{"_id":"66-97624","slug":"Sant-kabir-nagar-97624-66","type":"story","status":"publish","title_hn":"एक वर्ष से मरम्मत की बाट जोह रहा रसूलाबाद-दुर्गजोत मार्ग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एक वर्ष से मरम्मत की बाट जोह रहा रसूलाबाद-दुर्गजोत मार्ग
Sant kabir nagar
Updated Tue, 28 Oct 2014 05:30 AM IST
विज्ञापन
बखिरा। क्षेत्र के लेडुवा-महुवा ग्राम पंचायत के रसूलाबाद से दुर्गजोत तक निर्माणाधीन सड़क पर पिछले एक वर्ष से गिट्टियां डालकर छोड़ दी गई हैं। जिससे राहगीरों समेत आसपास के ग्रामीणों की मुसीबत बढ़ गई है। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी को शिकायती पत्र देकर निर्माणाधीन मार्ग अतिशीघ्र पूरा कराने की मांग की है।
ग्रामीण राजेश्वर राय, कमलेश, टुनटुन राय, यासीन, प्रेमचंद्र शुक्ल, मुर्शरत, जुम्मन, एजाज अहमद, राजकुमार ने बताया कि यह मार्ग मेंहदावल-खलीलाबाद व मेंहदावल-बस्ती मार्ग से क्षेत्रीय आबादी को जोड़ता है। इस मार्ग पर स्थित रसूलाबाद, खुुंटवा, मनवापुर, दुर्गजोत के सैकड़ों की आबादी के लिए यह निर्माणाधीन सड़क जीवनदायनी है। लोक निर्माण विभाग द्वारा एक वर्ष पूर्व इस सड़क का टेंडर किया गया था। ठेकेदार ने शुरुआत में तेजी से निर्माण कार्य शुरू किया। इससे लोगों में शीघ्र ही एक बेहतर आवागमन की आस जगी थी, किंतु सड़क निर्माण की समय सीमा निर्धारित होने के बाद भी कुछ ही दिनों बाद चल रहे कार्य को बंद करा दिया गया।
राहगीर रामलगन, रामशंकर, दयाराम, प्रभावती, सोहनलाल, शिवशंकर ने बताया कि मार्ग की बदहाली से तीन किमी की दूरी तय करने के लिए आठ किमी की यात्रा करनी पड़ती है। आने जाने वाले राहगीर पसरी पड़ी गिट्टियों पर गिरकर चुटहिल हो रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
ग्रामीण राजेश्वर राय, कमलेश, टुनटुन राय, यासीन, प्रेमचंद्र शुक्ल, मुर्शरत, जुम्मन, एजाज अहमद, राजकुमार ने बताया कि यह मार्ग मेंहदावल-खलीलाबाद व मेंहदावल-बस्ती मार्ग से क्षेत्रीय आबादी को जोड़ता है। इस मार्ग पर स्थित रसूलाबाद, खुुंटवा, मनवापुर, दुर्गजोत के सैकड़ों की आबादी के लिए यह निर्माणाधीन सड़क जीवनदायनी है। लोक निर्माण विभाग द्वारा एक वर्ष पूर्व इस सड़क का टेंडर किया गया था। ठेकेदार ने शुरुआत में तेजी से निर्माण कार्य शुरू किया। इससे लोगों में शीघ्र ही एक बेहतर आवागमन की आस जगी थी, किंतु सड़क निर्माण की समय सीमा निर्धारित होने के बाद भी कुछ ही दिनों बाद चल रहे कार्य को बंद करा दिया गया।
विज्ञापन
राहगीर रामलगन, रामशंकर, दयाराम, प्रभावती, सोहनलाल, शिवशंकर ने बताया कि मार्ग की बदहाली से तीन किमी की दूरी तय करने के लिए आठ किमी की यात्रा करनी पड़ती है। आने जाने वाले राहगीर पसरी पड़ी गिट्टियों पर गिरकर चुटहिल हो रहे हैं।
विज्ञापन