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किसानों के प्रति निष्ठुर है प्रदेश सरकार-योगेंद्र
अमर उजाला ब्यूरो उन्नाव
Updated Tue, 13 Oct 2015 12:50 AM IST
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आम आदमी पार्टी (आप) के पूर्व नेता योगेंद्र यादव सोमवार को ‘किसान संवेदना यात्रा’ के साथ विकासखंड के पाही गांव पहुंचेे। गांव में चौपाल लगाकर लोगों की समस्याएं सुनीं। बाद में पत्रकारों से बातचीत के दौरान प्रदेश सरकार पर कड़े प्रहार किए।
योगेंद्र यादव ने कहा कि किसानों के प्रति प्रदेश सरकार की निष्ठुरता साफ दिख रही है। सरकार प्रदेश को सूखा प्रभावित तो मानती है, लेकिन किसानों की अनदेखी करती हैं। उन्होंने कहा कि सूखे जैसी आपदा किसी सरकार को दिखाई नहीं दे रही है।
मराठवाड़ा में सूखे का प्रभाव मात्र 40 प्रतिशत है, लेकिन नाना पाटेकर जैसे सेलीब्रेटी के कारण यह कुछ अधिक चर्चा में आ गया। यूपी के बुंदेलखंड में सूखे का प्रभाव 45 प्रतिशत है। योगेंद्र यादव ने कहा कि किसी भी राज्य की सरकार किसानों के प्रति इतने निष्ठुर नहीं है, जितनी उत्तर प्रदेश की सरकार है।
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योगेंद्र यादव ने गांव में चौपाल लगाकर अतिवृष्टि, ओलावृष्टि और सूखे से फसलों को हुए नुकसान के विषय में किसानों से बातचीत की। इस दौरान किसानों ने बताया कि गेहूं की पूर्व में हुई ओलावृष्टि से फसल पूरी तरह से नष्ट हो गई थी लेकिन सरकार ने अभी तक कोई मुआवजा नहीं दिया।
यही नहीं जिन गांवों के किसानों को मुआवजा दिया गया, उसमें ज्यादातर अपात्र लाभान्वित हो गए। किसानों ने बताया कि इस वर्ष सूखे के कारण धान की फसल चौपट हो गई। सरकार न तो नहर में पानी दे सकी और ना ही पर्याप्त बिजली दे पा रही है।
फसल का बीमा कराने के सवाल पर एक किसान ने बताया कि बीमा तो कराया था पर बैंक ने बीमा की किस्त खाते से काटने के बाद भी क्लेम नहीं दिया। इस दौरान उनके साथ कोलकाता से अविक साहा, महाराष्ट्र से प्रत्यूष, बिहार से आमोल, उप्र से अर्चना श्रीवास्तव, अनमोल, पूर्व जिला पंचायत प्रतिनिधि विवेक पटेल आदि मौजूद रहे।
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योगेंद्र यादव ने कहा कि किसानों के प्रति प्रदेश सरकार की निष्ठुरता साफ दिख रही है। सरकार प्रदेश को सूखा प्रभावित तो मानती है, लेकिन किसानों की अनदेखी करती हैं। उन्होंने कहा कि सूखे जैसी आपदा किसी सरकार को दिखाई नहीं दे रही है।
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मराठवाड़ा में सूखे का प्रभाव मात्र 40 प्रतिशत है, लेकिन नाना पाटेकर जैसे सेलीब्रेटी के कारण यह कुछ अधिक चर्चा में आ गया। यूपी के बुंदेलखंड में सूखे का प्रभाव 45 प्रतिशत है। योगेंद्र यादव ने कहा कि किसी भी राज्य की सरकार किसानों के प्रति इतने निष्ठुर नहीं है, जितनी उत्तर प्रदेश की सरकार है।
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योगेंद्र यादव ने गांव में चौपाल लगाकर अतिवृष्टि, ओलावृष्टि और सूखे से फसलों को हुए नुकसान के विषय में किसानों से बातचीत की। इस दौरान किसानों ने बताया कि गेहूं की पूर्व में हुई ओलावृष्टि से फसल पूरी तरह से नष्ट हो गई थी लेकिन सरकार ने अभी तक कोई मुआवजा नहीं दिया।
यही नहीं जिन गांवों के किसानों को मुआवजा दिया गया, उसमें ज्यादातर अपात्र लाभान्वित हो गए। किसानों ने बताया कि इस वर्ष सूखे के कारण धान की फसल चौपट हो गई। सरकार न तो नहर में पानी दे सकी और ना ही पर्याप्त बिजली दे पा रही है।
फसल का बीमा कराने के सवाल पर एक किसान ने बताया कि बीमा तो कराया था पर बैंक ने बीमा की किस्त खाते से काटने के बाद भी क्लेम नहीं दिया। इस दौरान उनके साथ कोलकाता से अविक साहा, महाराष्ट्र से प्रत्यूष, बिहार से आमोल, उप्र से अर्चना श्रीवास्तव, अनमोल, पूर्व जिला पंचायत प्रतिनिधि विवेक पटेल आदि मौजूद रहे।