{"_id":"67895042d43833e3260ac8e0","slug":"used-to-cheat-by-pretending-to-be-a-government-employee-arrested-sitapur-news-c-102-1-slko1055-125425-2025-01-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sitapur News: सरकारी कर्मचारी बता करता था ठगी, गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sitapur News: सरकारी कर्मचारी बता करता था ठगी, गिरफ्तार
Fri, 17 Jan 2025 12:00 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
Updated Fri, 17 Jan 2025 12:00 AM IST
विज्ञापन
सीतापुर। ई श्रमकार्ड की केवाईसी कराने के नाम पर लोगों से ठगी के आरोपी को सिधौली पुलिस ने बृहस्पतिवार को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी खुद को सरकारी कर्मचारी बताकर लोगों को विश्वास में ले लेता था। उसके पास से अलग-अलग कंपनी के सिम कार्ड, मशीन व अन्य सामान बरामद हुए हैं।
एएसपी दक्षिणी डॉ. प्रवीण रंजन सिंह ने बताया कि 12 जनवरी को गिरधरपुर गांव में ई श्रमकार्ड की केवाईसी कराने के नाम पर एक महिला से मशीन पर अंगूठा लगवाकर पांच हजार रुपये ठगे गए थे। सिधौली पुलिस ने मामले में केस दर्ज कर लिया था। इसके बाद पुलिस ने ठग की तलाश शुरू कर दी थी।
सटीक सूचना के बाद पुलिस ने महमूदाबाद के बेहटी मानसाह गांव निवासी सुजीत कुमार को नहरपट्टी के पास से बृहस्पतिवार को गिरफ्तार कर लिया। उसके पास से दो फिंगर प्रिंट मशीन, तीन मोबाइल फोन, दो आधार कार्ड, तीन एटीएम कार्ड, एक फर्जी आईडी कार्ड, तेरह सिम कार्ड और एक हजार की नकदी बरामद हुई है।
विज्ञापन
फर्जी आईडी कार्ड दिखा हासिल करता था विश्वास
आरोपी सुजीत ने बताया कि वह किसी बैंक का कर्मचारी नहीं है। वह एक फर्जी आईडी कार्ड गले में डालकर कस्बे व गांवों में घूमता था। कम पढ़े-लिखे लोगों को ही निशाना बनाकर अंगूठा लगवाकर ठगी करता है। बताया कि फर्जी आईडी कार्ड देखकर लोग उस पर विश्वास कर लेते थे और उसे ठगी करने में आसानी होती थी। पुलिस ने आरोपी को जेल भेज दिया।
दिल्ली से सीखा था काम, पिता कर चुके बेदखल
इंस्पेक्टर बलवंत शाही ने बताया कि आरोपी से उसके परिजन काफी परेशान रहते थे। उसके पिता और भाई राजमिस्त्री का काम करते हैं। उन्होंने काफी समय पहले ही सुजीत को बेदखल कर दिया था। घर से निकलकर आरोपी दो साल तक दिल्ली में रहा। वहां उसने अंगूठे की मदद से आधार कार्ड के जरिये रुपये ट्रांसफर करने का तरीका सीख लिया। यहां आकर वह यही तरीका आजमाने लगा। इस मामले में एसओजी की एक टीम यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी ने कितने अन्य लोगों को ऐसे ही अपना शिकार बनाया है।
विज्ञापन
एएसपी दक्षिणी डॉ. प्रवीण रंजन सिंह ने बताया कि 12 जनवरी को गिरधरपुर गांव में ई श्रमकार्ड की केवाईसी कराने के नाम पर एक महिला से मशीन पर अंगूठा लगवाकर पांच हजार रुपये ठगे गए थे। सिधौली पुलिस ने मामले में केस दर्ज कर लिया था। इसके बाद पुलिस ने ठग की तलाश शुरू कर दी थी।
विज्ञापन
सटीक सूचना के बाद पुलिस ने महमूदाबाद के बेहटी मानसाह गांव निवासी सुजीत कुमार को नहरपट्टी के पास से बृहस्पतिवार को गिरफ्तार कर लिया। उसके पास से दो फिंगर प्रिंट मशीन, तीन मोबाइल फोन, दो आधार कार्ड, तीन एटीएम कार्ड, एक फर्जी आईडी कार्ड, तेरह सिम कार्ड और एक हजार की नकदी बरामद हुई है।
विज्ञापन
फर्जी आईडी कार्ड दिखा हासिल करता था विश्वास
आरोपी सुजीत ने बताया कि वह किसी बैंक का कर्मचारी नहीं है। वह एक फर्जी आईडी कार्ड गले में डालकर कस्बे व गांवों में घूमता था। कम पढ़े-लिखे लोगों को ही निशाना बनाकर अंगूठा लगवाकर ठगी करता है। बताया कि फर्जी आईडी कार्ड देखकर लोग उस पर विश्वास कर लेते थे और उसे ठगी करने में आसानी होती थी। पुलिस ने आरोपी को जेल भेज दिया।
दिल्ली से सीखा था काम, पिता कर चुके बेदखल
इंस्पेक्टर बलवंत शाही ने बताया कि आरोपी से उसके परिजन काफी परेशान रहते थे। उसके पिता और भाई राजमिस्त्री का काम करते हैं। उन्होंने काफी समय पहले ही सुजीत को बेदखल कर दिया था। घर से निकलकर आरोपी दो साल तक दिल्ली में रहा। वहां उसने अंगूठे की मदद से आधार कार्ड के जरिये रुपये ट्रांसफर करने का तरीका सीख लिया। यहां आकर वह यही तरीका आजमाने लगा। इस मामले में एसओजी की एक टीम यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी ने कितने अन्य लोगों को ऐसे ही अपना शिकार बनाया है।