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Siddharthnagar News: पाइप लाइन फटी, मोटर भी फूंका, 55 हजार की आबादी रही प्यासी

Tue, 13 Jun 2023 12:30 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर Updated Tue, 13 Jun 2023 12:30 AM IST
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population of 55 thousand remained thirsty
शहर के ऑफिसर्स कॉलोनी में नगरपालिका के पानी की टंकी से पानी भरते लोग।
सिद्धार्थनगर। शहरी क्षेत्र में पानी आपूर्ति का मोटर जलने और पाइप लाइन फट जाने के कारण शहर के एक तिहाई हिस्से में जलसंकट उत्पन्न हो गया। इस कारण करीब 55 हजार लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। भीषण गर्मी में पानी नहीं मिला तो लोगों की दिनचर्या प्रभावित हुई। सोमवार को ज्यादातर लोगों को बिना नहाए-धोए ही ड्यूटी जाना पड़ा, जबकि किचन का काम भी प्रभावित हुआ। लोगों ने हैंडपंप पर लाइन लगाकर पानी भरा तो नगर पालिका परिषद के टैंकर का पानी भी नाकाफी साबित हुआ।
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नगर पालिका परिषद के सिहनिया पानी टंकी से जुड़े चार वार्डों के लोगों को सोमवार शाम 6 बजे तक 32 घंटे बाद भी पानी मयस्सर नहीं हुआ। यहां रविवार सुबह 11 बजे मोटर जल गया है। नगर पालिका के कर्मचारियों ने रविवार दोपहर एक बजे तक मोटर बदलने का कार्य किया, लेकिन उसके बाद भी कामयाबी नहीं मिली। इस कारण खजुरिया रोड, खजुरिया मोहल्ला, सिविल लाइन, आजादनगर, आर्यनगर, गोबहरवा एवं सिंहेश्वरीपुरम के लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। इन क्षेत्रों में रविवार शाम और सोमवार सुबह और दोपहर में पानी नहीं पहुंचा। टैंकर लगाए गए, लेकिन सभी लोगों को पानी नहीं मिल पाया। नगर पालिका परिषद ने सोमवार देर शाम नया मोटर मंगाकर गोरखपुर से कारीगर बुलाया।
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...तो लोगों ने मोटर से खींच लिया पानी
एक ही स्थान पर सिसहनिया और सरोजिनी नगर का पंप है। मोटर पंप काम नहीं किया तो पानी टंकी नहीं भरी जा सकी। उसके बाद पाइप लाइन में सीधे आपूर्ति दी गई लेकिन प्रेशर से पानी नहीं पहुंचा, पानी टंकी के माध्यम से प्रेशर में पानी तेजी से जाता है। पाइप में पानी गया तो कुछ लोगों ने मोटर पंप से खींच लिया, लेकिन जिनके घर पंप नहीं थे, उन्हें परेशान ही होना पड़ा।
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जहां फटी थी पाइप, वहीं फट गई
कांशीराम आवास पानी टंकी के पास रविवार शाम मेन पाइप लाइन फट गई। इस कारण अफसर कॉलोनी, कांशीराम आवास, थरौली, वन विभाग कॉलोनी, उसका रोड एवं वाल्मीकि नगर में पानी शाम को ही पर्याप्त मात्रा में पानी नहीं मिला। सोमवार सुबह पानी की टंकियां नहीं भरी जा सकी, इस कारण लोगों की दिनचर्या प्रभावित हुई। सोमवार सुबह 11 बजे पाइप लाइन की मरम्मत हुई तो दोपहर में लोगों को पानी मिला। भीषण गर्मी में क्षेत्र के लोगों ने कम पानी आपूर्ति की शिकायत की तो नगर पालिका परिषद की ओर से पानी बढ़ा दी गई, लेकिन पाइप लाइन फटने से परेशानी कम होने की बजाए बढ़ गई। इसी स्थान पर तीन माह पहले भी पाइप फटी थी।
जिनके घर में हैंडपंप, उनके घर पहुंचे पड़ोसी
नगर पालिका की पानी आपूर्ति बंद हो गई तो जिनके घर में हैंडपंप है, उनके घर पड़ोसी पहुंचने लगे। भीषण गर्मी में लोगों को पड़ोसियों के घर नहाना पड़ा, जबकि बर्तन और कपड़े धोने का काम भी स्थगित करने पड़े। वन विभाग कॉलोनी के अखिलेश प्रताप ने बताया कि उनके घर हैंडपंप है इसलिए पड़ोसी भी उनके कपड़े धोने और नहाने आए। कुछ लोगों ने आरओ वॉटर प्लांट से पानी खरीदकर नहाया, गर्मी अधिक है तो बिना नहाए कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।
नगर पालिका क्षेत्र में निर्बाध जलापूर्ति देने की व्यवस्था बनाई जा रही है। मरम्मत कार्य के साथ ही चार नए मोटर खरीदने के निर्देश दिए गए हैं। यदि आवश्यकता पड़ी तो दूसरा बोर किया जाएगा, लेकिन दिक्कत नहीं रहेगी।

-गोविंद माधव, चेयरमैन
कांशीराम आवास और सिसहनिया में पानी आपूर्ति बंद होने के बाद नगर पालिका परिषद कर्मी मरम्मत करने के लिए तत्पर है। रात दो बजे तक अथक प्रयास करके मोटर बदला गया, लेकिन टंकी में पानी नहीं चढ़ा। प्रभावित क्षेत्रों में टैंकर लगाए गए हैं।
-मुकेश कुमार, ईओ नगर पालिका परिषद
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