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स्टोन क्रेशर प्लांट को बंद कराने की मांग लेकर डीसी कार्यालय पहुंचे कालवा गांव के साधु
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स्टोन क्रशर प्लांट बंद कराने की मांग लेकर डीसी कार्यालय पहुंचे कालवा गांव के साधु
अमर उजाला ब्यूरो
पिल्लूखेड़ा। कालवा गुरुकुल के पास चल रहे एक निजी स्टोन क्रशर प्लांट से गुरुकुल में रहने वाले साधुओं को दिक्कत हो रही है। यहां से उठने वाले धूल के गुबार से लोगों को सांस लेने में दिक्कत हो रही है। इस समस्या से निजात पाने के लिए गांव के रहने वाले साधुओं ने डीसी दफ्तर पहुंचकर शिकायत दी है। उन्होंने कहा कि प्लांट के चलने पर पत्थर के टुकड़ों से बने विषैले धूल के गुबार की वजह से सांस लेना मुश्किल हो रही है। इससे गुरुकुल में रहने वाले साधुओं के साथ-साथ गांव के लोगों का भी सांस लेना मुश्किल हो गया है। कालवा गांव के साधुओं ने डीसी और सीएम विंडो पर शिकायत देकर प्लांट को बंद करवाने की मांग की है।
शिकायत में साधुओं ने कहा कि स्टोन क्रशर प्लांट कालवा गांव के गुरुकुल से केवल 200-300 मीटर की दूरी पर है। इस प्लांट के चलने से पत्थरों से निकलने वाले धुएं और धूल के गुबार आसपास छाया रहता है। इससे गुरुकुल में रहने वाले साधुओं का स्वास्थ्य लगातार बिगड़ रहा है। धुएं के गुबार के कारण् गोवंश बीमार होकर मर रहे हैं। वहीं रणधीर किसान ने कहा कि यदि ऐसा ही हाल रहा तो जमीन भी बंजर हो सकती है। कालवा गुरुकुल के साधुओं ने कहा कि यदि स्टोन क्रशर प्लांट पर रोक नहीं लगाई तो वह बड़ा आंदोलन करने पर मजबूर होंगे। डीसी ने मामले में उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया।
एनओसी ली हुई है
स्टोन क्रशर प्लांट को लेकर विभाग से एनओसी ली हुई है। धुएं को रोकने के लिए फिल्टर आदि भी लगाए गए हैं। दो दिन में पानी की पूरी व्यवस्था भी कर ली जाएगी।
विनेश, बिल्ड़िंग इंजीनियर।
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अमर उजाला ब्यूरो
पिल्लूखेड़ा। कालवा गुरुकुल के पास चल रहे एक निजी स्टोन क्रशर प्लांट से गुरुकुल में रहने वाले साधुओं को दिक्कत हो रही है। यहां से उठने वाले धूल के गुबार से लोगों को सांस लेने में दिक्कत हो रही है। इस समस्या से निजात पाने के लिए गांव के रहने वाले साधुओं ने डीसी दफ्तर पहुंचकर शिकायत दी है। उन्होंने कहा कि प्लांट के चलने पर पत्थर के टुकड़ों से बने विषैले धूल के गुबार की वजह से सांस लेना मुश्किल हो रही है। इससे गुरुकुल में रहने वाले साधुओं के साथ-साथ गांव के लोगों का भी सांस लेना मुश्किल हो गया है। कालवा गांव के साधुओं ने डीसी और सीएम विंडो पर शिकायत देकर प्लांट को बंद करवाने की मांग की है।
शिकायत में साधुओं ने कहा कि स्टोन क्रशर प्लांट कालवा गांव के गुरुकुल से केवल 200-300 मीटर की दूरी पर है। इस प्लांट के चलने से पत्थरों से निकलने वाले धुएं और धूल के गुबार आसपास छाया रहता है। इससे गुरुकुल में रहने वाले साधुओं का स्वास्थ्य लगातार बिगड़ रहा है। धुएं के गुबार के कारण् गोवंश बीमार होकर मर रहे हैं। वहीं रणधीर किसान ने कहा कि यदि ऐसा ही हाल रहा तो जमीन भी बंजर हो सकती है। कालवा गुरुकुल के साधुओं ने कहा कि यदि स्टोन क्रशर प्लांट पर रोक नहीं लगाई तो वह बड़ा आंदोलन करने पर मजबूर होंगे। डीसी ने मामले में उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया।
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एनओसी ली हुई है
स्टोन क्रशर प्लांट को लेकर विभाग से एनओसी ली हुई है। धुएं को रोकने के लिए फिल्टर आदि भी लगाए गए हैं। दो दिन में पानी की पूरी व्यवस्था भी कर ली जाएगी।
विनेश, बिल्ड़िंग इंजीनियर।