Kashi Vishwanath: विश्वनाथ मंदिर में 3.50 लाख भक्तों ने किए दर्शन, भोग आरती में बाबा को चढ़ा कंबल; हुए दर्शन
Varanasi News: नए साल के दूसरे दिन भी बाबा विश्वनाथ के धाम में भक्तों का सैलाब उमड़ा रहा। सभी गेट से होकर भक्तों को गर्भगृह तक पहुंचने में काफी समय लगा। मंदिर के चारों तरफ सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त रही।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
Kashi Vishwanath Temple: नए साल के दूसरे दिन बाबा विश्वनाथ धाम में 3.50 लाख से ज्यादा श्रद्धालुओं ने दर्शन किए। कतारबद्ध श्रद्धालुओं को गेट नंबर चार से गर्भगृह के बाहर झांकी दर्शन में करीब डेढ़ घंटे का समय लगा। दोपहर की धूप में श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ी और लाइनें मंदिर के बाहर तक पहुंच गईं। दोपहर की भोग आरती में बाबा विश्वनाथ को मध्याह्न भोग आरती के दौरान कंबल भी अर्पित किया गया। इस दौरान विश्वनाथ द्वार, गेट संख्या 4 से लेकर गंगा द्वार तक कई कतारें लगी रहीं।
दशाश्वमेध और ललिता घाट पर गंगा स्नान कर श्रद्धालु मंदिर पहुंचे और शुरू से अंत तक बैरिकेडिंग में ही होते हुए दर्शन के लिए अपनी बारी का इंतजार करते रहे। वहीं, माघ मेले के स्नान के बाद अब बाबा विश्वनाथ मंदिर में श्रद्धालुओं की संख्या में डेढ़ गुना तक बढ़ोतरी हो सकती है।
शनिवार से शुरू हो रहे माघ मेले के मद्देनजर बाबा विश्वनाथ मंदिर में भक्तों की संख्या बढ़ सकती है। इस पर मंदिर ट्रस्ट के सीईओ विश्वभूषण मिश्र ने बताया कि तैयारियां पूरी हैं। आज तक वीआईपी स्पर्श दर्शन पर रोक है लेकिन माघ स्नान की भीड़ बढ़ी तो इसे आगे भी जारी रखा जा सकता है।
घंटे भर के इंतजार से भी नहीं हुई थकान
शुक्रवार को विश्वनाथ मंदिर में जलाभिषेक के बाद पंजाब से आईं छात्रा सुखविंद्र ने बताया उनको दर्शन करने में एक घंटे का समय लगा, लेकिन ज्योतिर्लिंग के दर्शन पाते ही उनके मन की सारी चिंता और थकान दूर सी हो गई। बिहार से आए दर्शनार्थी आशुतोष ने कहा कि उनको गेट नंबर चार से गर्भगृह के गेट तक पहुंचने में दो घंटे का समय लग गया। बाबा विश्वनाथ के शिवलिंग पर जल चढ़ाकर उन्हें प्रसाद भी दिया। ऐसे दर्शन पाकर मन आह्लादित है। भोपाल से आए अनिकेत ने कहा कि इस बार दर्शन-पूजन की व्यवस्था अच्छी लगी।