{"_id":"5996e2674f1c1b6e438b46a5","slug":"201503060583-shahjahanpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"लापता युवक का शव शारदा नहर से बरामद","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
लापता युवक का शव शारदा नहर से बरामद
Updated Fri, 18 Aug 2017 06:19 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मकसूदापुर/ बंडा(शाहजहांपुर)। 16 अगस्त की दोपहर से गायब पूरनपुर निवासी महंत विजय मिश्रा का शव शुक्रवार को बंडा क्षेत्र में शारदा नहर से बरामद किया गया। बंडा पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। मृतक के भाई ने संपत्ति विवाद में हत्या की आशंका जताई है।
पूरनपुर के मोहल्ला साहूकारा निवासी 36 वर्षीय विजय मिश्रा की ससुराल पूरनपुर क्षेत्र के ही घुंघचहाई गांव में है। उनकी पत्नी की मौत हो चुकी है। विजय मिश्रा की दो पुत्रियां नौ वर्षीय माही और सात वर्षीय तनु अपनी नानी के पास रहकर पढ़ रही हैं। 16 अगस्त को विजय ससुराल गए थे। वह दोनों पुत्रियों के स्कूल जाकर उनकी फीस जमा करने के बाद घर जाने की बात कहकर वापस चले गए। 16 अगस्त की शाम उनकी बाइक शारदा नहर के टूटा पुल पर खड़ी मिली। बाइक में टंगे थैले में विजय का मोबाइल भी रखा था। घुंघचहाई पुलिस ने मोबाइल में फीड नंबरों पर कॉल की तो जानकारी मिली कि मोबाइल और बरामद बाइक विजय मिश्रा की है। इसके बाद उनकी तलाश हुई, लेकिन कोई पता नहीं चल सका था।
शुक्रवार सुबह कुछ लोगों ने बंडा क्षेत्र में भांवी पुल के पास शारदा नहर में शव पड़ा देखा। जानकारी पाकर पुलिस मौके पर पहुंची। उधर, विजय को तलाश रहे उनके भाई अजय आदि भी मौके पर पहुंचे। शव की पहचान होते ही विजय के घर में कोहराम मच गया। शव पर चोट के तमाम निशान हैं। भाई अजय मिश्रा ने संपत्ति विवाद के चलते भाई की हत्या की आशंका जताई है। एसओ महेंद्र सिंह ने बताया कि घटना स्थल पूरनपुर क्षेत्र का है। रिपोर्ट आदि की कार्रवाई पूरनपुर ही की जाएगी। बंडा पुलिस ने पोस्टमार्टम करा दिया है।
विज्ञापन
कहीं संपत्ति विवाद में तो नहीं हुई विजय की हत्या
मकसूदापुर/बंडा। भांवी पुल के पास शारदा नहर से जिस विजय मिश्रा का शव बरामद हुआ है। उनका संपत्ति को लेकर विवाद चल रहा था। इस कारण संपत्ति को लेकर हत्या की आशंका जताई जा रही है।
विजय मिश्रा की ससुराल में उनकी सास उर्मिला देवी और साली बीनू अपने पति के साथ रहती हैं। उर्मिला देवी के कोई पुत्र नहीं होने पर अपनी छोटी पुत्री बीनू और दामाद को अपने पास रख लिया है। जबकि विजय मिश्रा की दोनों पुत्रियां उनके पास रहती हैं। 