिस कर्मियों के खिलाफ हत्या समेत अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
मामले में दोषी पाए जाने पर सभी पुलिस कर्मियों को निलंबित कर दिया गया था। इसके बाद से सभी आरोपी फरार हैं। पुलिस टीम उनकी तलाश में दबिश दे रही है। डीसीपी साउथ रवीना त्यागी ने शुक्रवार को आरोपी इंस्पेक्टर जगत नारायण सिंह निवासी मुसाफिरखाना, अमेठी, तत्कालीन एसआई अक्षय कुमार मिश्रा निवासी नरही बलिया, एसआई विजय यादव निवासी बक्सा, जौनपुर, एसआई राहुल दुबे निवासी कोतवाली देहात, मिर्जापुर, मुख्य आरक्षी कमलेश सिंह यादव निवासी थाना परिसर गाजीपुर, आरक्षी प्रशांत कुमार निवासी सैदपुर, गाजीपुर के खिलाफ 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है।
मीनाक्षी बोलीं, नियुक्ति से पहले हत्यारोपियों की गिरफ्तारी चाहिए
मनीष की पत्नी मीनाक्षी की केडीए में ओएसडी पद की नौकरी के लिए शासन की हरी झंडी मिल गई है। शासन ने गुरुवार को ही उनके घर पर नियुक्ति पत्र भेज दिया था। जल्द ही कागजी कार्रवाई पूरी कराने के बाद मीनाक्षी को नौकरी मिल जाएगी। नियुक्ति पत्र मिलने के बाद मीनाक्षी का कहना है कि नौकरी परिवार के लिए जरूरत है, लेकिन उनकी प्राथमिकता पति के हत्यारोपियों को सजा दिलाना है। जब तक हत्यारों की गिरफ्तारी नहीं हो जाती उनका संघर्ष जारी रहेगा। उनका कहना था कि मुझे नौकरी नहीं, पहले मेरे पति के हत्यारे पुलिस वालों की गिरफ्तारी चाहिए।