{"_id":"d52ec9a321189e10a0ba2ff5caaa048e","slug":"the-disease-remains-epidemic-chatki-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"चाटकी में बीमारी बनी महामारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चाटकी में बीमारी बनी महामारी
ब्यूरो/ अमर उजाला, सहारनपुर
Updated Mon, 07 Sep 2015 12:18 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चाटकी गांव की दलित बस्ती में उल्टी-दस्त और बुखार का कहर जारी है। शनिवार की शाम और रविवार की सुबह 27 और मरीजों को सीएचसी बेहट लाया गया। इनमें से 9 को गंभीर हालत के चलते हायर सेंटर रेफर कर दिया गया है। महामारी पर अभी तक नियंत्रण नहीं किया जा सका। हालांकि स्वास्थ्य विभाग का दावा है कि धीरे-धीरे मरीजों को रिलीफ मिल रहा है। एक दो दिन में स्थिति नियंत्रण में आ जाएगी।
गौरतलब है कि शुक्रवार की रात चाटकी गांव की दलित बस्ती में उल्टी-दस्त और बुखार का कहर बरपा था। एक साथ बस्ती के सभी 50 परिवार उल्टी-दस्त और बुखार से पीड़ित हो गए थे। करीब 200 लोग उल्टी-दस्त और बुखार से पीड़ित होने पर स्वास्थ्य विभाग से लेकर प्रशासनिक अधिकारियों में हड़कंप मच गया था। शनिवार की शाम करीब साढे़ छह बजे 108 एंबुलेंस आठ और पीड़ितों को हालत अधिक बिगड़ने पर सीएचसी लेकर आई।
इसके बाद रविवार की सुबह पांच बजे फिर से 108 पर सूचना दी गई कि चाटकी गांव की दलित बस्ती में और लोगों की हालत बिगड़ गई है। इस पर एंबुलेंस को चाटकी गांव की दलित बस्ती के लिए दौड़ाया गया। एंबुलेंस 19 मरीजों को लेकर सीएचसी पहुंची। आनन-फानन में उनका उपचार शुरू किया गया।
विज्ञापन
इन मरीजों में 9 मरीजों को गंभीर होने पर हायर सेंटर रेफर करना पड़ा। सीएचसी के डॉक्टरों ने बताया कि उपचार के बाद मरीजों को रिलीफ मिल रहा है, जो ठीक हो रहे उन्हें डिस्चार्ज किया जा रहा है और जो गंभीर हैं, उन्हें हायर सेंटर रेफर किया जा रहा है।
शनिवार और रविवार को सीएचसी में भर्ती कराए गए मरीज
बेहट। शनिवार की शाम करीब साढे़ छह बजे 108 एंबुलेंस द्वारा सरोज, माया, शांति देवी, प्रियंका, विशु, शिवानी, देवेंद्र, राज्जो देवी और रविवार की सुबह लीलावती, उपासना, रेशमा, अमृता, अंशुल, सोनिया, बिरमो, संजीव, आकाश, नर सिंह, केला देवी, कुमार, सिद्धार्थ, कल्पना, रेशमा, हिमांशी, अंकित, योगेश आदि हालत बिगड़ने पर सीएचसी में भर्ती कराए गए। इनमें से संजीव, सोनिया, नरसिंह, केला देवी, कुमा, अंकुश, उपसाना, रेमशा और लीलावती को प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत के चलते हायर सेंटर रेफर किया गया।
विज्ञापन
गौरतलब है कि शुक्रवार की रात चाटकी गांव की दलित बस्ती में उल्टी-दस्त और बुखार का कहर बरपा था। एक साथ बस्ती के सभी 50 परिवार उल्टी-दस्त और बुखार से पीड़ित हो गए थे। करीब 200 लोग उल्टी-दस्त और बुखार से पीड़ित होने पर स्वास्थ्य विभाग से लेकर प्रशासनिक अधिकारियों में हड़कंप मच गया था। शनिवार की शाम करीब साढे़ छह बजे 108 एंबुलेंस आठ और पीड़ितों को हालत अधिक बिगड़ने पर सीएचसी लेकर आई।
विज्ञापन
इसके बाद रविवार की सुबह पांच बजे फिर से 108 पर सूचना दी गई कि चाटकी गांव की दलित बस्ती में और लोगों की हालत बिगड़ गई है। इस पर एंबुलेंस को चाटकी गांव की दलित बस्ती के लिए दौड़ाया गया। एंबुलेंस 19 मरीजों को लेकर सीएचसी पहुंची। आनन-फानन में उनका उपचार शुरू किया गया।
विज्ञापन
इन मरीजों में 9 मरीजों को गंभीर होने पर हायर सेंटर रेफर करना पड़ा। सीएचसी के डॉक्टरों ने बताया कि उपचार के बाद मरीजों को रिलीफ मिल रहा है, जो ठीक हो रहे उन्हें डिस्चार्ज किया जा रहा है और जो गंभीर हैं, उन्हें हायर सेंटर रेफर किया जा रहा है।
शनिवार और रविवार को सीएचसी में भर्ती कराए गए मरीज
बेहट। शनिवार की शाम करीब साढे़ छह बजे 108 एंबुलेंस द्वारा सरोज, माया, शांति देवी, प्रियंका, विशु, शिवानी, देवेंद्र, राज्जो देवी और रविवार की सुबह लीलावती, उपासना, रेशमा, अमृता, अंशुल, सोनिया, बिरमो, संजीव, आकाश, नर सिंह, केला देवी, कुमार, सिद्धार्थ, कल्पना, रेशमा, हिमांशी, अंकित, योगेश आदि हालत बिगड़ने पर सीएचसी में भर्ती कराए गए। इनमें से संजीव, सोनिया, नरसिंह, केला देवी, कुमा, अंकुश, उपसाना, रेमशा और लीलावती को प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत के चलते हायर सेंटर रेफर किया गया।