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सहपत और डुंडूखेड़ा अग्निकांड की जांच शुरू
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अमर उजाला ब्यूरो
कैराना। दो दिन पूर्व सहपत और डुंडूखेड़ा में हुए अग्निकांड को लेकर प्रशासन की ओर से गठित पांच टीमों ने सर्वे शुरू कर दिया है। मंडी समिति की ओर से पीड़ित किसानों को मुआवजे के लिए आवेदन फार्म वितरित किए है।
शनिवार को गांव सहपत के जंगल में भयंकर आग लग गई थी। तेज हवाओं के चलते आग कांधला थानाक्षेत्र के ग्राम डुंडूखेड़ा तक फैल गई थी। इससे किसानों की करीब दो हजार बीघा गेहूं की फसल जलकर स्वाह हो गई थी। इस दौरान कृषि यंत्र भी फुंक गए थे। आग से भारी नुकसान को देखते हुए कानूनगो और लेखपालों की पांच टीमें गठित की गई थी। इनका प्रभारी नायब तहसीलदार सुरेंद्र सिंह को बनाया गया है। एक ओर जहां सभी टीमें गांव में क्षति का तेजी के साथ सर्वे कर आग के कारणों का पता लगाने में जुटी हुई है, वहीं एसडीएम के निर्देश पर मंडी समिति की ओर से दोनों गांवों में प्रधानों के माध्यम से मुआवजे के लिए आवेदन फार्म वितरित कराए गए है। एसडीएम डा. अमित पाल शर्मा का कहना है कि पीड़ित किसान आवेदन फार्म को भरकर जमा करेंगे। इसके बाद प्रशासनिक टीम सर्वे करेगी तथा मंडी समिति की ओर से जांच उपरांत ही किसानों को मुआवजा दिया जाएगा।
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कैराना। दो दिन पूर्व सहपत और डुंडूखेड़ा में हुए अग्निकांड को लेकर प्रशासन की ओर से गठित पांच टीमों ने सर्वे शुरू कर दिया है। मंडी समिति की ओर से पीड़ित किसानों को मुआवजे के लिए आवेदन फार्म वितरित किए है।
शनिवार को गांव सहपत के जंगल में भयंकर आग लग गई थी। तेज हवाओं के चलते आग कांधला थानाक्षेत्र के ग्राम डुंडूखेड़ा तक फैल गई थी। इससे किसानों की करीब दो हजार बीघा गेहूं की फसल जलकर स्वाह हो गई थी। इस दौरान कृषि यंत्र भी फुंक गए थे। आग से भारी नुकसान को देखते हुए कानूनगो और लेखपालों की पांच टीमें गठित की गई थी। इनका प्रभारी नायब तहसीलदार सुरेंद्र सिंह को बनाया गया है। एक ओर जहां सभी टीमें गांव में क्षति का तेजी के साथ सर्वे कर आग के कारणों का पता लगाने में जुटी हुई है, वहीं एसडीएम के निर्देश पर मंडी समिति की ओर से दोनों गांवों में प्रधानों के माध्यम से मुआवजे के लिए आवेदन फार्म वितरित कराए गए है। एसडीएम डा. अमित पाल शर्मा का कहना है कि पीड़ित किसान आवेदन फार्म को भरकर जमा करेंगे। इसके बाद प्रशासनिक टीम सर्वे करेगी तथा मंडी समिति की ओर से जांच उपरांत ही किसानों को मुआवजा दिया जाएगा।
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