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शाखा प्रबंधक पर लगाया 20 हजार रूपये का जुर्माना
Updated Thu, 29 Mar 2018 12:24 AM IST
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शामली। ऋण अदा करने के बावजूद भूरा गांव के ग्राहक को सर्व यूपी ग्रामीण बैंक के शाखा प्रबंधक की ओर से 44, 067 रुपये का रिकवरी नोटिस जारी कर दिया गया। इस मामले में जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष फोरम ने सुनवाई करते हुए शाखा प्रबंधक पर 20 हजार रुपये का जुर्माना लगाया हैं। साथ ही 44, 067 रुपये के जारी रिकवरी नोटिस को भी निरस्त कर दिया हैं।
तहसील कैराना क्षेत्र के भूरा गांव निवासी सतीश कुमार ने जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष फोरम में सर्व यूपी ग्रामीण बैंक के शाखा प्रबंधक को आरोपी बनाकर वाद दायर कराया था। इसमें बताया था कि शाखा प्रबंधक की ओर से 20 अक्तूबर 2015 को रिकवरी नोटिस जारी कर दिया जबकि उसने ऋण अदा कर दिया है। बैंक के रिकवरी नोटिस को निरस्त करने, मानसिक उत्पीड़न रोकने के लिए 85 हजार रुपये, वाद व्यय फीस 15 हजार रुपये दिलाए जाने की मांग की थी। वाद पर सुनवाई करते हुए फोरम के चेयरमैन एसकेएस यादव ने बुधवार को 44, 067 रुपये के रिकवरी नोटिस को निरस्त करते हुए आरोपी बैंक शाखा प्रबंधक पर परिवादी को मानसिक उत्पीड़न के लिए 15 हजार रुपये वाद व्यय एवं वकील फीस 5 हजार रुपये मिलाकर कुल 20 हजार रुपये का जुर्माना लगाते हुए एक माह में समस्त देय भुुगतान अदा करने का आदेश दिया। एक माह में चूक होने पर बारह प्रतिशत अतिरिक्त सालाना साधारण ब्याज देना होगा।
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तहसील कैराना क्षेत्र के भूरा गांव निवासी सतीश कुमार ने जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष फोरम में सर्व यूपी ग्रामीण बैंक के शाखा प्रबंधक को आरोपी बनाकर वाद दायर कराया था। इसमें बताया था कि शाखा प्रबंधक की ओर से 20 अक्तूबर 2015 को रिकवरी नोटिस जारी कर दिया जबकि उसने ऋण अदा कर दिया है। बैंक के रिकवरी नोटिस को निरस्त करने, मानसिक उत्पीड़न रोकने के लिए 85 हजार रुपये, वाद व्यय फीस 15 हजार रुपये दिलाए जाने की मांग की थी। वाद पर सुनवाई करते हुए फोरम के चेयरमैन एसकेएस यादव ने बुधवार को 44, 067 रुपये के रिकवरी नोटिस को निरस्त करते हुए आरोपी बैंक शाखा प्रबंधक पर परिवादी को मानसिक उत्पीड़न के लिए 15 हजार रुपये वाद व्यय एवं वकील फीस 5 हजार रुपये मिलाकर कुल 20 हजार रुपये का जुर्माना लगाते हुए एक माह में समस्त देय भुुगतान अदा करने का आदेश दिया। एक माह में चूक होने पर बारह प्रतिशत अतिरिक्त सालाना साधारण ब्याज देना होगा।
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