फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मंडी:संधोल से शिमला-हरिद्वार के लिए सीधी बस की मांग, किसान सभा बोली- जनता को बदलनी पड़ रही तीन बसें

Ankesh Dogra Updated Mon, 31 Aug 2026 03:04 PM IST

संधोल और आसपास के क्षेत्रों के लोगों की परिवहन संबंधी दिक्कतों को लेकर हिमाचल किसान सभा गरौडु-गद्दिधार कमेटी ने आवाज उठाई है। गद्दिधार में आयोजित बैठक में संधोल से वाया कून, चोलगढ़, गद्दिधार, टिहरा और अवाहदेवी होते हुए चंडीगढ़ तथा हरिद्वार के लिए सीधी बस सेवा शुरू करने की मांग उठाई गई। इसके अलावा एम्स बिलासपुर के रास्ते शिमला के लिए भी सीधी बस चलाने की मांग की गई। बैठक की अध्यक्षता किसान सभा के खंड संयोजक भूपेंद्र सिंह ने की। बैठक में प्रस्ताव पारित कर निर्णय लिया गया कि इन मांगों को जल्द ही मुख्यमंत्री, परिवहन मंत्री और स्थानीय विधायक के समक्ष भेजा जाएगा। किसान सभा पदाधिकारियों ने कहा कि संधोल से टिहरा होकर हरिद्वार के लिए सीधी बस सुविधा नहीं है। धार्मिक कार्यों के लिए हरिद्वार जाने वाले लोगों को रास्ते में कई बार बस बदलनी पड़ती है। कई लोगों को मजबूरी में टैक्सी का सहारा लेना पड़ता है, जिससे यात्रा महंगी हो जाती है। इसी तरह बद्दी, नालागढ़ और चंडीगढ़ क्षेत्र में नौकरी करने वाले युवाओं और युवतियों के लिए भी सीधी बस सेवा नहीं होने से परेशानी होती है। सभा ने कहा कि शिमला और मंडी जैसे महत्वपूर्ण शहरों के लिए भी क्षेत्र से पर्याप्त सीधी परिवहन सुविधा उपलब्ध नहीं है। किसान सभा ने कहा कि लोगों को अपने ही खंड और उपमंडल मुख्यालय धर्मपुर पहुंचने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पहले चलने वाली कुछ बस सेवाएं भी बंद हो गई हैं। इसके अलावा बसों के बार-बार खराब होने और रूट फेल होने की शिकायतें भी सामने आ रही हैं। सभा का आरोप है कि धर्मपुर और सरकाघाट डिपो में पर्याप्त बसों की व्यवस्था नहीं होने के कारण यात्रियों को लगातार परेशान होना पड़ रहा है। इस समस्या का समाधान नहीं होने से स्थानीय लोगों में नाराजगी बढ़ रही है। बैठक में धर्मपुर एसडीएम कोर्ट में मामलों की सुनवाई के समय को लेकर भी चर्चा हुई। किसान सभा ने कहा कि वर्तमान में कई मामलों की सुनवाई दोपहर बाद करीब 2 बजे रखी जाती है। इसके चलते दूरदराज से आने वाले लोगों को शाम के समय घर लौटने में परेशानी होती है। सभा ने मांग की कि मामलों की सुनवाई का समय सुबह 11 बजे निर्धारित किया जाए, ताकि लोगों को समय पर अपने घर लौटने की सुविधा मिल सके। बैठक में गरौडु स्कूल को सीबीएसई बोर्ड के अधीन लाए जाने का स्वागत किया गया। हालांकि, सभा ने चिंता जताई कि स्कूल में अभी तक सभी विषयों के शिक्षक नियुक्त नहीं किए गए हैं। इससे विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। किसान सभा ने संबंधित विभाग से मांग की कि स्कूल में खाली पड़े शिक्षकों के पदों को जल्द भरा जाए, ताकि विद्यार्थियों की पढ़ाई सुचारू रूप से चल सके। बैठक में स्थानीय पेयजल योजनाओं की स्थिति पर भी चर्चा हुई। बमीनाल और बाग की पेयजल योजनाओं की मरम्मत करवाकर नियमित पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग की गई। इसके साथ ही क्षेत्र में सहकारी बैंक की शाखा खोलने, स्वास्थ्य केंद्र में महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता की नियुक्ति करने और किसानों-बागवानों के लिए जागरूकता एवं प्रशिक्षण शिविर आयोजित करने की मांग रखी गई। टिहरा में लंबे समय से खाली चल रहे कृषि प्रसार अधिकारी के पद को भी जल्द भरने की मांग की गई। किसान सभा ने संधोल जाने वाली सड़क की स्थिति सुधारने तथा इसे राष्ट्रीय राजमार्ग का दर्जा देने की मांग भी उठाई। इसके अलावा लाम्बर-बफाल, भद्रेड़, मझेड़, बाग और सधोटी की सड़कों के निर्माण कार्य को जल्द पूरा करने की मांग की गई। ग्रामीण क्षेत्रों में रसोई गैस सिलेंडरों की नियमित आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग भी बैठक में उठाई गई। सभा ने कहा कि सरकाघाट गैस एजेंसी से कई बार करीब दो महीने के अंतराल में गैस की सप्लाई हो रही है। इसे हर महीने नियमित किया जाना चाहिए। बैठक में निर्णय लिया गया कि पंचायत कमेटी के 10 प्रतिनिधि 5 सितंबर को सज्याओपीपलू के अंबेडकर भवन में आयोजित होने वाले सम्मेलन में हिस्सा लेंगे। बैठक के दौरान किसान सभा की पंचायत कमेटी का भी गठन किया गया। इसमें काश्मीर सिंह को प्रधान, दलेल सिंह को वरिष्ठ उपप्रधान, सूबेदार बलबीर चंदेल को उपप्रधान, नेक राम को सचिव, जय कुमार और प्रेम सिंह को सहसचिव तथा सूबेदार ईश्वर दास को कोषाध्यक्ष चुना गया। कमेटी सदस्य के रूप में जसपाल जस, गुरदेव, सतीश कुमार, रणजीत सिंह, इंद्रपाल, जयचंद, गुरदेव उर्फ चूहा, देशराज, तारा चंद, अमर सिंह राठौर, त्रिलोक चंद, मोहनलाल, रिंकू और सुरेश कुमार सहित अन्य को शामिल किया गया।

Latest

विज्ञापन

Recommended

विज्ञापन
Next
एप में पढ़ें