16 अगस्त को विजय मिश्रा ससुराल आए थे और पुत्रियों की फीस आदि जमा कर वापस चले गए। बताया जाता है कि ससुराल पक्ष से उनका कुछ मनमुटाव चल रहा था। विजय मिश्रा के नाना महंत सियादास पीलीभीत के दिउरिया थाना क्षेत्र में नूरपुर नूरामढ़ी के महंत थे। उन्होंने विजय मिश्रा को संपत्ति की वसीयत कर दी थी। नाना की मौत के बाद विजय मिश्रा अपने नाम के आगे महंत लगा कर मढ़ी पर पूजा पाठ करने लगे। बाद में उन्होंने मढ़ी पर एक पुजारी रख दिया था। विजय के नाना की संपत्ति पर कई अन्य लोग भी विरासत के आधार पर दावा कर रहे थे। मढ़ी की यह 18 से 20 एकड़ जमीन और अन्य संपत्ति मुकदमा जीतने के बाद विजय मिश्रा के पास थी। जमीन उन्होंने ठेके पर उठा रखी थी। इसको लेकर भी कुछ लोगों से उनकी रंजिश चल रही थी।
कई तथ्य हत्या की ओर कर रहे इशारा
मकसूदापुर/ बंडा। विजय मिश्रा का शव मिलने के बाद मौत की असली वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही पता लग सकेगी, लेकिन तमाम तथ्य ऐसे हैं जो विजय मिश्रा की हत्या की ओर इशारा कर रहे हैं।
विजय मिश्रा का शव शुक्रवार को नहर से बरामद हुआ। उनके शव का कमर से नीचे का हिस्सा नग्न था। ऊपरी हिस्से में शर्ट फंसी थी। उनकी पैंट बाइक में टंगे थैले से मिली है। पैंट में मोबाइल आदि भी रखा था। यदि एक बार को यह मान लिया जाए कि मामला आत्महत्या से जुड़ा है, तो बड़ा सवाल है कि आत्महत्या करने वाला कपड़े निकालने की क्यों सोचेगा। यदि कपड़े निकालेगा तो पैंट ही क्यों निकाली, शर्ट क्यों नहीं निकाली। इसके अलावा विजय मिश्रा की अंडरवियर कहां गायब हो गई। शव पर चोटों के तमाम निशान मिले हैं। शव पर चोटों के निशान कैसे आए, यह भी जांच का विषय है। शरीर पर खून बहने के निशान भी मिले हैं। इससे साफ है कि मौत से पहले उन्हें चोट भी लगी। यह चोट कहां और कैसे लगी। विजय की बाइक टूटा पुल पर किसने खड़ी की। बताते चलें कि टूटा पुल के पास एक दुकानदार दिन और रात मौजूद रहता है, उसने किसी को भी पुल से कूदते नहीं देखा। इसी व्यक्ति ने लावारिस बाइक की सूचना पुलिस को दी थी, लेकिन बाइक कौन खड़ी कर गया, इसकी जानकारी उसे नहीं है।
विज्ञापन
पूरनपुर के मोहल्ला साहूकारा निवासी 36 वर्षीय विजय मिश्रा की ससुराल पूरनपुर क्षेत्र के ही घुंघचहाई गांव में है। उनकी पत्नी की मौत हो चुकी है। विजय मिश्रा की दो पुत्रियां नौ वर्षीय माही और सात वर्षीय तनु अपनी नानी के पास रहकर पढ़ रही हैं। 16 अगस्त को विजय ससुराल गए थे। वह दोनों पुत्रियों के स्कूल जाकर उनकी फीस जमा करने के बाद घर जाने की बात कहकर वापस चले गए। 16 अगस्त की शाम उनकी बाइक शारदा नहर के टूटा पुल पर खड़ी मिली। बाइक में टंगे थैले में विजय का मोबाइल भी रखा था। घुंघचहाई पुलिस ने मोबाइल में फीड नंबरों पर कॉल की तो जानकारी मिली कि मोबाइल और बरामद बाइक विजय मिश्रा की है। इसके बाद उनकी तलाश हुई, लेकिन कोई पता नहीं चल सका था।
विज्ञापन
शुक्रवार सुबह कुछ लोगों ने बंडा क्षेत्र में भांवी पुल के पास शारदा नहर में शव पड़ा देखा। जानकारी पाकर पुलिस मौके पर पहुंची। उधर, विजय को तलाश रहे उनके भाई अजय आदि भी मौके पर पहुंचे। शव की पहचान होते ही विजय के घर में कोहराम मच गया। शव पर चोट के तमाम निशान हैं। भाई अजय मिश्रा ने संपत्ति विवाद के चलते भाई की हत्या की आशंका जताई है। एसओ महेंद्र सिंह ने बताया कि घटना स्थल पूरनपुर क्षेत्र का है। रिपोर्ट आदि की कार्रवाई पूरनपुर ही की जाएगी। बंडा पुलिस ने पोस्टमार्टम करा दिया है।
विज्ञापन
कहीं संपत्ति विवाद में तो नहीं हुई विजय की हत्या
मकसूदापुर/बंडा। भांवी पुल के पास शारदा नहर से जिस विजय मिश्रा का शव बरामद हुआ है। उनका संपत्ति को लेकर विवाद चल रहा था। इस कारण संपत्ति को लेकर हत्या की आशंका जताई जा रही है।
विजय मिश्रा की ससुराल में उनकी सास उर्मिला देवी और साली बीनू अपने पति के साथ रहती हैं। उर्मिला देवी के कोई पुत्र नहीं होने पर अपनी छोटी पुत्री बीनू और दामाद को अपने पास रख लिया है। जबकि विजय मिश्रा की दोनों पुत्रियां उनके पास रहती हैं। 16 अगस्त को विजय मिश्रा ससुराल आए थे और पुत्रियों की फीस आदि जमा कर वापस चले गए। बताया जाता है कि ससुराल पक्ष से उनका कुछ मनमुटाव चल रहा था। विजय मिश्रा के नाना महंत सियादास पीलीभीत के दिउरिया थाना क्षेत्र में नूरपुर नूरामढ़ी के महंत थे। उन्होंने विजय मिश्रा को संपत्ति की वसीयत कर दी थी। नाना की मौत के बाद विजय मिश्रा अपने नाम के आगे महंत लगा कर मढ़ी पर पूजा पाठ करने लगे। बाद में उन्होंने मढ़ी पर एक पुजारी रख दिया था। विजय के नाना की संपत्ति पर कई अन्य लोग भी विरासत के आधार पर दावा कर रहे थे। मढ़ी की यह 18 से 20 एकड़ जमीन और अन्य संपत्ति मुकदमा जीतने के बाद विजय मिश्रा के पास थी। जमीन उन्होंने ठेके पर उठा रखी थी। इसको लेकर भी कुछ लोगों से उनकी रंजिश चल रही थी।
कई तथ्य हत्या की ओर कर रहे इशारा
मकसूदापुर/ बंडा। विजय मिश्रा का शव मिलने के बाद मौत की असली वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही पता लग सकेगी, लेकिन तमाम तथ्य ऐसे हैं जो विजय मिश्रा की हत्या की ओर इशारा कर रहे हैं।
विजय मिश्रा का शव शुक्रवार को नहर से बरामद हुआ। उनके शव का कमर से नीचे का हिस्सा नग्न था। ऊपरी हिस्से में शर्ट फंसी थी। उनकी पैंट बाइक में टंगे थैले से मिली है। पैंट में मोबाइल आदि भी रखा था। यदि एक बार को यह मान लिया जाए कि मामला आत्महत्या से जुड़ा है, तो बड़ा सवाल है कि आत्महत्या करने वाला कपड़े निकालने की क्यों सोचेगा। यदि कपड़े निकालेगा तो पैंट ही क्यों निकाली, शर्ट क्यों नहीं निकाली। इसके अलावा विजय मिश्रा की अंडरवियर कहां गायब हो गई। शव पर चोटों के तमाम निशान मिले हैं। शव पर चोटों के निशान कैसे आए, यह भी जांच का विषय है। शरीर पर खून बहने के निशान भी मिले हैं। इससे साफ है कि मौत से पहले उन्हें चोट भी लगी। यह चोट कहां और कैसे लगी। विजय की बाइक टूटा पुल पर किसने खड़ी की। बताते चलें कि टूटा पुल के पास एक दुकानदार दिन और रात मौजूद रहता है, उसने किसी को भी पुल से कूदते नहीं देखा। इसी व्यक्ति ने लावारिस बाइक की सूचना पुलिस को दी थी, लेकिन बाइक कौन खड़ी कर गया, इसकी जानकारी उसे नहीं है।