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कोरोना के खात्मे और अमन-चैन की दुआ की
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थाना भवन। हजरत शाह शमशुद्दीन पीर शाहविलायत उर्स के समापन पर सम्मानित कमैटी के सदस्य
- फोटो : SHAMLI
थाना भवन। कस्बे में हजरत शाह शमशुद्दीन पीर शाहविलायत पर तीन दिवसीय उर्स का मंगलवार को समापन हो गया। असलम साबरी ने कोरोना के खात्मे और देश-दुनिया में अमन की दुआ कराई। अंतिम दिन काफी संख्या में अकीदतमंदों और फरियादियों ने चादरपोशी की।
हजरत शाह शमशुद्दीन रहमतुल्लाह के प्रसिद्ध पीर शाहविलायत पर उर्स के दौरान बड़ी संख्या में अकीदतमंद आए। उर्स प्रबंध समिति द्वारा उचित प्रबंध किए गए थे, जिसमें अकीदतमंद जायरीनों के लिए ठहरने की व्यवस्था के साथ-साथ पीर की कमेटी ने पुख्ता इंतजाम कर रखे थे। कोरोना वायरस को ध्यान में रखते हुए सैनिटाइजर का विशेष ध्यान रखा गया। कमेटी सदस्य हाजी अब्दुल ने बताया बताया हजरत शाह शमशुद्दीन पीर बाबा का उर्स प्रत्येक वर्ष तीन दिन तक चलता है। यहां देश के कोने-कोने से जियारिन अकीदतमद मन्नतें मांगने तथा मन्नते पूरी होने पर दुआएं मांग अपनी दिली ख्वाहिश पूरी करते हैं।
कोरोना वायरस से पहले वार्षिक उर्स के मौके पर यूपी, बंगाल, असम, झारखंड सहित पड़ोसी देश नेपाल से भी अकीदतमंद यहां पहुंचकर पीर बाबा के मजार पर चादरपोशी कर अपनी मन्नतें पूरी करते आ रहे हैं, लेकिन इस वर्ष बाहरी लोग नहीं आ सके। उर्स के समापन पर कमेटी सदस्यों को स्थानीय लोगों ने सम्मानित किया। इस दौरान वसीक अहमद, ठाकुर दीपांशु (लवी), हाजी राव जमशेद, गय्यूर, अरशद जमाल, हाजी सत्तार, मो. शाहरुख, सोनू, इसरार, सलमान, फिरोज, अल्लाहदिया आदि अन्य सदस्य खिदमत में तैनात रहे।
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हजरत शाह शमशुद्दीन रहमतुल्लाह के प्रसिद्ध पीर शाहविलायत पर उर्स के दौरान बड़ी संख्या में अकीदतमंद आए। उर्स प्रबंध समिति द्वारा उचित प्रबंध किए गए थे, जिसमें अकीदतमंद जायरीनों के लिए ठहरने की व्यवस्था के साथ-साथ पीर की कमेटी ने पुख्ता इंतजाम कर रखे थे। कोरोना वायरस को ध्यान में रखते हुए सैनिटाइजर का विशेष ध्यान रखा गया। कमेटी सदस्य हाजी अब्दुल ने बताया बताया हजरत शाह शमशुद्दीन पीर बाबा का उर्स प्रत्येक वर्ष तीन दिन तक चलता है। यहां देश के कोने-कोने से जियारिन अकीदतमद मन्नतें मांगने तथा मन्नते पूरी होने पर दुआएं मांग अपनी दिली ख्वाहिश पूरी करते हैं।
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कोरोना वायरस से पहले वार्षिक उर्स के मौके पर यूपी, बंगाल, असम, झारखंड सहित पड़ोसी देश नेपाल से भी अकीदतमंद यहां पहुंचकर पीर बाबा के मजार पर चादरपोशी कर अपनी मन्नतें पूरी करते आ रहे हैं, लेकिन इस वर्ष बाहरी लोग नहीं आ सके। उर्स के समापन पर कमेटी सदस्यों को स्थानीय लोगों ने सम्मानित किया। इस दौरान वसीक अहमद, ठाकुर दीपांशु (लवी), हाजी राव जमशेद, गय्यूर, अरशद जमाल, हाजी सत्तार, मो. शाहरुख, सोनू, इसरार, सलमान, फिरोज, अल्लाहदिया आदि अन्य सदस्य खिदमत में तैनात रहे।
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