{"_id":"6660cd3eac7ea52685094826","slug":"iqra-learnt-a-lesson-from-her-mothers-mistake-everyone-from-her-home-to-her-maternal-uncles-ancestral-constituency-supported-her-shamli-news-c-26-1-sal1002-122260-2024-06-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Shamli News: मां की गलती से लिया सबक, घर से लेकर मामा के पैतृक विस क्षेत्र ने भी दिया इकरा का साथ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Shamli News: मां की गलती से लिया सबक, घर से लेकर मामा के पैतृक विस क्षेत्र ने भी दिया इकरा का साथ
विज्ञापन
शामली। कैराना लोकसभा सीट इस बार कई मायनों में अहम थी। इस सीट पर दो राजनीतिक घराने के सदस्य चुनाव मैदान में थे। संसदीय क्षेत्र में इकरा और उसके मामा का घर पड़ रहे हैं। इकरा ने जहां वर्ष 2019 के चुनाव में मां तबस्सुम की गलती से सबक लिया। वहीं इस बार सटीक रणनीति से पैतृक विस सीट कैराना, गंगोह, नकुड़ और थानाभवन को भी फतेह कर लिया। उधर, भाजपा प्रत्याशी प्रदीप चौधरी पैतृक गंगोह विस सीट पर भी इकरा से ज्यादा मत नहीं हासिल कर सके।
कैराना लोकसभा सीट पर वैसे तो 14 प्रत्याशी चुनाव मैदान में थे। सपा प्रत्याशी इकरा हसन जहां कैराना की रहने वाली हैं। वहीं इसी संसदीय क्षेत्र के नकुड़ विस में दुमझेड़ा गांव में इकरा के मामा रहते हैं। कैराना विस सीट से ही सपा से इकरा का भाई नाहिद हसन विधायक है।
वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव में सपा से इकरा हसन की मां तबस्सुम हसन और भाजपा से प्रदीप चौधरी चुनाव मैदान में थे। 2019 के चुनावी नतीजों पर गौर करें तो तबस्सुम हसन को कैराना विधानसभा क्षेत्र में 86043 मत मिले थे, जबकि यहां भाजपा प्रत्याशी प्रदीप चौधरी को 1.01 लाख से अधिक मत मिले थे। यहां से तबस्सुम करीब 15 हजार मतों से पिछड़ गई थीं। मगर 2024 के चुनाव में इकरा ने मां की गलती से सबक लेते हुए कैराना पर विशेष ध्यान दिया और नतीजा रहा कि यहां 116365 मत मिले। वहीं प्रदीप चौधरी को 85616 को मत मिले। इस विधानसभा में इकरा हसन को 30749 ज्यादा मत मिले।
विज्ञापन
इसी तरह नकुड़ विधानसभा क्षेत्र में 2019 के चुनाव में तबस्सुम को 1.19 लाख मत मिल मिले थे, जबकि भाजपा प्रत्याशी को 1.15 लाख मत मिले थे। इस बार के चुनाव में इकरा ने मामा के विस क्षेत्र से 1 लाख 26 हजार 320 मत प्राप्त किए। भाजपा प्रत्याशी प्रदीप चौधरी ने 92 हजार 529 मत प्राप्त किए।
-इकरा हसन 33791 मतों से आगे रहीं
पिछली बार की तरह इस बार भी भाजपा प्रत्याशी प्रदीप चौधरी पर अपनी पैतृक विस सीट गंगोह पर बेहतर प्रदर्शन करने का दबाव था, मगर यहां पर इस बार सपा प्रत्याशी इकरा हसन को 1 लाख 17 हजार 901 मत मिले। भाजपा प्रत्याशी प्रदीप चौधरी को 1 लाख 986 मत मिले। इकरा 16915 वोटों से आगे रहीं। यानी भाजपा प्रत्याशी लगातार दूसरी बार लोगों की नाराजगी दूर नहीं कर सके।
थानाभवन विस सीट पर वर्ष 2019 के चुनाव में भाजपा प्रत्याशी 12050 मतों से आगे रहे थे, जबकि इस बार इकरा हसन को 85904 मत मिले। प्रदीप चौधरी को 85217 मिले। डाकमत पत्रों को यदि मिलाएं तो इस सीट पर प्रदीप चौधरी 40 मतों से आगे रहे।
शामली विस सीट पर वर्ष 2019 के चुनाव में भाजपा प्रत्याशी सपा प्रत्याशी तबस्सुम हसन से 36312 मतों से आगे रहे थे, जबकि इस बार इकरा हसन को 80497 मत, प्रदीप चौधरी को 91727 मत मिले। इस विधानसभा में प्रदीप चौधरी को 11230 मत ज्यादा मिले। पिछली बार के चुनाव का आंकलन करें तो इस बार 25 हजार मत शामली में भी भाजपा को कम मिले। हालांकि भाजपा शामली विस सीट में ही सपा से आगे रही। वहीं थानाभवन, नकुड़, गंगोह और कैराना में सपा ने बाजी मारी।
इस बार हसन परिवार की बेटी इकरा हसन और सांसद रहे प्रदीप चौधरी की प्रतिष्ठा दांव पर थी। इकरा के पिता मुनव्वर हसन, दादा अख्तर हसन, मां तबस्सुम जहां इस सीट पर सांसद रह चुके हैं, भाई विधायक हैं। वहीं प्रदीप चौधरी अब तक तीन बार विधायक, एक बार सांसद और उनके पिता मास्टर कंवर पाल भी विधायक रह चुके हैं। चुनाव में दोनों घरानों की प्रतिष्ठा दांव पर लगी थी।
....
