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कोठीपुरा खैर कटान मामले की सीएम के अतिरिक्त निजी सचिव ने मांगी रिपोर्ट
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कोठीपुरा खैर कटान मामले की सीएम के अतिरिक्त निजी सचिव ने मांगी रिपोर्ट
13 लोगों की हो चुकी है मामले में गिरफ्तारियां, अब कोर्ट में जाएगा मामला
वन विभाग के आरओ की शिकायत पर सदर पुलिस थाना में दर्ज हुआ था मामला
अमर उजाला ब्यूरो
बिलासपुर/बरमाणा। श्रीनयना देवी विधानसभा क्षेत्र के तहत आने वाले कोठीपुरा गांव में हुए अवैध खैर कटान का मामला अब मुख्यमंत्री के अतिरिक्त निजी सचिव संजय कुंडू के दरबार पहुंच गया है। कुंड ने बिलासपुर पुलिस अधीक्षक से इस मामले की सारी रिपोर्ट मांगी है। साथ ही इस मामले में क्या कार्रवाई की गई है और वर्तमान में इस मामले पर क्या जांच चल रही है, इसकी सारी रिपोर्ट मांगी है।
वहीं दूसरी ओर कोठीपुरा में बनने वाले एम्स की साइट पर 2016,17 व 18 में हुए अवैध खैर कटान मामले में पुलिस ने फाइल कोर्ट में जमा करवा दी है। अब कोर्ट के खुलते की मामला कोर्ट में विचाराधीन हो जाएगा। अवैध खैर कटान मामले में पुलिस ने 13 लोगों को गिरफ्तार किया था, जो सभी इस समय जमानत पर बाहर चल रहे हैं।
गौरतलब है कि एम्स परिसर क्षेत्र और पशु पालन विभाग के कैटल ब्रिडिंग फार्म के आसपास खैर कटान हुआ था। हालांकि यहां पर वन विभाग ने खैर ठेकेदारों को पेड़ काटने के लिए एनओसी दी थी लेकिन ज्यादा मुनाफा कमाने के चक्कर में ठेकेदारों ने तय संख्या से ज्यादा खैर के पेड़ काट दिए थे। इस बात का खुलासा तब हुआ था जब वन विभाग की टीम ने खैर ठेकेदारों के यहां छापेमारी की थी। वहां पर उन्हें भारी संख्या में खैर के कटे हुए पेड़ बरामद हुए थे। जिस जमीन पर खैर कटान हुआ था वह जमीन पशु पालन विभाग की थी। जबकि वन विभाग का कहना था कि उनका यहां पर कोई भी फोरेस्ट गार्ड परमानेंट ड्यूटी पर नहीं था जिस कारण यह खैर कटान हुआ।
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इसके बाद आरओ बिलासपुर ने सदर थाना में मामले को लेकर एफआईआर दर्ज करवाई जिसके बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। जांच में पुलिस ने पशु पालन विभाग के चौकीदार को भी गिरफ्तार किया। हालांकि बाद में जमानत हो गई लेकिन पूछताछ के आधार पर पुलिस ने सरकारी कर्मचारी के अलावा अन्य 13 स्थानीय लोगों को भी खैर कटान मामले में गिरफ्तार किया था जिन सभी से पूछताछ के बाद पुलिस ने मामले की फाइल तैयार की। एफआईआर में आरओ ने लिखवाया था कि स्थानीय लोगों ने यहां पर पेड़ काटे हैं जिसके लिए उन्होंने वन विभाग से अनुमति नहीं ली थी। जब छापेमारी की तब भी तय संख्या से ज्यादा पेड़ मिले।
एसपी बिलासपुर अशोक कुमार ने बताया कि कोठीपुरा में हुए अवैध खैर कटान मामले की फाइल कोर्ट में जमा करवा दी गई है। इसके अलावा सीएम के अतिरिक्त निजी सचिव संजय कुंड ने भी जानकारी मांगी थी जो उन्हें मुहैया करवा दी गई है।
इनसेट...
