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तैयारियां सभी की है, पर प्रत्याशी घोषित नहीं
ब्यूरो, अमर उजाला/ शामली
Updated Fri, 27 Apr 2018 12:35 AM IST
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- फोटो : demo
शामली में कैराना लोकसभा सीट के उपचुनाव पर हर राजनीतिक दल की निगाहें टिकी हैं। इसी के चलते तैयारियां भी हो रही हैं। एकतरफ भाजपा पूरी ताकत से जुटी हुई है, तो समाजवादी पार्टी की तैयारियां भी कम नहीं हैं। बस इंतजार है चुनाव में प्रत्याशियों की घोषणा होने का।
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तीन फरवरी को भाजपा सांसद हुकुम सिंह का निधन होने के बाद कैराना लोकसभा सीट खाली हुई थी, जिसके चलते इस सीट पर उपचुनाव होना है। इस सीट का उपचुनाव भारतीय जनता पार्टी के लिए जितना महत्वपूर्ण है, उतना ही विपक्ष के लिए भी। क्योंकि 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले इसे सेमीफाइनल के तौर पर देखा जा रहा है। इस सीट का परिणाम भविष्य के लिए राजनीतिक परिदृश्य तय करेगा। यही वजह है कि एकतरफ भाजपा इस सीट को जीतने में कोई कसर छोड़ने वाली नहीं है, तो विपक्षी दलों में सपा, बसपा, कांग्रेस और रालोद भी चाहते हैं कि सीट पर भाजपा को हराया जाए। वहीं, उपचुनाव का कार्यक्रम घोषित होने से राजनीतिक दलों की तैयारियों में और तेजी आ जाएगी तथा जल्दी ही प्रत्याशियों की घोषणा भी होगी।
भाजपा की तरफ से पूर्व सांसद हुकुम सिंह की बेटी मृगांका सिंह को प्रत्याशी बनाया जाना लगभग तय माना जा रहा है। क्योंकि प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने पिछले दिनों सहारनपुर में कार्यक्रम के दौरान मृगांका सिंह को जिताने की अपील कर संकेत दे दिया था कि मृगांका सिंह ही कैराना सीट के उपचुनाव में भाजपा की प्रत्याशी होंगी। इसी के चलते मृगांका सिंह लोकसभा क्षेत्र में गांव दर गांव भ्रमण कर रही हैं और कार्यक्रम भी किए जा रहे हैं। उधर, विपक्षी दलों में समाजवादी पार्टी की तरफ से चुनाव की तैयारियां तो चल रही हैं, लेकिन उन्होंने भी प्रत्याशी घोषित नहीं किया है। एक दिन पूर्व ही सपा के प्रदेश अध्यक्ष नरेश उत्तम पटेल ने शामली पहुंचकर पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर चुनाव की तैयारी में जुटने का आह्वान किया था। माना जा रहा है कि विपक्ष की तरफ से सपा का प्रत्याशी चुनाव मैदान में उतरेगा और बसपा उसको समर्थन करेगी। क्योंकि बसपा की तरफ से चुनाव को लेकर कोई तैयारी
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दिखाई नहीं दे रही है। ऐसे में सपा की तरफ से प्रत्याशी की घोषणा होने के बाद चुनावी समीकरण काफी हद तक स्पष्ट हो जाएंगे।
कांग्रेस, रालोद के दांव से दिलचस्प होगा मुकाबला
गोरखपुर और फूलपुर लोकसभा सीट के उपचुनाव में सपा प्रत्याशियों को जीत मिली थी, जिन्हें बसपा ने समर्थन दिया था, लेकिन कैराना लोकसभा सीट के उपचुनाव में रालोद की अहम भूमिका रहेगी। पूर्व में सपा और बसपा के गठबंधन में रालोद के भी शामिल होने संभावना जताई जा रही थीं, लेकिन कांग्रेस नेता इमरान मसूद ने कांग्रेस और रालोद के संयुक्त रूप से चुनाव लड़ने वाला बयान जाहिर कर रहा है कि कैराना सीट का उपचुनाव बेहद दिलचस्प होने वाला है, जिसमें चुनावी मुकाबला त्रिकोणीय हो जाएगा।
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