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देवोत्थान एकादशीः घर-घर हुआ तुलसी विवाह, गन्ने की नई फसल का हुआ पूजन

Wed, 25 Nov 2020 02:23 PM IST
गीतार्जुन गौतम अमर उजाला नेटवर्क, भदोही
अमर उजाला नेटवर्क, भदोही Published by: गीतार्जुन गौतम Updated Wed, 25 Nov 2020 02:23 PM IST
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Devotthan Ekadashi: Tulsi marriage took place from house to house new sugarcane crop was worshiped
देवोत्थान पर बाजार में चहल-पहल। - फोटो : अमर उजाला

भदोही जिले में भगवान विष्णु के तुलसी को शिरोधार्य करने के प्रतीक पर्व देवोत्थान एकादशी पर बुधवार को कालीन नगरी में भक्ति की बयार बही। घर-घर तुलसी विवाह के विधान की धूम मची और गन्ने की नई फसल का पूजन कर सुख-समृद्धि के लिए प्रकृति की देवी का आह्वान किया गया। बड़ी तादाद में श्रद्धालुओं ने एकादशी का व्रत रखकर दान-पुण्य किया।

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कार्तिक मास शुक्ल पक्ष की एकादशी को मनाई जाने वाली देवोत्थान एकादशी को हरि प्रबोधिनी एकादशी अथवा कार्तिकी भी कहा जाता है। मान्यता है कि इस दिन भगवान विष्णु ने तुलसी को पत्नी रूप में स्वीकार किया था। यही वजह है कि सनातनी परंपरा में प्रत्येक वर्ष इस दिन तुलसी-शालीग्राम विवाह का आयोजन किया जाता है।
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घर-घर महिलाएं तुलसी विवाह करती हैं। भदोही जिले में बुधवार को महिला श्रद्धालुओं ने धूमधाम से तुलसी विवाह किया। गन्ना, चावल और सूखी लाल मिर्च के साथ भगवान विष्णु का तुलसी से विवाह कराया गया। इसके बाद उक्त सामग्री और अन्य वस्तुओं का ब्राह्मणों में दान किया गया। कई श्रद्धालु पूजा के लिए मंदिरों में पहुंचे।

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ज्ञानपुर नगर के बीच में स्थित हरिहरनाथ धाम पर दिनभर दर्शन-पूजन का दौर चला। महिला श्रद्धालुओं ने शाम को मंदिर परिसर में तुलसी विवाह कर दी जलाए। हालांकि कोरोना संक्रमण के कारण ज्यादातर श्रद्धालुओं ने घर पर ही तुलसी विवाह किया।

इसके बाद प्रसाद वितरण किया गया, फिर किसानों ने गन्ने की नई फसल का पूजन किया। तमाम किसान इसी दिन से गन्ने की नई फसल का सेवन शुरू करते हैं। गन्ने का पूजन सुबह से लेकर शाम पांच बजे तक किया गया। ज्योतिषियों के मुताबिक शाम 5.21 बजे के बाद भद्रा शुरू हो रहा था।

डुहियां (भावसिंहपुर) गांव के आचार्य पं. दीनानाथ शुक्ल ने बताया कि प्रबोधिनी एकादशी के दिन गन्ने का पूजन कर सेवन करना चाहिए। इससे सुख-समृद्धि प्राप्त होती है। कहा कि इसी दिन से तुलसी विवाहोत्सव आरंभ होकर कार्तिक पूर्णिमा तक चलता है। इस बार कार्तिक पूर्णिमा 30 नवंबर को पड़ेगी। दूसरी ओर बाजार में भी दिनभर खरीदारी हुई।

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