फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   Mahashivratri 2024 Shiva will be worshiped in three Siddha Yogas after 72 years

Mahashivratri 2024: 72 साल बाद तीन सिद्ध योग में होगी शिव की आराधना, आठ मार्च को शिवालयों में होगा पूजन

Wed, 28 Feb 2024 05:53 PM IST
प्रगति चंद अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी। Published by: प्रगति चंद Updated Wed, 28 Feb 2024 05:53 PM IST
सार

Mahashivratri 2024 : इस बार महाशिवरात्रि पर खास योग में भगवान शिव की आराधना की जाएगी। फाल्गुन माह के कृष्णपक्ष की चतुर्दशी तिथि पर शिवयोग, सिद्ध योग और चतुर्ग्रही योग बन रहा है। मां लक्ष्मी को समर्पित शुक्र प्रदोष व्रत का भी संयोग बना है।

विज्ञापन
Mahashivratri 2024 Shiva will be worshiped in three Siddha Yogas after 72 years
MahaShivratri - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

संपूर्ण ब्रह्मांड के पालनहार, सर्वसिद्धि के दाता और अकाल मृत्यु के हर्ता भगवान शिव की आराधना का महापर्व महाशिवरात्रि आठ मार्च को मनाया जाएगा। इस बार महाशिवरात्रि पर 72 साल बाद अद्भुत संयोग बन रहा है। शिवयोग, सिद्ध योग और चतुर्ग्रही योग बन रहा है। साथ ही इस दिन शुक्र प्रदोष व्रत भी पड़ रहा है जो मां मां लक्ष्मी को समर्पित है। इस महासंयोग में भगवान शिव की पूजा और आराधना काफी फलदायी होगा।

विज्ञापन


पंचांगों के अनुसार फाल्गुन माह के कृष्णपक्ष की चतुर्दशी तिथि आठ मार्च को है। महाशिवरात्रि पर व्रत रखा जाएगा। ज्योतिषविद विमल जैन और आचार्य दैवज्ञ कृष्ण शास्त्री ने बताया कि शास्त्रों में साल में 11 मास शिवरात्रि होती है। लेकिन, फाल्गुन कृष्णपक्ष की चतुर्थी तिथि की शिवरात्रि महाशिवरात्रि के नाम से जानी जाती है। इस दिन निशा बेला में भगवान शिव ज्योतिर्लिंग रूप में अवतरित हुए थे।
विज्ञापन


वहीं, प्रजापति राजा दक्ष की कन्या माता सती का विवाह भी भगवान शिव से हुआ था। इस दिन महादेव की तपस्या और पूजा से कठिन कार्य भी सरल हो जाते हैं। हर तरह के ग्रह आदि बाधाओं से भी मुक्ति मिलती है। आचार्य दैवज्ञ कृष्ण शास्त्री ने बताया कि 72 साल बाद तीन योग बन रहे हैं और शुक्र प्रदोष व्रत पड़ा है।

विज्ञापन
विज्ञापन

पुत्र की प्राप्ति के लिए दूध से करें अभिषेक

Mahashivratri 2024 Shiva will be worshiped in three Siddha Yogas after 72 years
MahaShivratri 2024 - फोटो : अमर उजाला
महाशिवरात्रि पर भगवान शिव की विविध नैवेद्यों से पूजा होती है। जिन्हें राशि का ज्ञान नहीं है, वह अपनी कामना के अनुसार रुद्राभिषेक करा सकते हैं। दूध से अभिषेक कराने पर पुत्र की, गन्ने से यश की, मधु से लक्ष्मी की, तीर्थ जल से मोक्ष की प्राप्ति की प्राप्ति होती है। जल से अभिषेक करने पर ज्वर आदि रोगों से शांति मिलती है।

चार प्रहर में विशेष पूजा
प्रथम प्रहर में भगवान शिव को दूध से अभिषेक, द्वितीय में दही से अभिषेक, तृतीय में शुद्ध देशी घी से अभिषेक और चतुर्थ प्रहर में शहद से अभिषेक किया जाएगा। शिव स्तुति, शिव सहस्रनाम, शिव तांडव स्तोत्र, शिव चालीसा, रुद्राष्टक, शिवपुराण आदि का पाठ करना चाहिए।

राशि के अनुसार करें पूजन

Mahashivratri 2024 Shiva will be worshiped in three Siddha Yogas after 72 years
Mahashivratri 2024 - फोटो : अमर उजाला
  • मेष: देशी गाय के कच्चे दूध में शहद मिलाकर अभिषेक करें।
  • वृष: दही से अभिषेक। सफेद पुष्प, फल और वस्त्र चढ़ाएं।
  • मिथुन: गन्ने के रस से रुद्राभिषेक। धतूरा, हरा पुष्प, भांग व हरा फल चढ़ाएं।
  • कर्क: दूध में शक्कर मिलाकर रुद्राभिषेक। सफेद वस्त्र, मिष्ठान्न व मदार का पुष्प चढ़ाएं।
  • सिंह: मधु या तीर्थ मिश्रित गुड़ से अभिषेक। लाल पुष्प, वस्त्र और रोली अर्पित करें।
  • कन्या: गन्ने के रस से अभिषेक। भांग, धतूरा, मंदार का पत्र व पुष्प चढ़ाएं।
  • तुला: मधु से रुद्राभिषेक। भाग, मंदार पुष्प और सफेद वस्त्र चढ़ाएं।
  • वृश्चिक: शहदयुक्त तीर्थजल से रुद्राभिषेक। लाल पुष्प, फल और मिष्ठान चढ़ाएं।
  • धनु: गाय के दूध में केसर मिलाकर रुद्राभिषेक। पीला वस्त्र, फल, भांग व धतूरा चढ़ाएं।
  • मकर: गंगाजल या शमी के रस से रुद्राभिषेक। शमी पत्र, भांग, धतूरा चढ़ाएं।
  • कुंभ: दूर्वा या शमी के रस से रुद्राभिषेक। दूर्वा, शमी, मंदार पुष्प चढ़ाएं।
  • मीन: केसर मिश्रित दूध से अभिषेक। हल्दी, केला और पीला पुष्प, फल व मिष्ठान चढ़ाएं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed