फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sant Kabir Nagar News ›   meeting

स्वयं सहायता समूहों की 24 हजार महिलाओं को मिलेगा पोषण भत्ता

Sat, 12 Jun 2021 11:28 PM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Sat, 12 Jun 2021 11:28 PM IST
विज्ञापन
meeting
स्वयं सहायता समूहों की 24 हजार महिलाओं को मिलेगा पोषण भत्ता
विज्ञापन

अपर मुख्य सचिव ने वर्चुअल मीटिंग में अफसरों को दिया निर्देश, जिले के नौ ब्लॉकों में हैं 2415 समूह
अमर उजाला ब्यूरो
संतकबीरनगर। कोरोना संक्रमण काल में दैनिक कार्य कर आजीविका चलाने वालों को शासन की ओर से प्रति परिवार 1000 रुपये का भरण पोषण भत्ता दिया जाएगा। इससे जिले में संचालित 2415 स्वयं सहायता समूहों की 24 हजार से अधिक महिलाएं भी लाभान्वित होंगी। इस संबंध में सीडीओ ने संबंधित अफसरों से तीन दिन में वेबसाइट पर पूर्ण विवरण अपलोड करने का निर्देश दिया है और रिपोर्ट मांगी है।
कोरोना संक्रमण काल में रोज कमाने वालों के समक्ष आर्थिक संकट उत्पन्न हो गया है। ऐसे में ठेला, खोमचा, रेहड़ी, पटरी व्यवसायी और दिहाड़ी मजदूरी करने वालों के साथ ही स्वयं सहायता समूह से जुड़ी महिलाओं की सुध सरकार ने ली है। ऐसे लोगों को प्रति परिवार 1000 रुपये प्रतिमाह पोषण भत्ता के रूप में दिया जाएगा। कोरोना संक्रमण व लॉकडाउन के दौर में स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं जैसे दोना पत्तल, अगरबत्ती, पापड़ बनाने, सिलाई,कढ़ाई, वर्मी कंपोस्ट बनाने वाली महिलाएं काफी परेशान हैं।
विज्ञापन

अपर मुख्य सचिव मनोज कुमार सिंह की ओर से शुक्रवार को ग्राम्य विकास एवं पंचायती राज द्वारा अधिकारियों की वर्चुअल मीटिंग में भरण पोषण भत्ते की समीक्षा की गई। इसमें निर्देश दिया गया कि समूह से जुड़ी महिलाओं को भी 1000 रुपये पोषण भत्ता के रूप में प्रतिमाह दिया जाएगा। डीआरडीए के परियोजना निदेशक प्रमोद यादव ने बताया कि नौ विकास खंडों में सक्रिय 2415 स्वयं सहायता समूह हैं। प्रत्येक समूह से दस महिलाएं जुड़ी र्हुइं हैं। इससे जिले में 24 हजार से अधिक महिलाओं को पोषण भत्ता का लाभ मिलेगा। सभी बीडीओ,एडीओ पंचायत,एडीओ आईएसबी, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के बीएमएम को निर्देश दिया गया है कि तीन दिन के भीतर उक्त समूहों की महिलाओं का खाता नंबर,आधार कार्ड , बैंक का आईएफएससी कोड जुटा कर उपलब्ध कराएं। जिससे इसकी रिपोर्ट शासन को भेजी जा सके।
विज्ञापन
विज्ञापन

कोरोना काल में प्रभावित हुए दैनिक रूप से कार्य कर अपना जीविकोपार्जन करने वाले ठेला, खोमचा, रेहड़ी, पटरी दुकानदार, पंजीकृत श्रमिकों के अतिरिक्त अन्य श्रमिक, दिहाडी मजूदर, रिक्शा चालक, ई रिक्शा चालक, कुली, पल्लेदार, नाविक, नाई, धोबी, मोची, हलवाई, समूह से जुड़ी महिलाओं को प्रति परिवार 1000 रुपये प्रतिमाह भरण पोषण भत्ता दिया जाएगा। इसके लिए शहरी क्षेत्रों में नगर पालिका और नगर पंचायतों के ईओ और ग्रामीण क्षेत्रों में डीपीआरओ को पात्रों का चयन करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इस संबंध में बीडीओ,एडीओ के साथ बैठक भी की जा चुकी है। सभी से तीन दिन के भीतर पात्रों का चयन करके संपूर्ण विवरण राहत की वेबसाइट पर अपलोड कराने का निर्देश दिया गया है।
- अतुल मिश्र, सीडीओ
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed