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सैन्य राहत कोष में किसान ने दिए
Updated Thu, 18 Jan 2018 01:01 AM IST
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शामली। बुधवार को युवा किसान अजेंद्र पंवार शामली कलक्ट्रेट पहुंचे। अजेंद्र ने बताया कि शहीद सैनिकों के परिवारों की मदद के लिए उनके मन में काफी समय से विचार आ रहा था। बार बार सोचता था कि किस तरह से मदद की जाए। इसी दौरान उसने ठाना कि जितना भी गन्ना उसके खेतों में पैदा होगा, उसमें से पांच रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से वह पूर्व सैनिक राहत कोष में धनराशि जमा कराएगा। अजेंद्र ने बताया कि शुगर मिल में उसने 1620 क्विंटल गन्ना आपूर्ति किया। पांच रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से 8100 रुपये का चेक बनवाया। उक्त चेक किसान अजेंद्र पंवार ने जिलाधिकारी इंद्र विक्रम सिंह को सौंप कर सैन्य राहत कोष में जमा कराने के लिए कहा। जिलाधिकारी इंद्र विक्रम सिंह ने भी युवा किसान अजेंद्र के इस प्रयास की खूब सराहना की। इस दौरान चौधरी श्याम सिंह, देवराज पहलवान, अक्षय बधेव और पप्पू मलिक कुड़ाना भी मौजूद रहे।
जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा
शामली। भारतीय किसान यूनियन के युवा जिला महासचिव अजेंद्र सिंह, देवराज पहलवान और अक्षय बधेव ने बुधवार को कलक्ट्रेट पहुंचकर जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने कहा कि जिला एनसीआर में शामिल होने के बाद डीजल और पेट्रोल वाहनों की समयावधि निर्धारित की गई है, जिसमें ट्रैक्टर को भी शामिल किया गया है। उनकी मांग है कि इस नियम से ट्रैक्टर को मुक्त कराया जाए। क्योंकि 15 साल पुराने डीजल वाहनों पर प्रतिबंध लगाए जाने से जिले के सैकड़ों किसानों के ट्रेक्टर भी इस नियम की जद में आ सकते हैं।
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जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा
शामली। भारतीय किसान यूनियन के युवा जिला महासचिव अजेंद्र सिंह, देवराज पहलवान और अक्षय बधेव ने बुधवार को कलक्ट्रेट पहुंचकर जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने कहा कि जिला एनसीआर में शामिल होने के बाद डीजल और पेट्रोल वाहनों की समयावधि निर्धारित की गई है, जिसमें ट्रैक्टर को भी शामिल किया गया है। उनकी मांग है कि इस नियम से ट्रैक्टर को मुक्त कराया जाए। क्योंकि 15 साल पुराने डीजल वाहनों पर प्रतिबंध लगाए जाने से जिले के सैकड़ों किसानों के ट्रेक्टर भी इस नियम की जद में आ सकते हैं।
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