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पोलियो डे का बायकाट कर मांगी मानदेय में बढ़ोतरी 19-20-11
Updated Sun, 02 Jul 2017 07:35 PM IST
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शाहजहांपुर। मानदेय मेें बढ़ोत्तरी की मांग को लेकर जिले की आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों ने रविवार को पल्स पोलियो डे का बहिष्कार किया। मांग को लेकर महिला आंगनबाड़ी कर्मचारी संघ के प्रांतीय नेतृत्व और सरकार के बीच हुई वार्ता को देखते आंगनबाड़ी कार्यकत्रियां राजपत्रित अवकाश के बावजूद खिरनीबाग के जीआईसी ग्राउंड पर इकट्ठा हुईं। इस मौके पर संघ की पदाधिकारियों ने सरकार द्वारा मानदेय के मुद्दे पर उच्चस्तरीय कमेटी बनाए जाने का हवाला देते हुए हड़ताल स्थगित करने की घोषणा की।
संघ के प्रांतीय आह्वान पर आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों ने 15000 रुपये मासिक मानदेय भुगतान की मांग को लेकर शनिवार से अनिश्चितकालीन कलमबंद हड़ताल शुरू की थी। सभी ने बेमियादी हड़ताल जारी रखने का संकल्प लिया। साथ ही मांग पूरी होने तक पल्स पोलियो प्रतिरक्षण अभियान में कोई सहयोग नहीं करने का ऐलान किया था।
इस फैसले के अनुरूप आंगनबाड़ी कार्यकत्रियां रविवार सुबह पोलियो बूथों पर जाने के बजाय जीआईसी ग्राउंड के धरना स्थल पर पहुंचीं। वहां हुई सभा में संघ की जिलाध्यक्ष पद्मा रस्तोगी ने बताया कि हड़ताल के पहले दिन सरकार ने मांग का संज्ञान लेते हुए संघ के प्रांतीय प्रतिनिधि मंडल से वार्ता की। द्विपक्षीय वार्ता से तय हुआ कि सरकार उच्चाधिकारियों की एक कमेटी बनाएगी, जो समीक्षा करके अपनी रिपोर्ट देगी और उसी रिपोर्ट के आधार पर कार्यकत्रियों व सहायिकाओं के मानदेय में वृद्धि पर विचार किया जाएगा।
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संगठन के जिला प्रभारी विश्व मोहन भारद्वाज ने कहा कि सरकार द्वारा मुख्य मांग सैद्धांतिक रूप से स्वीकार कर लिए जाने और अन्य लंबित देयकों का भुगतान जल्द कराने पर सहमति देने के बाद हड़ताल पर बने रहने का कोई औचित्य नहीं रह गया है। उन्होंने कहा कि सरकार अपने वादे से पलटी तो आंगनबाड़ी केंद्रों पर फिर से ताले डाल दिए जाएंगे। इस मौके पर बिंदेश्वरी देवी, मधुबाला मिश्रा, अर्चना देवी, शमां परवीन, सावित्री देवी, कुसुमलता पांडेय, विमला मिश्रा, सदावती, नीरज, शशि देवी आदि मौजूद रहीं।
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संघ के प्रांतीय आह्वान पर आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों ने 15000 रुपये मासिक मानदेय भुगतान की मांग को लेकर शनिवार से अनिश्चितकालीन कलमबंद हड़ताल शुरू की थी। सभी ने बेमियादी हड़ताल जारी रखने का संकल्प लिया। साथ ही मांग पूरी होने तक पल्स पोलियो प्रतिरक्षण अभियान में कोई सहयोग नहीं करने का ऐलान किया था।
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इस फैसले के अनुरूप आंगनबाड़ी कार्यकत्रियां रविवार सुबह पोलियो बूथों पर जाने के बजाय जीआईसी ग्राउंड के धरना स्थल पर पहुंचीं। वहां हुई सभा में संघ की जिलाध्यक्ष पद्मा रस्तोगी ने बताया कि हड़ताल के पहले दिन सरकार ने मांग का संज्ञान लेते हुए संघ के प्रांतीय प्रतिनिधि मंडल से वार्ता की। द्विपक्षीय वार्ता से तय हुआ कि सरकार उच्चाधिकारियों की एक कमेटी बनाएगी, जो समीक्षा करके अपनी रिपोर्ट देगी और उसी रिपोर्ट के आधार पर कार्यकत्रियों व सहायिकाओं के मानदेय में वृद्धि पर विचार किया जाएगा।
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संगठन के जिला प्रभारी विश्व मोहन भारद्वाज ने कहा कि सरकार द्वारा मुख्य मांग सैद्धांतिक रूप से स्वीकार कर लिए जाने और अन्य लंबित देयकों का भुगतान जल्द कराने पर सहमति देने के बाद हड़ताल पर बने रहने का कोई औचित्य नहीं रह गया है। उन्होंने कहा कि सरकार अपने वादे से पलटी तो आंगनबाड़ी केंद्रों पर फिर से ताले डाल दिए जाएंगे। इस मौके पर बिंदेश्वरी देवी, मधुबाला मिश्रा, अर्चना देवी, शमां परवीन, सावित्री देवी, कुसुमलता पांडेय, विमला मिश्रा, सदावती, नीरज, शशि देवी आदि मौजूद रहीं।