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आग लगने से तीन झोपड़ियां जलीं
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 11 Aug 2018 11:31 PM IST
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तीन लोगों का परिवार खुले आकाश तले वक्त काटने को मजबूर हो गया।
- फोटो : अमर उजाला
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बेलहर। क्षेत्र के अमरडोभा ग्राम पंचायत के सुरसा चमनजोत टोला में बृहस्पतिवार की आधी रात में लगी आग से तीन लोगों की झोपड़ियां जल गईं। उसमें सभी सामान राख हो गए। इस घटना से ही तीन लोगों का परिवार खुले आकाश तले वक्त काटने को मजबूर हो गया।
सुरसा चमनजोत टोला निवासी रामदास (60) और उनके दोनों पुत्र राजू (26) व राजेश (24) का परिवार झोपड़ी में रहता है। बृहस्पतिवार की रात में करीब 12 बजे अज्ञात कारणों से इनके छप्पर में आग लग गई।
घरवालों की नींद खुली तो छप्पर जलता देख शोर मचाते हुए लोग बाहर भागे। आसपास के लोग पहुंचे और किसी तरह से आग बुझाई। रामदास ने बताया कि इस हादसे में घर में रखे अनाज, कपड़ा व अन्य सामान के अलावा 10 हजार रुपये भी जल गए।
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बरसात में खुले आकाश तले रहने की मजबूरी
बेलहर। आगलगी की इस घटना ने रामदास तथा उनके दोनों बेटों राजू व राजेश के परिवार को खुले आकाश तले रहने को मजबूर कर दिया है। राजू कि पत्नी राधिका (24) ने बताया कि न तो अनाज बचा है और न ही कपड़े। जब तक छप्पर नहीं बन जाता, खुले आकाश तले ही वक्त काटना होगा।
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सुरसा चमनजोत टोला निवासी रामदास (60) और उनके दोनों पुत्र राजू (26) व राजेश (24) का परिवार झोपड़ी में रहता है। बृहस्पतिवार की रात में करीब 12 बजे अज्ञात कारणों से इनके छप्पर में आग लग गई।
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घरवालों की नींद खुली तो छप्पर जलता देख शोर मचाते हुए लोग बाहर भागे। आसपास के लोग पहुंचे और किसी तरह से आग बुझाई। रामदास ने बताया कि इस हादसे में घर में रखे अनाज, कपड़ा व अन्य सामान के अलावा 10 हजार रुपये भी जल गए।
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बरसात में खुले आकाश तले रहने की मजबूरी
बेलहर। आगलगी की इस घटना ने रामदास तथा उनके दोनों बेटों राजू व राजेश के परिवार को खुले आकाश तले रहने को मजबूर कर दिया है। राजू कि पत्नी राधिका (24) ने बताया कि न तो अनाज बचा है और न ही कपड़े। जब तक छप्पर नहीं बन जाता, खुले आकाश तले ही वक्त काटना होगा।