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श्री रामडोल शोभायात्रा में आस्था का सैलाब
Amroha
Updated Tue, 19 Aug 2014 05:30 AM IST
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अमरोहा। शहर में सोमवार को निकाली गई उत्तर भारत की प्रमुख शोभायात्रा ‘रामडोल’ में आस्था का सैलाब देखने को मिला। दूर-दराज से आए कलाकारों ने अपनी कला से सबको मोहित कर दिया। सुबह दस बजे रियासत वाले मंदिर से शुरू हुई शोभायात्रा शहर के प्रमुख मार्गों का भ्रमण करते हुए देर रात पनवाड़ी स्थित यादव मंदिर पर जाकर समाप्त हुई। इस दौरान शोभायात्रा का जगह-जगह स्वागत हुआ।
सुबह दस बजे महाआरती के बाद श्री धार्मिक रामडोल कमेटी की शोभायात्रा का शुभारंभ हुआ। सबसे आगे गजराज शोभायात्रा की अगुवाई कर रहे थे। इसके पीछे झांकियों और डोलों का काफिला था। स्थानीय के साथ दूर-दराज से आई झाकियों ने सबका मनमोह लिया। बैंडबाजों पर बज रही धार्मिक धुन से माहौल भक्तिमय हो गया। ढोल नगाड़ों की थाप पर लोग झूमने को मजबूर हो गए। शोभायात्रा कोट चौराहा, मुख्य बाजार, कोतवाली, बड़ा बाजार, अहमदनगर, तहसील, नौबत खाना होते हुए पनवाड़ी स्थित यादव मंदिर पर जाकर समाप्त हुई, जिसका जगह-जगह स्वागत किया गया। कहीं हलवा, तो कहीं पर शीतल पेय का इंतजाम था।
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सुबह दस बजे महाआरती के बाद श्री धार्मिक रामडोल कमेटी की शोभायात्रा का शुभारंभ हुआ। सबसे आगे गजराज शोभायात्रा की अगुवाई कर रहे थे। इसके पीछे झांकियों और डोलों का काफिला था। स्थानीय के साथ दूर-दराज से आई झाकियों ने सबका मनमोह लिया। बैंडबाजों पर बज रही धार्मिक धुन से माहौल भक्तिमय हो गया। ढोल नगाड़ों की थाप पर लोग झूमने को मजबूर हो गए। शोभायात्रा कोट चौराहा, मुख्य बाजार, कोतवाली, बड़ा बाजार, अहमदनगर, तहसील, नौबत खाना होते हुए पनवाड़ी स्थित यादव मंदिर पर जाकर समाप्त हुई, जिसका जगह-जगह स्वागत किया गया। कहीं हलवा, तो कहीं पर शीतल पेय का इंतजाम था।
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