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डेंगू का डंक....

Mon, 23 Oct 2017 12:43 AM IST
Updated Mon, 23 Oct 2017 12:43 AM IST
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डेंगू का डंक....
अमर उजाला ब्यूरो
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हिसार।
ऋषि नगर में डेंगू के सात रोगी मिलने से मोहल्लावासी भयभीत हैं। जिला मलेरिया अधिकारी कार्यालय में शनिवार को आई रिपोर्ट में आठ नए मरीजों को डेंगू की पुष्टि हुई थी। इनमें से सात अकेले ऋषि नगर के हैं। उधर, शहर के एक निजी अस्पताल में उपचाराधीन डाबड़ा के 65 वर्षीय ठंडूराम की बुखार से मौत हो गई। अर्बन एस्टेट रेजिडेंशियल वेलफेयर एसोसिएशन के प्रधान रामनिवास गोयल की पत्नी कौशल्या की पांच दिन पहले गुरुग्राम के एक अस्पताल में डेंगू से मौत हो गई थी। डेंगू फैलने से स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ गई है।
डाबड़ा गांव के ठंडूराम को बुखार हुआ था। उसके बाद परिजनों ने उनको शहर के एक निजी अस्पताल में दाखिल कराया था। वहां उनकी हालत में सुधार नहीं हुआ और तबीयत बिगड़ती गई। इस कारण शनिवार रात उनकी मौत हो गई। जिला मलेरिया विभाग के फील्ड वर्कर ग्राम पंचायतों से सहयोग से गांवों में फॉगिंग करते हैं। स्वास्थ्य विभाग बीमारी के आधार पर गांवों को चिह्नित करता है और फिर उनकी लिस्ट बनाकर संबंधित स्टाफ को सौंप देता है। अर्बन एस्टेट रेजिडेंशियल वेलफेयर एसोसिएशन के प्रधान रामनिवास गोयल की पत्नी कौशल्या की पांच दिन पहले डेंगू से मौत हो गई थी। अब गांव डाबड़ा में ठंडूराम की बुखार के चलते मौत होने से स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ गई है।
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ऋषि नगर में दो दिन में डेंगू के सात रोगी मिले
जिले में डेंगू रोगियों की संख्या 138 तक पहुंच गई है। जिला मलेरिया कार्यालय में शुक्रवार और शनिवार को 37 संदिग्ध सैंपल की जांच हुई। इनमें आठ रोगियों में डेंगू होने की पुष्टि हुई। इन डेंगू रोगियों में अकेले सात रोगी बस अड्डे से सटे ऋषि नगर के हैं।
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शहर में बस अड्डे से सटे ऋषि नगर में हर गली में बुखार फैला है। बुखार के मरीज वहां भारी संख्या में हैं। वहां के रहने वाले एक पत्रकार की पत्नी भी डेंगू आशंकित है। महिला को सिविल अस्पताल में दाखिल कराकर इलाज कराया। उसके सैंपल लिए गए हैं। बताया जाता है कि उसे कई दिन से बुखार है।
डेंगू : ऋषि नगर अति संवेदनशील, हर गली में बुखार के रोगी
शहर में बस स्टैंड के पास के ऋषि नगर में बुखार ने पूरे पांव पसार रखे हैं। शायद ही कोई गली ऐसी हो, जिसमें बुखार का कोई रोगी न हो। अमर उजाला की टीम ने रविवार को ऋषि नगर का दौरा किया तो यह बात सामने आई। लोकल बस अड्डे के पिछले दाएं कोने के पास के घरों में डेंगू के मरीज हैं। वहां के महेंद्र सिंह बिश्नोई ने बताया कि उसकी भांजी 20 वर्षीय टिंकू और भतीजी 21 वर्षीय सोनिया डेंगू से ग्रस्त हैं। टिंकू पॉलिटेक्निक की छात्रा है और सोनिया एफसी कॉलेज में बीए की छात्रा है। उनको चार दिन पहले बुखार हुआ था। पहले पड़ोस के एक क्लीनिक से दवा ली, लेकिन आराम नहीं हुआ। फिर उनको शहर के एक निजी अस्पताल में दाखिल कराया गया। वहां जांच में उनको डेंगू की पुष्टि हुई।
एक घर में डेंगू के तीन मरीज
महेंद्र के घर का गेट दो गलियों में है। उनके घर की पिछली गली आगे जाकर बंद हो जाती है। वहां आखिरी मकान में रहने वाले योगेश मित्तल के परिवार में डेंगू के तीन रोगी हैं। परिजनों ने बताया कि योगेश की पत्नी मंजू और 14 साल का बेटा माणिक डेंगू के चलते शहर के एक निजी अस्पताल में दाखिल हैं। साढे़ चार साल के छोटे बेटे हार्दिक को भी डेंगू है। उसका इलाज जारी है और वह घर पर ही है। इसके अलावा वहां के एक मकान में काफी किरायेदार हैं। उस मकान में रहने वाले संजय कुमार की पांचवीं कक्षा में पढ़ने वाली बेटी रेशू को डेंगू है। संजय कुमार ने बताया कि रेशू को 12 दिन पहले बुुखार हुआ था। उसी मकान में रहने वाली 16 वर्षीय कुमकुम को भी डेंगू है। दोनों लड़कियों को 12 दिन पहले बुखार हुआ था। पहले उनको मोहल्ले के एक क्लीनिक से दवा दिलाई गई। उनको आराम नहीं हुआ। फिर शहर के एक निजी अस्पताल में इलाज कराया तो जांच में दोनों को डेंगू की पुष्टि हुई। इसके अलावा उनके साथ लगते घर में रहने वाली 20 साल की लड़की मुकुल को भी डेंगू है।


शहर के एरिया में फॉगिंग कराना नगर निगम का काम है। अब चार दिन की सरकारी छुट्टी थी। वह सोमवार को निगम से स्टेटस रिपोर्ट लेंगी।
-डॉ. जया गोयल, जिला मलेरिया अधिकारी, हिसार

हां, ऋषि नगर में डेंगू फैलने की सूचना है। नगर निगम की टीम सोमवार को वहां जाकर फॉगिंग करेगी। ऋषि नगर के अलावा सूर्य नगर, शिव कॉलोनी और अन्य संवेदनशील जगहों पर फॉगिंग कराई जाएगी।
-अशोक बंसल, कमिश्नर नगर निगम।

हमारे गांव के ठंडूराम नामक बुजुर्ग की डेंगू के चलते मौत हुई है। बुजुर्ग चार दिन से एक निजी अस्पताल में उपचाराधीन था।
-सूर्यदीप, सरपंच गांव डाबड़ा

बुजुर्ग ठंडूराम की मौत डेंगू के कारण नहीं हुई है। उसकी मौत का कारण कुछ और है। हां उसे बुखार जरूर था। -डॉ. अजय सिंह, हिसार
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