{"_id":"5a26e9434f1c1bce408bb3ee","slug":"151512499523-shamli-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"एनसीआर में शामिल होने से शामली का होगा विकास","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एनसीआर में शामिल होने से शामली का होगा विकास
Updated Wed, 06 Dec 2017 12:34 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शामली।
एनसीआर में शामिल होने पर शामली जिले को कई दिशा में लाभ पहुंचने की संभावना है। क्योंकि अभी तक शामली में विकास की अपार संभावनाएं है। जमीन भी काफी है, जिससे औद्योगिक क्षेत्र विकसित होंगे। साथ ही सड़क और रेल मार्ग में सुधार होने की उम्मीद लोग लगा रहे हैं।
अभी तक शामली जिला विकास के क्षेत्र में अछूता रहा है। खासकर दिल्ली से कनेक्टिविटी ठीक न होने के कारण यहां उद्योग-व्यापार भी अपेक्षित विकसित नहीं हो रहा था। जिले को एनसीआर में शामिल किए जाने का व्यापारियों- उद्यमियों ने स्वागत किया हैं। व्यापारियों- उद्यमियो ने कहा कि एनसीआर में शामिल होने से जिले की विकास योजना तैयार होगी, बजट आने के बाद चहुंमुखी विकास हो पाएगा। पश्चिमी उत्तर प्रदेश संयुक्त उद्योग व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष घनश्याम दास गर्ग का कहना है कि वर्ष 2013 में शामली को एनसीआर में शामिल होने का मुद्दा उठाया था। शामली के पूर्व विधायक पंकज मलिक के नेतृत्व में दिल्ली में केंद्रीय शहरी विकास मंत्री से मिलकर मांग की थी। अब शामली जिले को एनसीआर में शामिल करके केंद्र सरकार से बजट आने पर जिले के विकास को पंख लगेंगे। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल के प्रदेश उपाध्यक्ष अंकित गोयल का कहना है कि एनसीआर में शामिल होने के बाद जिले में उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा। दिल्ली से आसपास के जिलो के उद्योगपतियों को नए उद्योग लगाने के अवसर प्राप्त हो पाएंगे। इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के चेयरमैन वेद प्रकाश आर्य, नवीन कुमार गर्ग का कहना है कि एनसीआर में शामिल होने से शिक्षा, उद्योग, सड़कें, पार्क, नई कालोनियां विकसित होंगे। एनसीआर में शामिल सभी सुविधाओं का लाभ मिलेगा। पानीपत-करनाल, रोहतक,सोनीपत हिसार की तर्ज पर जिला विकसित होगा। परिवहन सुविधाओं को बढा़वा मिलेगा। वहीं, शामली से भाजपा विधायक तेजेंद्र निर्वाल का कहना है कि जिले में विकास की अपार संभावनाएं हैं। दिल्ली से कनेक्टिविटी अच्छी होगी, तो एनसीआर की विकास परियोजनाएं लागू होने पर फायदा मिलेगा।
विज्ञापन
एनसीआर में शामिल होने पर शामली जिले को कई दिशा में लाभ पहुंचने की संभावना है। क्योंकि अभी तक शामली में विकास की अपार संभावनाएं है। जमीन भी काफी है, जिससे औद्योगिक क्षेत्र विकसित होंगे। साथ ही सड़क और रेल मार्ग में सुधार होने की उम्मीद लोग लगा रहे हैं।
अभी तक शामली जिला विकास के क्षेत्र में अछूता रहा है। खासकर दिल्ली से कनेक्टिविटी ठीक न होने के कारण यहां उद्योग-व्यापार भी अपेक्षित विकसित नहीं हो रहा था। जिले को एनसीआर में शामिल किए जाने का व्यापारियों- उद्यमियों ने स्वागत किया हैं। व्यापारियों- उद्यमियो ने कहा कि एनसीआर में शामिल होने से जिले की विकास योजना तैयार होगी, बजट आने के बाद चहुंमुखी विकास हो पाएगा। पश्चिमी उत्तर प्रदेश संयुक्त उद्योग व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष घनश्याम दास गर्ग का कहना है कि वर्ष 2013 में शामली को एनसीआर में शामिल होने का मुद्दा उठाया था। शामली के पूर्व विधायक पंकज मलिक के नेतृत्व में दिल्ली में केंद्रीय शहरी विकास मंत्री से मिलकर मांग की थी। अब शामली जिले को एनसीआर में शामिल करके केंद्र सरकार से बजट आने पर जिले के विकास को पंख लगेंगे। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल के प्रदेश उपाध्यक्ष अंकित गोयल का कहना है कि एनसीआर में शामिल होने के बाद जिले में उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा। दिल्ली से आसपास के जिलो के उद्योगपतियों को नए उद्योग लगाने के अवसर प्राप्त हो पाएंगे। इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के चेयरमैन वेद प्रकाश आर्य, नवीन कुमार गर्ग का कहना है कि एनसीआर में शामिल होने से शिक्षा, उद्योग, सड़कें, पार्क, नई कालोनियां विकसित होंगे। एनसीआर में शामिल सभी सुविधाओं का लाभ मिलेगा। पानीपत-करनाल, रोहतक,सोनीपत हिसार की तर्ज पर जिला विकसित होगा। परिवहन सुविधाओं को बढा़वा मिलेगा। वहीं, शामली से भाजपा विधायक तेजेंद्र निर्वाल का कहना है कि जिले में विकास की अपार संभावनाएं हैं। दिल्ली से कनेक्टिविटी अच्छी होगी, तो एनसीआर की विकास परियोजनाएं लागू होने पर फायदा मिलेगा।
विज्ञापन