मामले को समाप्त करने के लिए बने थे राजनीति दबाव
कोठीपुरा में हुए इस अवैध खैर कटान मामले को रफादफा करने के लिए पुलिस और वन विभाग पर काफी राजनीतिक दबाव भी बना था लेकिन उसके बावजूद भी पुलिस ने जांच पूरी की और अब इसकी फाइल तैयार कर कोर्ट में जमा करवा दी है। अधिकारी बताते है कि सोमवार को केस कोर्ट में दायर हो जाएगा।
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...खेमराज शर्मा।
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13 लोगों की हो चुकी है मामले में गिरफ्तारियां, अब कोर्ट में जाएगा मामला
वन विभाग के आरओ की शिकायत पर सदर पुलिस थाना में दर्ज हुआ था मामला
अमर उजाला ब्यूरो
बिलासपुर/बरमाणा। श्रीनयना देवी विधानसभा क्षेत्र के तहत आने वाले कोठीपुरा गांव में हुए अवैध खैर कटान का मामला अब मुख्यमंत्री के अतिरिक्त निजी सचिव संजय कुंडू के दरबार पहुंच गया है। कुंड ने बिलासपुर पुलिस अधीक्षक से इस मामले की सारी रिपोर्ट मांगी है। साथ ही इस मामले में क्या कार्रवाई की गई है और वर्तमान में इस मामले पर क्या जांच चल रही है, इसकी सारी रिपोर्ट मांगी है।
वहीं दूसरी ओर कोठीपुरा में बनने वाले एम्स की साइट पर 2016,17 व 18 में हुए अवैध खैर कटान मामले में पुलिस ने फाइल कोर्ट में जमा करवा दी है। अब कोर्ट के खुलते की मामला कोर्ट में विचाराधीन हो जाएगा। अवैध खैर कटान मामले में पुलिस ने 13 लोगों को गिरफ्तार किया था, जो सभी इस समय जमानत पर बाहर चल रहे हैं।
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गौरतलब है कि एम्स परिसर क्षेत्र और पशु पालन विभाग के कैटल ब्रिडिंग फार्म के आसपास खैर कटान हुआ था। हालांकि यहां पर वन विभाग ने खैर ठेकेदारों को पेड़ काटने के लिए एनओसी दी थी लेकिन ज्यादा मुनाफा कमाने के चक्कर में ठेकेदारों ने तय संख्या से ज्यादा खैर के पेड़ काट दिए थे। इस बात का खुलासा तब हुआ था जब वन विभाग की टीम ने खैर ठेकेदारों के यहां छापेमारी की थी। वहां पर उन्हें भारी संख्या में खैर के कटे हुए पेड़ बरामद हुए थे। जिस जमीन पर खैर कटान हुआ था वह जमीन पशु पालन विभाग की थी। जबकि वन विभाग का कहना था कि उनका यहां पर कोई भी फोरेस्ट गार्ड परमानेंट ड्यूटी पर नहीं था जिस कारण यह खैर कटान हुआ।
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इसके बाद आरओ बिलासपुर ने सदर थाना में मामले को लेकर एफआईआर दर्ज करवाई जिसके बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। जांच में पुलिस ने पशु पालन विभाग के चौकीदार को भी गिरफ्तार किया। हालांकि बाद में जमानत हो गई लेकिन पूछताछ के आधार पर पुलिस ने सरकारी कर्मचारी के अलावा अन्य 13 स्थानीय लोगों को भी खैर कटान मामले में गिरफ्तार किया था जिन सभी से पूछताछ के बाद पुलिस ने मामले की फाइल तैयार की। एफआईआर में आरओ ने लिखवाया था कि स्थानीय लोगों ने यहां पर पेड़ काटे हैं जिसके लिए उन्होंने वन विभाग से अनुमति नहीं ली थी। जब छापेमारी की तब भी तय संख्या से ज्यादा पेड़ मिले।
एसपी बिलासपुर अशोक कुमार ने बताया कि कोठीपुरा में हुए अवैध खैर कटान मामले की फाइल कोर्ट में जमा करवा दी गई है। इसके अलावा सीएम के अतिरिक्त निजी सचिव संजय कुंड ने भी जानकारी मांगी थी जो उन्हें मुहैया करवा दी गई है।
इनसेट...
मामले को समाप्त करने के लिए बने थे राजनीति दबाव
कोठीपुरा में हुए इस अवैध खैर कटान मामले को रफादफा करने के लिए पुलिस और वन विभाग पर काफी राजनीतिक दबाव भी बना था लेकिन उसके बावजूद भी पुलिस ने जांच पूरी की और अब इसकी फाइल तैयार कर कोर्ट में जमा करवा दी है। अधिकारी बताते है कि सोमवार को केस कोर्ट में दायर हो जाएगा।
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...खेमराज शर्मा।