वाराणसी: लाइट मेट्रो का फिर से बनेगा डीपीआर, सर्वे पर सरकार की रहेगी नजर
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वाराणसी में सुगम यातायात के लिए बनाए जा रहे लाइट मेट्रो परियोजना का डीपीआर फिर से तैयार किया जाएगा। इसमें रूट के साथ संभावित खर्च और यात्रियों की संभावनाओं के साथ विस्तृत रिपोर्ट विकास प्राधिकरण तैयार करेगा। यह पूरी कार्ययोजना शासन की निगरानी में बनेगी। रूट आदि फाइनल होने के बाद राइट्स की टीम फिजिबिलिटी रिपोर्ट देगी। बुधवार को प्रमुख सचिव शहरी आवास मनोज कुमार ने लाइट मेट्रो परियोजना की संभावनाओं पर स्थानीय अधिकारियों के साथ वर्चुअल बैठक की।
बजट में टियर-2 शहरों में लाइट मेट्रो के प्रावधान के बाद वाराणसी में लाइट मेट्रो की संभावनाएं बलवती हो रही हैं। पहले चरण में प्रस्तावित तरना से लंका के बीच लाइट मेट्रो के रूट पर बुधवार को चर्चा हुई। स्थानीय अधिकारियों ने बताया कि इस रूट पर सर्वाधिक यात्रियों की संभावना है। प्रमुख सचिव ने कैंट से गोदौलिया रूट और तरना से कैंट रूट को भी सर्वे में शामिल करने का सुझाव दिया।
वाराणसी में कई स्तर पर मेट्रो और लाइट मेट्रो के सर्वे कराए गए हैं। ऐसे में उसी आधार पर एक्सपर्ट की मदद से नए सिरे से डीपीआर तैयार कराया जाए। यहां बता दें कि इसी सप्ताह दो दिवसीय दौरे पर वाराणसी आए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लाइट मेट्रो के प्रस्ताव पर काम करने का निर्देश दिया था। उन्होंने कहा था कि शासन के माध्यम से इस परियोजना को केंद्र सरकार से मंजूर कराने का प्रयास किया जाएगा।
प्रदेश सरकार बजट में कर सकती है प्रावधान
बैठक में बताया गया कि आगामी दिनों में प्रदेश सरकार के बजट में भी लाइट मेट्रो के संचालन के लिए बजट का प्रावधान किया जा सकता है। ऐसे में विकास प्राधिकरण अपनी तैयारी करें और इस परियोजना को धरातल पर उतारने के लिए एक्सपर्ट की टीम के साथ काम करना शुरू करें।