कैराना लोकसभा चुनाव परिणाम
वर्ष 2024 के आंकड़े
सपा इकरा हसन 528013
भाजपा प्रदीप चौधरी 456075
बसपा श्रीपाल राणा 75978
2019
भाजपा प्रदीप चौधरी 566961
सपा तबस्सुम हसन 474801
कांग्रेस हरेंद्र मलिक 69355
2018
सपा, रालोद तबस्सुम हसन 481183
भाजपा मृगांका सिंह 426564
विज्ञापन
कैराना लोकसभा सीट पर वैसे तो 14 प्रत्याशी चुनाव मैदान में थे। सपा प्रत्याशी इकरा हसन जहां कैराना की रहने वाली हैं। वहीं इसी संसदीय क्षेत्र के नकुड़ विस में दुमझेड़ा गांव में इकरा के मामा रहते हैं। कैराना विस सीट से ही सपा से इकरा का भाई नाहिद हसन विधायक है।
विज्ञापन
वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव में सपा से इकरा हसन की मां तबस्सुम हसन और भाजपा से प्रदीप चौधरी चुनाव मैदान में थे। 2019 के चुनावी नतीजों पर गौर करें तो तबस्सुम हसन को कैराना विधानसभा क्षेत्र में 86043 मत मिले थे, जबकि यहां भाजपा प्रत्याशी प्रदीप चौधरी को 1.01 लाख से अधिक मत मिले थे। यहां से तबस्सुम करीब 15 हजार मतों से पिछड़ गई थीं। मगर 2024 के चुनाव में इकरा ने मां की गलती से सबक लेते हुए कैराना पर विशेष ध्यान दिया और नतीजा रहा कि यहां 116365 मत मिले। वहीं प्रदीप चौधरी को 85616 को मत मिले। इस विधानसभा में इकरा हसन को 30749 ज्यादा मत मिले।
विज्ञापन
इसी तरह नकुड़ विधानसभा क्षेत्र में 2019 के चुनाव में तबस्सुम को 1.19 लाख मत मिल मिले थे, जबकि भाजपा प्रत्याशी को 1.15 लाख मत मिले थे। इस बार के चुनाव में इकरा ने मामा के विस क्षेत्र से 1 लाख 26 हजार 320 मत प्राप्त किए। भाजपा प्रत्याशी प्रदीप चौधरी ने 92 हजार 529 मत प्राप्त किए।
-इकरा हसन 33791 मतों से आगे रहीं
पिछली बार की तरह इस बार भी भाजपा प्रत्याशी प्रदीप चौधरी पर अपनी पैतृक विस सीट गंगोह पर बेहतर प्रदर्शन करने का दबाव था, मगर यहां पर इस बार सपा प्रत्याशी इकरा हसन को 1 लाख 17 हजार 901 मत मिले। भाजपा प्रत्याशी प्रदीप चौधरी को 1 लाख 986 मत मिले। इकरा 16915 वोटों से आगे रहीं। यानी भाजपा प्रत्याशी लगातार दूसरी बार लोगों की नाराजगी दूर नहीं कर सके।
थानाभवन विस सीट पर वर्ष 2019 के चुनाव में भाजपा प्रत्याशी 12050 मतों से आगे रहे थे, जबकि इस बार इकरा हसन को 85904 मत मिले। प्रदीप चौधरी को 85217 मिले। डाकमत पत्रों को यदि मिलाएं तो इस सीट पर प्रदीप चौधरी 40 मतों से आगे रहे।
शामली विस सीट पर वर्ष 2019 के चुनाव में भाजपा प्रत्याशी सपा प्रत्याशी तबस्सुम हसन से 36312 मतों से आगे रहे थे, जबकि इस बार इकरा हसन को 80497 मत, प्रदीप चौधरी को 91727 मत मिले। इस विधानसभा में प्रदीप चौधरी को 11230 मत ज्यादा मिले। पिछली बार के चुनाव का आंकलन करें तो इस बार 25 हजार मत शामली में भी भाजपा को कम मिले। हालांकि भाजपा शामली विस सीट में ही सपा से आगे रही। वहीं थानाभवन, नकुड़, गंगोह और कैराना में सपा ने बाजी मारी।
इस बार हसन परिवार की बेटी इकरा हसन और सांसद रहे प्रदीप चौधरी की प्रतिष्ठा दांव पर थी। इकरा के पिता मुनव्वर हसन, दादा अख्तर हसन, मां तबस्सुम जहां इस सीट पर सांसद रह चुके हैं, भाई विधायक हैं। वहीं प्रदीप चौधरी अब तक तीन बार विधायक, एक बार सांसद और उनके पिता मास्टर कंवर पाल भी विधायक रह चुके हैं। चुनाव में दोनों घरानों की प्रतिष्ठा दांव पर लगी थी।
....
कैराना लोकसभा चुनाव परिणाम
वर्ष 2024 के आंकड़े
सपा इकरा हसन 528013
भाजपा प्रदीप चौधरी 456075
बसपा श्रीपाल राणा 75978
2019
भाजपा प्रदीप चौधरी 566961
सपा तबस्सुम हसन 474801
कांग्रेस हरेंद्र मलिक 69355
2018
सपा, रालोद तबस्सुम हसन 481183
भाजपा मृगांका सिंह 426564