Sambhal Lok Sabha seat: छह चुनावों में 97 में से 80 प्रत्याशियों की जमानत जब्त, भाजपा उम्मीदवार भी हुए फेल
संभल लोकसभा सीट पर अब तक हुए चुनावों में 80 प्रत्याशियों की जमानत जब्त हो गई है। इसी कड़ी में भाजपा और कांग्रेस के प्रत्याशी भी शामिल हैं। 1996 के लोकसभा चुनाव में संभल सीट पर सबसे अधिक 31 प्रत्याशी चुनाव मैदान में थे। इसमें कांग्रेस सहित 28 प्रत्याशियों ने अपनी जमानत जब्त कराई थी।
विस्तार
यह संभल की जनता है जनाब। जो मन को भाया उसे सर आंखों पर बैठाया, जो पसंद नहीं आया, उसकी जमानत तक जब्त करा दी। पिछले छह लोकसभा चुनाव में 97 में से 80 प्रत्याशी अपनी जमानत जब्त करा चुके हैं। इनमें प्रमुख पार्टी कांग्रेस, बसपा और कांग्रेस के प्रत्याशी भी शामिल हैं।
जहां इनकी जमानत जब्त हुई, वहीं इन पार्टियों के प्रत्याशियों को अन्य चुनावों में जिताकर संभल की जनता ने संसद भी भेजा है। संभल लोकसभा सीट का गठन 1977 में हुआ था। 2019 तक 12 लोकसभा चुनाव हो चुके हैं। पिछले छह लोकसभा चुनाव में अब तक 97 प्रत्याशियों ने सांसद बनने के लिए अपने भाग्य को आजमाया।
पर छह लोगों को ही संसद पहुंचने का मौका मिला है। वही 80 प्रत्याशी ऐसे रहे हैं, जो कुल मतदान के छठे हिस्से के बराबर भी वोट नहीं पा सके और अपनी जमानत जब्त करा ली। इनमें निर्दलीय प्रत्याशी अधिक हैं। 2019 के लोकसभा चुनाव में सपा और बसपा का गठबंधन था।
सपा प्रत्याशी डॉ. शफीकुर्रहमान बर्क विजयी रहे थे और भाजपा दूसरे स्थान पर रही थी। वही तीसरे स्थान पर कांग्रेस प्रत्याशी रहे। कांग्रेस सहित दस अन्य प्रत्याशियों की भी जमानत जब्त हुई थी। 1991 के लोकसभा चुनाव में संभल सीट पर बसपा प्रत्याशी की भी जमानत जब्त हुई थी।
1996में 28 प्रत्याशियों की जमानत जब्त
1996 के लोकसभा चुनाव में संभल सीट पर सबसे अधिक 31 प्रत्याशी चुनाव मैदान में थे। कांग्रेस सहित 28 प्रत्याशियों ने अपनी जमानत जब्त कराई थी। 1998 में अब तक इस सीट पर सर्वाधिक प्रत्याशी मैदान में थे। 31 प्रत्याशियों ने चुनाव लड़ा था।
भाजपा प्रत्याशी भी नहीं बचा पाए जमानत
2009 के लोकसभा चुनाव में संभल सीट से 11 प्रत्याशी चुनाव मैदान में थी। सभी दमखम से चुनाव लड़ रहे थे। इस चुनाव में भाजपा प्रत्याशी चौथे स्थान पर रह गए थे। भाजपा प्रत्याशी सहित आठ की जमानत जब्त हुई थी।
2014 में दस प्रत्याशियों की हुई थी जमानत जब्त
2014 लोकसभा चुनाव में संभल सीट से 13 प्रत्याशी मैदान में थे। भाजपा को जीत मिली थी, सपा दूसरे स्थान पर रही थी। वही राष्ट्रीय परिवर्तन दल, कांग्रेस, पीस पार्टी सहित अन्य सभी 11 प्रत्याशी अपनी जमानत गवां बैठे थे।
वर्ष प्रत्याशी जमानत जब्त
2019 12 10
2014 13 10
2009 11 8
2004 - -
1999 14 11
1998 16 13
1996 31 28
कुल 97 80