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ग्रहों का संगम: 50 साल बाद बन रहा दुर्लभ संयोग, इन 6 राशियों के लिए शानदार होगा ये महीना; कुछ को होगी परेशानी
Sun, 03 Mar 2024 10:36 AM IST
प्रगति चंद
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
Published by: प्रगति चंद
Updated Sun, 03 Mar 2024 10:36 AM IST
सार
Rashifal March 2024 : 8 मार्च को चतुर्ग्रही योग बनेगा। इस योग में भारत का विश्व में वैभव बढ़ेगा। साथ ही मकर, मीन, वृषभ, कुंभ, कन्या और सिंह राशि के लोगों के लिए काफी फलदायी होगा। हालांकि कुछ राशियों के लोगों को मुश्किलों का सामना भी करना पड़ेगा।
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Rashifal 8 march
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
इस वर्ष 50 साल बाद दुर्लभ संयोग बन रहा है। कर्म फल के दाता कुंभ राशि में शनि, सूर्य, शुक्र और चंद्रमा रहेंगे। आठ मार्च को रात में 7:38 बजे इन सभी ग्रहों का संगम होगा। यह योग मकर, मीन, वृषभ, कुंभ, कन्या और सिंह राशि के लोगों के लिए काफी फलदायी होगा। कुछ राशियों के लोगों को मुश्किलों का सामना भी करना पड़ेगा। इससे पहले 1974 में ऐसा योग बना था।
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आचार्य दैवज्ञ कृष्ण शास्त्री और आचार्य शुभम मिश्र ने बताया कि इस साल चतुर्ग्रही योग बन रहा है। आठ मार्च ये चारों ग्रह एक राशि में होंगे। सवा दो दिन बाद चंद्रमा हट जाएंगे। इसके बाद त्रिग्रही योग बनेगा। तब कुंभ राशि में शनि, सूर्य और शुक्र रहेंगे। इसमें से 14 मार्च को रात में 3:12 बजे सूर्य की राशि परिवर्तन हो जाएगा और वह मीन राशि में चले जाएंगे। बाकी ग्रहों का योग लंबे समय तक रहेगा। इससे विश्व पटल पर भारत की प्रतिष्ठा बढ़ेगी। आर्थिक और राजनीतिक विस्तार होगा।
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फाल्गुन अमावस्या पर करें पितरों को तर्पण
फाल्गुन अमावस्या तिथि नौ मार्च को शाम 5:24 बजे से 10 मार्च को दोपहर 2:58 तक रहेगी। इस तिथि को श्रद्धालु स्नान, दान-पुण्य के साथ श्राद्ध करेंगे। आचार्य दैवज्ञ कृष्ण शास्त्री ने बताया कि फाल्गुनी अमावस्या तिथि पितरों के पूजा को समर्पित होती है। इस दिन शुभ कार्य से परहेज करना चाहिए। पवित्र नदी में स्नान कर पितृ तर्पण, पितृ पूजा, पिंडदान और ब्राह्मणों को भोजन आदि कराने से शुभ फल की प्राप्ति होती है।
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