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अब पंजीकृत वाहनों से ही ले जा सकेंगे अनाज
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सोनभद्र। अनाज की कालाबाजारी पर अंकुश लगाने को लेकर शासन-प्रशासन दिन प्रति दिन सख्ती बरत रहा है। अब गोदामों से कोटेदार पंजीकृत वाहनों से ही अनाज ले जा सकेंगे। इसके लिए शासन ने आपूर्ति विभाग को निर्देशित किया है। डीएसओ राकेश तिवारी ने दुकानदारों को पंजीकृत वाहनों से ही अनाज ले जाने का फरमान जारी किया है।
सरकार ने वितरण प्रणाली की व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त बनाने के लिए एसएमस प्रेषण सेवा की शुरूआत की है। सूबे में भाजपा की सरकार बनने के बाद प्रथम चरण में लाभार्थियों के राशन कार्ड का डाटाबेस ऑनलाइन किया गया। इसके बाद कार्डधारकों के आधार के नंबरों की फीडिंग कराई गई। द्वितीय चरण में जिले के 793 वितरण प्रणाली की दुकानों पर ई-पॉस मशीनें लगाकर वितरण शुरू कराया गया, ताकि अनाज की कालाबाजारी न हो सकें। फिर भी पूरी तरह से कालाबाजारी पर रोक नहीं लग पा रहा है। शिकायत विभागीय अधिकारियों तक पहुंच रही है। योगी सरकार ने जनवरी माह से एसएमस प्रेषण सेवा शुरू कर दी है। इसके तहत गोदामों से अनाज का उठान होते ही क्षेत्र के विधायक, एसडीएम, डीएसओ, सप्लाई इंस्पेक्टर, ग्राम प्रधान और 50 कार्डधारकों के मोबाइल पर मैसेज भेजने की व्यवस्था है। मैसेजे से बताया जाता कौन कोटेदार ने कितना अनाज का उठान किया। अभी तक कोटेदार अपने सुविधानुसार वाहनों से अनाज ले जाते थे, लेकिन अब पंजीकृत वाहनों से ही ले जा सकेंगे। जिलापूर्ति अधिकारी राकेश तिवारी ने कहा कि गोदाम प्रभारियों को कोटेदारों द्वारा पंजीकृत वाहनों के लाने पर ही अनाज लोड करने के लिए निर्देशित किया गया है। कहा कि वितरण व्यवस्था को पारदर्शी बनाने के लिए कार्य किया जा रहा है।
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सरकार ने वितरण प्रणाली की व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त बनाने के लिए एसएमस प्रेषण सेवा की शुरूआत की है। सूबे में भाजपा की सरकार बनने के बाद प्रथम चरण में लाभार्थियों के राशन कार्ड का डाटाबेस ऑनलाइन किया गया। इसके बाद कार्डधारकों के आधार के नंबरों की फीडिंग कराई गई। द्वितीय चरण में जिले के 793 वितरण प्रणाली की दुकानों पर ई-पॉस मशीनें लगाकर वितरण शुरू कराया गया, ताकि अनाज की कालाबाजारी न हो सकें। फिर भी पूरी तरह से कालाबाजारी पर रोक नहीं लग पा रहा है। शिकायत विभागीय अधिकारियों तक पहुंच रही है। योगी सरकार ने जनवरी माह से एसएमस प्रेषण सेवा शुरू कर दी है। इसके तहत गोदामों से अनाज का उठान होते ही क्षेत्र के विधायक, एसडीएम, डीएसओ, सप्लाई इंस्पेक्टर, ग्राम प्रधान और 50 कार्डधारकों के मोबाइल पर मैसेज भेजने की व्यवस्था है। मैसेजे से बताया जाता कौन कोटेदार ने कितना अनाज का उठान किया। अभी तक कोटेदार अपने सुविधानुसार वाहनों से अनाज ले जाते थे, लेकिन अब पंजीकृत वाहनों से ही ले जा सकेंगे। जिलापूर्ति अधिकारी राकेश तिवारी ने कहा कि गोदाम प्रभारियों को कोटेदारों द्वारा पंजीकृत वाहनों के लाने पर ही अनाज लोड करने के लिए निर्देशित किया गया है। कहा कि वितरण व्यवस्था को पारदर्शी बनाने के लिए कार्य किया जा रहा है।
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