{"_id":"6ab018877aa78a05230f0089","slug":"22-lakh-fraud-in-the-name-of-sending-abroad-two-accused-arrested-hisar-news-c-21-hsr1005-955616-2026-09-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hisar News: विदेश भेजने के नाम पर 22 लाख की धोखाधड़ी, दो आरोपी गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hisar News: विदेश भेजने के नाम पर 22 लाख की धोखाधड़ी, दो आरोपी गिरफ्तार
विज्ञापन
हिसार। विदेश भेजने के नाम पर फर्जी अप्वाइंटमेंट लेटर देकर 22 लाख रुपये की धोखाधड़ी करने के मामले में आर्थिक अपराध शाखा हिसार ने दो आरोपियों को गुजरात की राजकोट जेल से प्रोडक्शन वारंट पर लाकर गिरफ्तार किया है। आरोपियों की पहचान सिलीगुड़ी वेस्ट निवासी अजय मोहपाल और नई दिल्ली निवासी विकास के रूप में हुई है।
दोनों को अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड लिया जाएगा। रिमांड के दौरान आरोपियों से धोखाधड़ी में इस्तेमाल दस्तावेज, 22 लाख रुपये के लेन-देन, विदेश भेजने के नाम पर बनाए गए नेटवर्क और मामले में शामिल अन्य लोगों के बारे में पूछताछ की जाएगी।
आर्थिक अपराध शाखा के जांच अधिकारी वेद प्रकाश ने बताया कि 12 जून 2025 को सेक्टर-15 निवासी दिनेश ने शिकायत दी थी कि विदेश भेजने के नाम पर फर्जी अप्वाइंटमेंट लेटर देकर उससे 22 लाख रुपये ठगे गए हैं। शिकायत के आधार पर सिविल लाइन थाना पुलिस ने नामजद आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी।
विज्ञापन
राजकोट जेल में बंद मिले आरोपी
जांच के दौरान सामने आया कि मामले में नामजद दोनों आरोपी वर्तमान में गुजरात की राजकोट जेल में बंद हैं। इसके बाद आर्थिक अपराध शाखा की टीम ने न्यायालय से अनुमति लेकर दोनों को प्रोडक्शन वारंट पर राजकोट जेल से हिसार लाकर गिरफ्तार किया। जांच अधिकारी के अनुसार दोनों आरोपी राजकोट जेल में भी इसी तरह के धोखाधड़ी के मामले में बंद थे।
बिना लाइसेंस कर रहे थे काम
जांच अधिकारी ने बताया कि दोनों के पास विदेश भेजने के काम का कोई लाइसेंस नहीं था। वे किसी अन्य फर्म के जरिये लोगों को विदेश भेजने का काम करते थे। शुरुआत में फर्म ने इनके माध्यम से लोगों को विदेश भिजवाया, लेकिन बाद में फर्म ने इनके साथ भी धोखाधड़ी कर दी। फर्म ने न तो इनके लोगों को विदेश भेजा और न ही उनके रुपये लौटाए।
विज्ञापन
दोनों को अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड लिया जाएगा। रिमांड के दौरान आरोपियों से धोखाधड़ी में इस्तेमाल दस्तावेज, 22 लाख रुपये के लेन-देन, विदेश भेजने के नाम पर बनाए गए नेटवर्क और मामले में शामिल अन्य लोगों के बारे में पूछताछ की जाएगी।
विज्ञापन
आर्थिक अपराध शाखा के जांच अधिकारी वेद प्रकाश ने बताया कि 12 जून 2025 को सेक्टर-15 निवासी दिनेश ने शिकायत दी थी कि विदेश भेजने के नाम पर फर्जी अप्वाइंटमेंट लेटर देकर उससे 22 लाख रुपये ठगे गए हैं। शिकायत के आधार पर सिविल लाइन थाना पुलिस ने नामजद आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी।
विज्ञापन
राजकोट जेल में बंद मिले आरोपी
जांच के दौरान सामने आया कि मामले में नामजद दोनों आरोपी वर्तमान में गुजरात की राजकोट जेल में बंद हैं। इसके बाद आर्थिक अपराध शाखा की टीम ने न्यायालय से अनुमति लेकर दोनों को प्रोडक्शन वारंट पर राजकोट जेल से हिसार लाकर गिरफ्तार किया। जांच अधिकारी के अनुसार दोनों आरोपी राजकोट जेल में भी इसी तरह के धोखाधड़ी के मामले में बंद थे।
बिना लाइसेंस कर रहे थे काम
जांच अधिकारी ने बताया कि दोनों के पास विदेश भेजने के काम का कोई लाइसेंस नहीं था। वे किसी अन्य फर्म के जरिये लोगों को विदेश भेजने का काम करते थे। शुरुआत में फर्म ने इनके माध्यम से लोगों को विदेश भिजवाया, लेकिन बाद में फर्म ने इनके साथ भी धोखाधड़ी कर दी। फर्म ने न तो इनके लोगों को विदेश भेजा और न ही उनके रुपये लौटाए।