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डीआईओए दफ्तर का बाबू गिरफ्तार-BALLIA
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बलिया। एंटी करप्शन टीम ने बुधवार को डीआईओएस कार्यालय के एक वरिष्ठ लिपिक को चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी से दो हजार रुपये घूस लेते रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। आरोपी पर कोतवाली में भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कराया गया।
मनियर ब्लॉक के रिगवन गांव निवासी राजेश कुमार पांडेय इंटर कॉलेज ताजपुर मुडि़यारी में चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारी हैं। उन्होंने जीपीएफ से ढाई लाख रुपये निकालने के लिए जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय में आवेदन किया था। जिला विद्यालय निरीक्षक ने आवेदन संयुक्त शिक्षा निदेशक, आजमगढ़ को भेज दिया। संयुक्त शिक्षा निदेशक ने स्वीकृति देते हुए पत्रावली जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय भेज दी। इसके बावजूद पटल प्रभारी और वरिष्ठ लिपिक खड़ग बहादुर खरवार ने कोई कार्रवाई नहीं की। राजेश कुमार के अनुसार, वरिष्ठ लिपिक इस काम के लिए 10 हजार रुपये मांगने लगे। काफी प्रयास के बाद वह दो हजार रुपये लेकर काम करने को तैयार हुए। इसके बाद राजेश कुमार ने वाराणसी में एंटी करप्शन कार्यालय में इसकी शिकायत की। टीम ने कार्रवाई के लिए आठ मई की तिथि तय की। एंटी करप्शन टीम के इंस्पेक्टर सुरेंद्र नाथ दुबे ने बताया कि टीम के सदस्य सादे वेश में डीआईओएस कार्यालय पहुंचे और पाउडर लगे दो हजार रुपये राजेश कुमार को दिए। राजेश ने ज्यों ही ये रुपये वरिष्ठ लिपिक को दिए, उसे गिरफ्तार कर लिया गया। इसके बाद टीम आरोपी को लेकर कोतवाली पहुंची और उसके खिलाफ भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कराया।
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मनियर ब्लॉक के रिगवन गांव निवासी राजेश कुमार पांडेय इंटर कॉलेज ताजपुर मुडि़यारी में चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारी हैं। उन्होंने जीपीएफ से ढाई लाख रुपये निकालने के लिए जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय में आवेदन किया था। जिला विद्यालय निरीक्षक ने आवेदन संयुक्त शिक्षा निदेशक, आजमगढ़ को भेज दिया। संयुक्त शिक्षा निदेशक ने स्वीकृति देते हुए पत्रावली जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय भेज दी। इसके बावजूद पटल प्रभारी और वरिष्ठ लिपिक खड़ग बहादुर खरवार ने कोई कार्रवाई नहीं की। राजेश कुमार के अनुसार, वरिष्ठ लिपिक इस काम के लिए 10 हजार रुपये मांगने लगे। काफी प्रयास के बाद वह दो हजार रुपये लेकर काम करने को तैयार हुए। इसके बाद राजेश कुमार ने वाराणसी में एंटी करप्शन कार्यालय में इसकी शिकायत की। टीम ने कार्रवाई के लिए आठ मई की तिथि तय की। एंटी करप्शन टीम के इंस्पेक्टर सुरेंद्र नाथ दुबे ने बताया कि टीम के सदस्य सादे वेश में डीआईओएस कार्यालय पहुंचे और पाउडर लगे दो हजार रुपये राजेश कुमार को दिए। राजेश ने ज्यों ही ये रुपये वरिष्ठ लिपिक को दिए, उसे गिरफ्तार कर लिया गया। इसके बाद टीम आरोपी को लेकर कोतवाली पहुंची और उसके खिलाफ भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कराया।
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