मां विंध्यवासिनी के दर्शन-पूजन के लिए भक्तों को और करना पड़ेगा इंतजार, कल पंडा समाज संग अधिकारी के बाद होगा फैसला
- सही समय, शुभ मुहूर्त में विंध्याचल मंदिर के खुलेंगे पट।
- मुख्यमंत्री की गाइडलाइन जिलाधिकारी के माध्यम से मिलने के बाद उसी अनुरूप मंदिर के पट खोले जाएंगे।
- सामाजिक दूरी के साथ भक्त कर सकेंगे दर्शन, मंदिर प्रांगण को कराया जाएगा सैनिटाइज।
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दो महीने से अधिक चले लॉकडाउन के बाद आठ जून से मंदिरों को खोले जाने की तैयारी शुरू हो गई है। इसके बावजूद श्री विंध्य पंडा समाज आम दर्शनार्थियों के लिए मां विंध्यवासिनी मंदिर खोलने को लेकर सहमत नहीं है। पदाधिकारी व सदस्यों का कहना है कि जब तक जिला प्रशासन द्वारा मंदिरों के बाहर लगने वाली भीड़ को नियंत्रित करने व सोशल डिस्टेंसिंग का अनुपालन सुनिश्चित कराने का आश्वासन नहीं दिया जाता तब तक मंदिरों को पूरी तरह से खोला जाना असंभव है। यह निर्णय रविवार को मां विंध्यवासिनी मंदिर की छत पर हुई बैठक के दौरान लिया गया।
श्री विंध्य पंडा समाज के मंत्री भानु पाठक ने कहा कि मां विंध्यवासिनी मंदिर के गर्भगृह में सिर्फ दो पुरोहित यानी दोनो गेट पर एक-एक पुरोहित बैठेंगे। विंध्यवासिनी मंदिर खोले जाने की तैयारी को लेकर जिला प्रशासन की ओर से विंध्याचल स्थित प्रशासनिक भवन पर आठ जून को श्रीविंध्य पंडा समाज के साथ बैठक की जाएगी। इस दौरान सभी लोग अपने-अपने सुझाव भी रखेंगे।