{"_id":"695d70ee6df080d483048639","slug":"contract-workers-staged-a-protest-at-the-se-office-opposing-the-layoffs-shahjahanpur-news-c-122-1-sbly1042-162288-2026-01-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Shahjahanpur News: एसई कार्यालय पर संविदाकर्मियों का धरना, छंटनी का विरोध किया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Shahjahanpur News: एसई कार्यालय पर संविदाकर्मियों का धरना, छंटनी का विरोध किया
विज्ञापन
शाहजहांपुर में एसई कार्यालय में धरना देते विद्युत संविदा मजदूर संगठन के पदाधिकारी। संवाद
शाहजहांपुर। विद्युत संविदा मजदूर संगठन ने श्रम कानूनों और वर्ष 2017 के मानकों का उल्लंघन करते हुए छंटनी किए जाने के विरोध में कृष्णानगर कॉलोनी स्थित एसई कार्यालय पर धरना दिया। इस बीच कारपोरेशन के अध्यक्ष को संबोधित ज्ञापन अधीक्षण अभियंता अनुज प्रताप सिंह को दिया गया।
मंगलवार को संविदाकर्मी नारेबाजी करते हुए एसई कार्यालय में पहुंचे और दरी बिछाकर धरने पर बैठ गए। उन्होंने जोरदार तरीके से अपनी आवाज को बुलंद किया। मध्यांचल अध्यक्ष अशोक पाल ने कहा कि निरंतर काम के बोझ के बावजूद पिछले दो साल में लगभग 25 हजार संविदाकर्मियों की छंटनी की गई। वर्ष 2017 के मानकों व श्रम कानूनों का उल्लंघन करते हुए कर्मी अब भी हटाए जा रहे हैं।
इस बीच ज्ञापन में पूर्वांचल और दक्षिणांचल वितरण निगम के निजीकरण को रोकने, श्रमिकों को 22 हजार व लाइनमैन, एसएसओ व कंप्यूटर ऑपरेटर को 25 हजार रुपये देने, संविदा कर्मियों को निगम से सीधे भुगतान करने आदि की मांग की गई।धरना देने वालाें में प्रांतीय अध्यक्ष नवल किशोर पाल, राजेश कुमार, अशोक सक्सेना, मुनीश पाल आदि शामिल रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
मंगलवार को संविदाकर्मी नारेबाजी करते हुए एसई कार्यालय में पहुंचे और दरी बिछाकर धरने पर बैठ गए। उन्होंने जोरदार तरीके से अपनी आवाज को बुलंद किया। मध्यांचल अध्यक्ष अशोक पाल ने कहा कि निरंतर काम के बोझ के बावजूद पिछले दो साल में लगभग 25 हजार संविदाकर्मियों की छंटनी की गई। वर्ष 2017 के मानकों व श्रम कानूनों का उल्लंघन करते हुए कर्मी अब भी हटाए जा रहे हैं।
विज्ञापन
इस बीच ज्ञापन में पूर्वांचल और दक्षिणांचल वितरण निगम के निजीकरण को रोकने, श्रमिकों को 22 हजार व लाइनमैन, एसएसओ व कंप्यूटर ऑपरेटर को 25 हजार रुपये देने, संविदा कर्मियों को निगम से सीधे भुगतान करने आदि की मांग की गई।धरना देने वालाें में प्रांतीय अध्यक्ष नवल किशोर पाल, राजेश कुमार, अशोक सक्सेना, मुनीश पाल आदि शामिल रहे।
विज्ञापन