फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sonebhadra News ›   teachers news

वित्तविहीन विद्यालयों को बंद कराने की हो रही साजिश

Tue, 30 Jul 2019 12:12 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Tue, 30 Jul 2019 12:12 AM IST
विज्ञापन
teachers news
सोनभद्र। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ वित्तविहीन गुट की तरफ से विभिन्न मांगों को लेकर डीआईओएस कार्यालय पर धरना-प्रदर्शन किया गया। अध्यक्षता जिलाध्यक्ष डॉ. विजेंद्र सिंह ने की। प्रदेश अध्यक्ष लालबिहारी यादव ने कहा कि सरकार और अन्य शैक्षणिक संगठनों का गठजोड़ वित्तविहीन विद्यालयों को बंद कराने की साजिश रच रहा है।
विज्ञापन

उप मुख्यमंत्री एवं शिक्षामंत्री के बयान पर रोष जताते हुए कहा कि वित्तविहीन शिक्षकों के 15 हजार मानदेय का दायित्व प्रबंधतंत्र को सौंपने से कई विद्यालय बंद हो जाएंगे। क्योंकि तीन माह तक मानदेय न भेजने पर मान्यता प्रत्यहरण के कार्यवाही का प्रावधान किया गया है। बोर्ड शुल्क वृद्धि पर भी एतराज जताते हुए कहा कि पहले प्रत्येक विषय के दो पेपर, दो कापियां होती थीं। अब एक पेपर एक कापी हो गया है, फिर भी सरकार पूर्व के 1.37 अरब के मुकाबले अब 2.23 अरब वसूल रही है। विजेंद्र सिंह ने कहा कि एडेड विद्यालयों में 40-50 हजार पेंशन वालों को 15 से 20 मानदेय पर नियुक्ति दी जा रही है। जबकि यह नियुक्ति बेरोजगारों को दी जानी चाहिए। जिला महामंत्री संतोष कुमा तिवारी, जिला प्रभारी केपी मौर्या, बीएन यादव, सतीश कुमार सिंह, आरसी विश्वकर्मा, रामलाल मौर्य आदि का कहना था कि सरकार वित्तविहीन विद्यालयों को बंद करना चाहती है, इसे किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। कल्पनाथ यादव, रियाज अहमद, प्रबोध कुमार सिंह, केके सिंह, अनिल कुमार सिंह, महेंद्र सिंह, रविकांत तिवारी आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed