फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sant Kabir Nagar News ›   Operation of three cow shelters in Hansar stopped

Sant Kabir Nagar News: हैंसर में तीन गोआश्रय केंद्रों का संचालन ठप

Sun, 01 Mar 2026 03:00 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Sun, 01 Mar 2026 03:00 AM IST
विज्ञापन
Operation of three cow shelters in Hansar stopped
बंद पड़ा गौ आश्रय केंद्र कोचरी-संवाद
- खेतों को नुकसान पहुंचा रहे छुट्टा पशु
विज्ञापन

- पिछले वर्ष 20 अक्तूबर के शासनादेश के बाद अब हैंसर ब्लाॅक में चार में से सिर्फ एक गोआश्रय केंद्र का हो रहा संचालन
संवाद न्यूज एजेंसी

धनघटा। विकास खंड हैंसर बाजार के चार में तीन गोआश्रय केंद्रों का संचालन ठप है। पिछले वर्ष 20 अक्तूबर को जारी शासनादेश के अनुसार जिस केंद्र पर पशुओं की संख्या 30 से कम थी, वहां के पशुओं को बृहद गोआश्रय केंद्रों में भेजने का निर्देश हुआ। निर्देश के क्रम में हैंसर ब्लाॅक में तीन अस्थायी गोआश्रय केंद्र बंद हो गए। वहां मौजूद पशुओं को बृहद गोआश्रय केंद्र मझौरा भेज दिया गया।
दूसरी तरफ गोआश्रय केंद्र बंद होने का सीधा असर हैंसर ब्लाॅक के सिवानो में दिखाई देने लगा है। जहां दर्जनों छुट्टा गोवंश रबी फसलों को बर्बाद कर रहे हैं। इससे किसान चिंता में हैं। हैंसर ब्लाॅक में छुट्टा गोवंशों को अस्थायी गोआश्रय में रखने के लिए मुंडेरा शुक्ल, कोचरी, खैराटी तथा कटया में गोआश्रय केंद्र खोले गए। इसके बाद छुट्टा गोवंशों को अस्थायी गोआश्रय केंद्रों में रखने से क्षेत्र के किसानों को राहत मिली। लेकिन यह राहत बहुत दिनों तक नहीं चल सकी। गोआश्रय केंद्रों में बरती जाने वाली लापरवाही के चलते छुट्टा गोवंशों को पकड़ कर गोआश्रय केंद्रों पर न लाए जाने से अस्थायी गोआश्रय केंद्रों पर पशुओं की संख्या लगातार कम होने लगी।
विज्ञापन

इस बीच पिछले वर्ष 20 अक्तूबर को जारी शासनादेश के तहत उन गोआश्रय केंद्रों में जहां पशुओं की संख्या 30 से कम रह गई वहां के पशुओं को वृहद गोआश्रय केंद्रों में भेज दिया गया। इससे हैंसर क्षेत्र में मुंडेरा शुक्ल, खैराटी व कोचरी में अस्थायी गो आश्रय केंद्रों का संचालन ठप हो गया। दूसरी तरफ केंद्रों के बंद होने का असर यह रहा कि क्षेत्र में छुट्टा गोवंशों की बाढ़ आ गई।
विज्ञापन
विज्ञापन

मुंडेरा शुक्ल, खैराटी, जिगिना तामा, बंसवारी गांव, बरांव, भैसहीं, औटना, डेबरी, जगदीशपुर, गोपीपुर आदि गांवों के सिवानो में छुट्टा गोवंश रबी फसलों को निशाना बना रहे हैं। क्षेत्र के राम अवध, हरिराम, फूलचंद, राम आशरे, अभिमन्यु, राम चरन आदि किसानों ने बताया कि रात में झुंड में पहुंच रहे छुट्टा गोवंश खेतों में गेहूं, सरसों, मटर आदि की फसलों को बर्बाद कर रहे हैं। किसानों ने कहा कि छुट्टा पशुओं की तादाद लगातार बढ़ने से फसलों की सुरक्षा खतरे में पड़ गई है। छुट्टा पशुओं को पकड़ने में जिम्मेदार भी बेपरवाह बने हैं। अस्थायी गोआश्रय केंद्र बंद होने से क्षेत्र में छुट्टा घूम रहे गोवंशों को पकड़ने का अभियान भी बंद हो गया है।

0000000000

शासन के निर्देश के क्रम में जिन गोआश्रय केंद्रों पर 30 से काम पशु थे। उसे बंद करके वहां के पशुओं को वृहद गोआश्रय केंद्र मझौरा में भेज दिया गया है। अगर कहीं पर छुट्टा पशु हैं तो उन्हें पकड़वाया जाएगा।
-कृष्ण कुमार दुबे, बीडीओ, हैंसर
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed