दिल्ली: कुकर्म के बाद बच्चे की हत्या, शव सिग्नेचर ब्रिज से नीचे फेंका
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तर-पूर्वी दिल्ली के दयालपुर इलाके में दिल दहला देने वाली एक वारदात हुई है। पड़ोसी युवक ने 11 वर्षीय मासूम को अगवा कर उसके साथ कुकर्म किया। बच्चे की तबीयत बिगड़ी तो आरोपी ने भेद खुलने के डर से उसकी हत्या कर डाली। शव को एक कट्टे (बोरे) में डालकर सिग्नेचर ब्रिज के नीचे जंगल में फेंक दिया। करीब 11 दिन बाद इस सनसनीखेज वारदात से पर्दा उठ गया। पुलिस ने आरोपी दानिश उर्फ तन्नू (28) गिरफ्तार कर लिया। उसकी निशानदेही पर शनिवार शाम सड़ी-गली हालत में शव बरामद कर लिया गया।
पुलिस के मुताबिक, मूल रूप से उप्र के शाहजहांपुर निवासी शमीम (11) (बदला हुआ नाम) अपनी मां और दो भाई-बहनों के साथ नेहरू विहार के ई-ब्लॉक में रहता था। भाई-बहनों में शमीम सबसे छोटा था। उसका पिता शाहजहांपुर में राजमिस्त्री का काम करता है। बच्चों की पढ़ाई के लिए उसने दिल्ली में अपना परिवार रखा है।
शमीम पास के ही सरकारी स्कूल में पांचवीं कक्षा का छात्र था। 14 मई की सुबह वह घर के पास खेलते हुए लापता हो गया था। काफी तलाश के बाद भी वह नहीं मिला तो परिजनों ने 15 मई को दयालपुर थाने में अपहरण का मुकदमा दर्ज करा दिया। पुलिस और परिजन बच्चे की तलाश में जुटे रहे। इस दौरान पास में रहने वाला शमीम का चाचा भी भतीजे की तलाश कर रहा था। उसने आसपास मोहल्ले की सीसीटीवी फुटेज खंगाल डाली।
शनिवार को शमीम के चाचा ने भजनपुरा में एक दुकान के बाहर लगे सीसीटीवी फुटेज को देखा। उसे पता लगा कि 14 मई को शमीम पड़ोसी दानिश उर्फ तन्नू नामक युवक के साथ कहीं जा रहा है। इसके बाद उसने पुलिस को सूचना दे दी। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो वह टूट गया। उसने बताया कि वह बहला-फुसलाकर मासूम को सिग्नेचर ब्रिज ले गया था, जहां उसके साथ कुकर्म किया। इसके बाद बच्चे की हालत बिगड़ गई।
पकड़े जाने के डर से उसकी गला दबाकर हत्या कर दी। बाद में शव को एक कट्टे में डालकर वहीं पर फेंक दिया। पुलिस ने शनिवार शाम शव बरामद कर लिया। उधर, बच्चे की हत्या के बाद पूरा परिवार बेहाल है। उसकी मां बार-बार बेहोश हो रही थी। एक रिश्तेदार ने बताया कि शमीम का पिता शाहजहांपुर में राजमिस्त्री का काम करता है। वहीं से वह घर का खर्चा भेजता है। शमीम का चाचा घर के पास ही अपना रेस्तरां चलाता है। दूसरी ओर आरोपी दानिश का जिंदा मुर्गे सप्लाई करने का काम है। पुलिस उससे पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रही है।
परिवार ने खुद ही मासूम को ढूंढने में की मेहनत
शमीम के चाचा ने बताया कि भतीजे के गायब होने के बाद पूरा परिवार दिन-रात उसकी तलाश में जुटा था। 16 मई को उन्होंने उनकी गली के बाहर एक दुकान पर लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज चेक की। उसमें आरोपी दानिश शमीम के साथ दिख रहा था, लेकिन परिजनों को उस पर शक नहीं था। इसके बाद मोहल्ले के 50 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच की। इस दौरान दानिश पर संदेह हुआ तो पीड़ितों ने पुलिस को सूचना दी। आरोप है कि पुलिस ने मामले को हल्के में लिया। शनिवार को शमीम के चाचा को भजनपुरा में एक दुकान के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज मिली तो उनका शक यकीन में बदल गया। सूचना पर पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया। पूछताछ के बाद आरोपी ने घटना को अंजाम देना स्वीकार लिया।