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कागजों में मर चुके ओमप्रकाश ने भेजा अफसरों को पत्र, कहा-साहब मैं जिंदा हूं
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कागजों में मर चुके ओमप्रकाश ने भेजा अफसरों को पत्र, कहा- साहब मैं जिंदा हूं
शाहजहांपुर। तिलहर थाना क्षेत्र के गांव फत्तेपुर निवासी ओमप्रकाश ने एसडीएम समेत कई अधिकारियों को पत्र भेजा है। उसने कहा है कि वह जिंदा है।
अफसरों ने एक साल पहले उसे कागज में मृत घोषित कर दिया। इसके चलते उसकी वृद्धावस्था पेंशन तक बंद हो गई। ओमप्रकाश ने पत्र में बताया कि अधिकारियों की लापरवाही के कारण उसका बैंक का खाता होल्ड कर दिया गया। खाते का रुपया तक नहीं निकाल पा रहा। कागजों में मृत ओमप्रकाश जिंदा होने का प्रमाण दे रहे हैं। वह अधिकारियों के दफ्तरों में एक साल से जा रहे हैं लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हो रही है। ओमप्रकाश ने बताया कि अधिकारी कागजों पर ही भरोसा कर रहे हैं। वह सामने खड़े होकर जिंदा होने का सुबूत दे रहे हैं लेकिन कोई मानने को तैयार नहीं है। समाज कल्याण अधिकारी समेत कई अफसर उसकी सुनने के बजाय टरका रहे हैं।
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शाहजहांपुर। तिलहर थाना क्षेत्र के गांव फत्तेपुर निवासी ओमप्रकाश ने एसडीएम समेत कई अधिकारियों को पत्र भेजा है। उसने कहा है कि वह जिंदा है।
अफसरों ने एक साल पहले उसे कागज में मृत घोषित कर दिया। इसके चलते उसकी वृद्धावस्था पेंशन तक बंद हो गई। ओमप्रकाश ने पत्र में बताया कि अधिकारियों की लापरवाही के कारण उसका बैंक का खाता होल्ड कर दिया गया। खाते का रुपया तक नहीं निकाल पा रहा। कागजों में मृत ओमप्रकाश जिंदा होने का प्रमाण दे रहे हैं। वह अधिकारियों के दफ्तरों में एक साल से जा रहे हैं लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हो रही है। ओमप्रकाश ने बताया कि अधिकारी कागजों पर ही भरोसा कर रहे हैं। वह सामने खड़े होकर जिंदा होने का सुबूत दे रहे हैं लेकिन कोई मानने को तैयार नहीं है। समाज कल्याण अधिकारी समेत कई अफसर उसकी सुनने के बजाय टरका रहे हैं।