{"_id":"5aad30f64f1c1b91778b5f76","slug":"power-workers-protest-against-privatization-in-varanasi","type":"story","status":"publish","title_hn":"निजीकरण के फैसले पर बिजलीकर्मी आंदोलित, एमडी कार्यालय पर किया प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
निजीकरण के फैसले पर बिजलीकर्मी आंदोलित, एमडी कार्यालय पर किया प्रदर्शन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
Updated Sat, 17 Mar 2018 08:45 PM IST
विज्ञापन
प्रदर्शन करते बिजलीकर्मी
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बनारस, लखनऊ, मेरठ, मुरादाबाद और गोरखपुर शहर की बिजली को निजी घरानों के हाथों देने के कैबिनेट के फैसले के विरोध में वाराणसी में विभाग के कर्मचारियों ने शनिवार को एमडी कार्यालय पहुंचकर प्रदर्शन किया।
विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले विरोध प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों ने दोपहर बाद एक विरोध मार्च निकाला और सरकार के इस फैसले को वापस लेने की मांग की।
कर्मचारियों ने कहा कि कैबिनेट के इस फैसले के विरोध में 19 मार्च से नियमित शाम को तीन बजे से पांच बजे तक एमडी कार्यालय पर विरोध-प्रदर्शन किया जाएगा, जबकि 27 मार्च को सभी जिलों में कार्य बहिष्कार होगा। प्रदेश सरकार को इस फैसले के बारे में एक बार फिर से विचार करना चाहिए।
विज्ञापन
इससे पहले भी आगरा और नोएडा में यह नियम लागू किया गया, जो असफल रहा। निजी कंपनियां सरकारी धन को लूटने में लगी हुई हैं। एक दाम में बिजली खरीदकर महंगे रेट पर बिजली बेची जा रही है। इससे जनता परेशान है।
वक्ताओं ने कहा कि जिस शहर में करोड़ों रुपये खर्च करके अंडर ग्राउंड बिजली के तार बिछाए गए हों, वहां पर निजी कंपनियों के हाथ में कमान सौंपना अनुचित है।
बनारस में बिजली के तारों के अंडर ग्राउंड होने के चलते 24 घंटे लगातार आपूर्र्ति और लाइन लॉस लगातार घट रहा है। इस मौके पर बड़ी संख्या में विभाग के कर्मचारी उपस्थित रहे।
विज्ञापन
विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले विरोध प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों ने दोपहर बाद एक विरोध मार्च निकाला और सरकार के इस फैसले को वापस लेने की मांग की।
विज्ञापन
कर्मचारियों ने कहा कि कैबिनेट के इस फैसले के विरोध में 19 मार्च से नियमित शाम को तीन बजे से पांच बजे तक एमडी कार्यालय पर विरोध-प्रदर्शन किया जाएगा, जबकि 27 मार्च को सभी जिलों में कार्य बहिष्कार होगा। प्रदेश सरकार को इस फैसले के बारे में एक बार फिर से विचार करना चाहिए।
विज्ञापन
इससे पहले भी आगरा और नोएडा में यह नियम लागू किया गया, जो असफल रहा। निजी कंपनियां सरकारी धन को लूटने में लगी हुई हैं। एक दाम में बिजली खरीदकर महंगे रेट पर बिजली बेची जा रही है। इससे जनता परेशान है।
वक्ताओं ने कहा कि जिस शहर में करोड़ों रुपये खर्च करके अंडर ग्राउंड बिजली के तार बिछाए गए हों, वहां पर निजी कंपनियों के हाथ में कमान सौंपना अनुचित है।
बनारस में बिजली के तारों के अंडर ग्राउंड होने के चलते 24 घंटे लगातार आपूर्र्ति और लाइन लॉस लगातार घट रहा है। इस मौके पर बड़ी संख्या में विभाग के कर्मचारी उपस्थित रहे।