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अकाली नेता के एनकाउंटर पर बवाल, एसआईटी करेगी जांच

Sun, 13 Sep 2015 05:56 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, अमृतसर(पंजाब)
ब्यूरो/अमर उजाला, अमृतसर(पंजाब) Updated Sun, 13 Sep 2015 05:56 PM IST
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sensational truth on akali leader encounter by police

एनकाउंटर में मारे गए वार्ड नंबर 16 के अकाली प्रधान मुखजीत सिंह उर्फ मुख्खा के मामले में पुलिस मुलाजिमों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर मंगलवार की रात तीन बजे तक धरना चला।

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रात तीन बजे मुख्खा का शव गुरुद्वारा श्री नानकसर में रख दिया गया। बुधवार सुबह अकालियों ने फिर से वल्ला जीटी रोड पर धरना देकर जाम लगा दिया। सरकार की ओर से मामले की जांच के लिए एसआईटी का गठन किए जाने की सूचना पर देर शाम धरना समाप्त कर दिया गया।
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मंगलवार को घटना के बारे में पता चलने पर मुख्खा के पिता सुल्तान सिंह, पत्नी हरजीत कौर, भतीजा युवराज सिंह, प्रीतपाल सिंह सहित गांव के लोग घटनास्थल पर पहुंच गए।  इसके बाद अकाली दल के जिला प्रधान उपकार सिंह संधू, डिप्टी मेयर अविनाश जौली और पार्षद मौके पर पहुंचे।
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आक्रोशित भीड़ ने शव सड़क पर रखकर पहले मूदल हाईवे रोड जाम कर दिया। इस पर पुलिस ने घटनास्थल के दोनों तरफ के रास्ते बंद कर ट्रैफिक डायवर्ट कर दिया गया।

इसके बाद अकाली रात 11 बजे शव ट्रैक्टर में रखकर कमिश्नर आवास के बाहर धरना देने के लिए चल पड़े। वरेका चौक के पास से पुलिस मुलाजिमों ने उन्हें आगे जाने के लिए रोक दिया। इस पर कमिश्नर आवास के बाहर भारी फोर्स तैनात कर दोनों तरफ नाका लगा दिया। साढ़े 11 बजे जब डीसीपी परमपाल सिंह धरनास्थल पर पहुंचे।

डीसीपी की जिला अकाली प्रधान उपकार सिंह संधू से बातचीत की। पुलिस प्रशासन अपने मुलाजिमों के खिलाफ मामला दर्ज न करने पर अड़ा रहा। साढ़े 12 बजे के करीब अकाली नेताओं व पुलिस के बीच बातचीत विफल हो गई। इसके बाद अकाली भड़क उठे व पुलिस की गाड़ियों को पलटा दिया।

इस बीच एसीपी अमनबीर सिंह बराड़, डीसीपी क्राइम जगजीत सिंह वालिया पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। घटना के बारे में पता चलने पर एसजीपीसी के सदस्य राजिंद्र सिंह मेहता पहुंचे। पुलिस प्रशासन व अकाली नेताओं के बीच फिर शुरू हुई बातचीत फेल हो गई। डीसीपी परमपाल सिंह ने कहाकि आईजी मित्तल से फोन पर बात हुई है। बुधवार को एसआईटी की टीम आएगी और घटना पर जांच करेगी। इस पर रात 3 बजे करीब धरना दे रहे लोगों ने शव गुरुद्वारा श्री नानकसर में रख दिया।

पुलिस ने मुखजीत पर 8 गोलियां दागी, मौके पर ही मौत

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सैकड़ों की संख्या में अकाली वर्करों ने बुधवार सुबह 9 बजे इकट्ठे होकर वल्ला जीटी रोड हाईवे जाम कर दिया। धरने पर बैठे एसजीपीसी के संयुक्त सचिव भाई राम सिंह ने बताया कि पुलिस की नाकामी के कारण अकाली दल के एक नेता की जान चली गई। अब पुलिस अपने आप को बचाने के लिए झूठी कहानियां बना रही। देर शाम धरना दे रहे लोगों को सरकार की ओर से मामले की जांच के लिए एसआईटी के गठन की जानकारी मिली।

इसके बाद जिला अकाली दल के प्रधान उपकार सिंह संधू ने मीडिया को बताया कि जब तक एसआईटी की जांच रिपोर्ट नहीं आ जाती तब तक कोई अकाली वर्कर धरना प्रदर्शन नहीं करेगा। उधर, पुलिस ने दोपहर बाद मुखजीत सिंह मुख्खा का शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया। पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने शव परिजनों के हवाले कर दिया।

मुख्खा पर हत्या के प्रयास का केस
डीसीपी परमपाल सिंह का कहना है कि मुखजीत की फायरिंग के बचाव में पुलिस ने गोलियां चलाईं। मुख्खा की फायरिंग में हेड कांस्टेबल राजेश कुमार घायल हुआ है। पुलिस ने मुख्खा के खिलाफ हत्या के प्रयास का मामला दर्ज किया है।

डीसीपी का कहना है कि उन्हें गुप्त सूचना मिली थी मूदल के पास एक आई 20 कार में मशहूर गैंगस्टर आ रहा है। उसे गिरफ्तार करने के लिए पुलिस की स्पेशल टीम ने उस पर ट्रैप लगा रखा था। करीब 7 बजे कार वहां पहुंची तो पुलिस मुलाजिमों ने उसे रोकने की कोशिश की।

इस पर उसने पुलिस मुलाजिमों पर पिस्तौल से फायरिंग शुरू कर दी। इसमें उनका एक हेड कांस्टेबल राजेश कुमार घायल हो गया। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने मुखजीत पर 8 गोलियां दागी। इससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।

घटनास्थल से सीसीटीवी के फुटेज निकलवाए
बुधवार को दोपहर साढ़े 12 बजे के करीब आईजी एके मित्तल घटनास्थल पर पहुंचे। वहां पर स्थित एनसीआर कंपनी के पास लगे सीसीटीवी के फुटेज निकलवाकर जांच के लिए लिया गया है ताकि इससे असलियत का पता चल सके।

‘मेरे पति की मौत की गुनहगार है पुलिस’
मुख्खा की पत्नी हरजीत कौर रो-रो कर बेहाल है। वह पुलिस प्रशासन पर आरोप लगा रही है कि उसके पति का क्या कसूर था जिसे गोली मार मौत के घाट उतार दिया। उसने बताया कि मंगलवार शाम साढ़े 6 बजे के करीब वह चाय पीकर भतीजी को लेने और यूथ अकाली दल के नए सदस्य भर्ती करने के लिए वोटर लिस्ट गाड़ी में रखकर घर से चले गए। रास्ते में पुलिस के ट्रैप लगाकर उन पर सरेआम गोलियां दाग दी जाती है।

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