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बेटी-बेटा के भेद को खत्म करे समाज
सिद्धार्थनगर/ अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 08 Mar 2017 10:19 PM IST
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महिला दिवस पर पर आयोजित गोष्ठी ।
- फोटो : अमर उजाला
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शिवपति पीजी कॉलेज सभागार में बुधवार को संगोष्ठी का आयोजन किया गया। विश्व महिला दिवस पर पर आयोजित इस गोष्ठी में लोगों ने खुल कर अपने विचार रखे। शिक्षकों, छात्राओं ने वाद-विवाद में अपना पक्ष रखा। कार्यक्रम का शुभारंभ छात्राओं ने सरस्वती वंदना से किया।
प्रभारी प्राचार्य डॉ.एके श्रीवास्तव ने कहा कि 1975 में अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस को संयुक्त राष्ट्र संघ ने मंजूरी दे दी। तब से पूरे विश्व में आठ मार्च को विश्व महिला दिवस के रूप में मनाया जाता है। डॉ.अरविंद कुमार सिंह ने कहा कि देश का इतिहास गौरवशाली रहा है। आदिकाल से ही महिलाओं को देवी का स्वरूप माना जाता रहा। आधुनिक दौर में भी बेटियां किसी से पीछे नहीं है। ग्रामीण इलाकों में बेटियों को आगे बढ़ाने के लिए शिक्षा का अधिकार दिया गया है। समाज के जागरूक लोगों को बेटी-बेटा के अंतर को समाप्त करने के लिए सार्थक पहल करना होगा। छात्रा निधि गुप्ता, पुष्पा चौरसिया, अजिज्ता उपाध्याय ने सरस्वती वंदना व स्वागत गीत प्रस्तुत किया। इस दौरान रशिका गोयल, शेख रसीदा, रेखा, रागिनी मिश्रा, सावित्री, साहिलजहां, पुष्पा, सोनी, वंदना, मोनी बानो, सीमा, रुपम, निकिता, सुषमा, संध्या, मेहनाज, कंचन, पूजा, ज्योति, आशीष, अंगद, सुनील, राजेश, रामकुमार, सचिन, गणेश, सुमित आदि मौजूद रहे।
विश्व महिला दिवस पर बुधवार को बीआरसी सभागार में कार्यक्रम आयोजित हुआ। खंड शिक्षाधिकारी गोपाल मिश्र ने कहा कि जिस घर में महिलाओं का सम्मान होता है उस घर का समाज में भी सम्मान होता है। महिलाओं के शिक्षित होने से उस परिवार का समाज में सम्मान बढ़ता है। समाज में महिलाओं का समान अधिकार है।
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उन्होंने बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ पर जोर देते हुए कहा कि बेटियों को शिक्षित करने से ही शिक्षित समाज का निर्माण होगा। इस दौरान सह समन्वयक मुक्तिनाथ यादव, टाइगर, ताजमा खातून, निर्मला वर्मा, अंजू गौड़, विनीता पांडेय, सुनीता भारती, सुनीता यादव, सरिता देवी, अनिता वरुण, चेतना श्रीवास्तव, रेनूमणि त्रिपाठी, किरन मिश्रा, दुर्गावती, आदि मौजूद रहीं।
ग्रामीण महिला व बाल उत्थान सेवा समिति के बैनर तले अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर बुधवार को जागरूकता रैली निकाली गई। संस्था की सचिव सुशीला मिश्र के नेतृत्व में एसजेएम मेमोरियल स्कूल चनरगड्डी, राजकीय कन्या इंटर कॉलेज धनगढ़िया में आयोजित कार्यक्रम में छात्राओं व महिलाओं ने बढ़-चढ़कर प्रतिभाग किया। इस दौरान तंबाकू नियंत्रण कार्यक्रम के तहत भी जागरूक किया गया। कार्यक्रम में ग्राम प्रधान, विश्वनाथ पांडेय, रामरक्षा शुक्ल, द्विजेंद्र मिश्र, अब्दुल कादिर, अनूप त्रिपाठी, आकाश त्रिपाठी आदि मौजूद रहे।
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प्रभारी प्राचार्य डॉ.एके श्रीवास्तव ने कहा कि 1975 में अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस को संयुक्त राष्ट्र संघ ने मंजूरी दे दी। तब से पूरे विश्व में आठ मार्च को विश्व महिला दिवस के रूप में मनाया जाता है। डॉ.अरविंद कुमार सिंह ने कहा कि देश का इतिहास गौरवशाली रहा है। आदिकाल से ही महिलाओं को देवी का स्वरूप माना जाता रहा। आधुनिक दौर में भी बेटियां किसी से पीछे नहीं है। ग्रामीण इलाकों में बेटियों को आगे बढ़ाने के लिए शिक्षा का अधिकार दिया गया है। समाज के जागरूक लोगों को बेटी-बेटा के अंतर को समाप्त करने के लिए सार्थक पहल करना होगा। छात्रा निधि गुप्ता, पुष्पा चौरसिया, अजिज्ता उपाध्याय ने सरस्वती वंदना व स्वागत गीत प्रस्तुत किया। इस दौरान रशिका गोयल, शेख रसीदा, रेखा, रागिनी मिश्रा, सावित्री, साहिलजहां, पुष्पा, सोनी, वंदना, मोनी बानो, सीमा, रुपम, निकिता, सुषमा, संध्या, मेहनाज, कंचन, पूजा, ज्योति, आशीष, अंगद, सुनील, राजेश, रामकुमार, सचिन, गणेश, सुमित आदि मौजूद रहे।
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विश्व महिला दिवस पर बुधवार को बीआरसी सभागार में कार्यक्रम आयोजित हुआ। खंड शिक्षाधिकारी गोपाल मिश्र ने कहा कि जिस घर में महिलाओं का सम्मान होता है उस घर का समाज में भी सम्मान होता है। महिलाओं के शिक्षित होने से उस परिवार का समाज में सम्मान बढ़ता है। समाज में महिलाओं का समान अधिकार है।
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उन्होंने बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ पर जोर देते हुए कहा कि बेटियों को शिक्षित करने से ही शिक्षित समाज का निर्माण होगा। इस दौरान सह समन्वयक मुक्तिनाथ यादव, टाइगर, ताजमा खातून, निर्मला वर्मा, अंजू गौड़, विनीता पांडेय, सुनीता भारती, सुनीता यादव, सरिता देवी, अनिता वरुण, चेतना श्रीवास्तव, रेनूमणि त्रिपाठी, किरन मिश्रा, दुर्गावती, आदि मौजूद रहीं।
ग्रामीण महिला व बाल उत्थान सेवा समिति के बैनर तले अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर बुधवार को जागरूकता रैली निकाली गई। संस्था की सचिव सुशीला मिश्र के नेतृत्व में एसजेएम मेमोरियल स्कूल चनरगड्डी, राजकीय कन्या इंटर कॉलेज धनगढ़िया में आयोजित कार्यक्रम में छात्राओं व महिलाओं ने बढ़-चढ़कर प्रतिभाग किया। इस दौरान तंबाकू नियंत्रण कार्यक्रम के तहत भी जागरूक किया गया। कार्यक्रम में ग्राम प्रधान, विश्वनाथ पांडेय, रामरक्षा शुक्ल, द्विजेंद्र मिश्र, अब्दुल कादिर, अनूप त्रिपाठी, आकाश त्रिपाठी आदि मौजूद रहे।