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घायल मुस्तफा को घर ले गए भाई जावेद

Sat, 26 Nov 2016 11:44 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो तिहलर।
अमर उजाला ब्यूरो तिहलर। Updated Sat, 26 Nov 2016 11:44 PM IST
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Mustafa took home the wounded brother Javed
अपहरण - फोटो : अमर उजाला
मुस्तफा का अपहरण क्यों किया नहीं लगी जानकारी
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शुक्रवार रात हाइवे पर घायलावस्था में गश्ती पुलिस को मिले अपह्रत मुस्तफा हुसैन को सरकारी अस्पताल में इलाज के बाद सूचना पर गोला गोकरणनाथ से तिलहर पहुंचे बडे़ भाई जावेद व उनके साले रिजवान घायल मुस्तफा को रात दो बजे अपने घर गोला वापस ले गये। 
तिलहर के सरकारी अस्पताल में रात 10 बजे खून से लथपथ घायलावस्था में पहुंचे 32 वर्षीय मुस्तफा हुसैन ने कहा कि बीती 31 अक्तूबर को वह घर से साइकिल लेकर अपने बडे़ भाई जावेद शू मर्चेंट की दुकान पर जा रहा था। रास्ते में वह अचानक बेहोश हो गया। होश में आने पर उसने अपने को एक कमरे में बंद पाया। कमरे में चार लोग मौजूद थे। उन्होने कुछ खाने पीने को दिया। बताया कि वह लगातार उसी कमरे में बंद रहा। 
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मुस्तफा का कहना है कि एक दिन उन लोगों ने मुझसे काम पर ले जाने को कहा मैंने आंखो से नजर कम पड़ने की बात कहकर काम करने से मना कर दिया। ऐसा कहने पर वे लोग मुझे काम पर नहीं ले गये। मुझे उसी कमरे में लगातार कैद रखा। वही चारों लोग मेरे सामने आया करते थे। 
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मुस्तफा ने बताया कि अभी कुछ देर पहले वही लोग मुझे एक चौपहिया गाड़ी से यहां लाए तथा सूनसान सड़क पर उतार दिया। बकौल मुस्तफा वह कुछ दूर ही चला था इसी बीच एक पत्थर का टुकड़ा मेरे सिर पर पीछे से लगा, जिससे हमारा सिर फट गया। कुछ संभलने के बाद हम कुछ दूर आगे बढ़े तब पुलिस वाले हमे मिल गये तथा वे मुझे यहां तिलहर अस्पताल छोड़ कर चले गये। 
डा. आलोक जायसवाल ने बताया कि दो पुलिसकर्मी इस घायल मुस्तफा को यहां छोड़ गए हैं। इसका सिर फट गया है। इसे प्राथमिक उपचार दे दिया गया है। मुस्तफा ने अपने पिता का नाम फसाहद हुसैन निवासी मोहल्ला निजीभूड़ गोला गोकरणनाथ बताया तथा छह भाइयों में अपने को चौथे नंबर पर बताते हुए शादी होने से इंकार किया है। 

उधर तिलहर अस्पताल रात दो बजे पहुंचे मुस्तफा के बडे भाई जाबेद हुसैन व उनके साले शाहजहाँपुर निवासी रिजवान ने बताया कि मुस्तफा बीती 31 अक्तूबर से गोला से लापता है। वह धर से साइकिल लेकर दुकान के लिए चला था तब से लापता है। गोला के थाने में गुमशुदगी भी दर्ज है। मुस्तफा का किसने क्यों अपहरण किया यह बात समझ में नही आ रही है। फिलहाल मुस्तफा सकुशल मिल गया यह खुशी की बात है।
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