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बिना रिकवरी के हुए खुलासे पर उठ रहे सवाल
ब्यूरो/अमर उजाला, सहारनपुर
Updated Mon, 01 Jan 2018 12:00 AM IST
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खुलासे पर सवाल उठाते राकेश अरोड़ा के परिवारीजन।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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सहारनपुर में कारोबारी राकेश हत्याकांड का खुलासा पुलिस की गले की फांस बनता दिख रहा है। कारोबारी के परिजन पुलिस के खुलासे से संतुष्ट नहीं है। वह अब भी सीबीआई जांच कराने की मांग पर अड़े हैं। पुलिस ने भूमि विवाद में हत्या होने की बात कहते हुए खुलासा किया और एक आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा है, जबकि परिजनों के अनुसार उन्हें भूमि विवाद की कोई जानकारी ही नहीं है।
शहर के कोर्ट रोड स्थित पुराना डीएसओ कंपाउंड निवासी कारोबारी राकेश अरोड़ा की हत्या का शनिवार को गुपचुप रूप से खुलासा कर पुलिस भले ही अपनी पीठ थपथपा रही हो, लेकिन खुलासे ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
पुलिस ने दावा किया रामपुर मनिहारान निवासी बसपा नेता सालिम के पुत्र तथा वार्ड संख्या छह से नगर पंचायत सदस्य जहांगीर ने अपने साथी नौशाद एवं सादा के साथ मिलकर 30 जनवरी 2016 की शाम भूमि विवाद के चलते राकेश की गला रेतकर हत्या कर दी थी।
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पुलिस जहांगीर को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। हालांकि माना जा रहा है कि शहर में राकेश के परिजनों द्वारा लगवाए गए सीबीआई जांच की मांग के होर्डिंग्स से जन आंदोलन होने की आशंका के चलते पुलिस ने कहानी तैयार खुलासा कर दिया। उधर, परिजनों को पुलिस के खुलासे पर यकीन नहीं है।
राकेश की मां दर्शना रानी, पत्नी ममता रानी, बेटे अर्श अरोड़ा व साले दिनेश का कहना है कि पुलिस ने गुपचुप रूप से खुलासा किया है। पुलिस भूमि विवाद के चलते राकेश की हत्या होने की बात कह रही है, लेकिन राकेश का कोई भूमि विवाद नहीं था, इसकी जानकारी उनके पास तक नहीं है।
हम इस मामले में लगातार सीबीआई जांच कराने की मांग करते आ रहे हैं और अब भी सीबीआई से ही जांच कराना चाहते हैं। पुलिस ने खुलासे से संबंधित ऐसा कोई साक्ष्य नहीं दिया, जिससे उन्हें पुलिस की कहानी पर यकीन हो सके। वे सही खुलासा नहीं होने तक चुप नहीं बैठेंगे। उधर, व्यापारी संगठन इस मामले में पुलिस के खिलाफ आंदोलन की तैयारी कर रहे हैं।
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शहर के कोर्ट रोड स्थित पुराना डीएसओ कंपाउंड निवासी कारोबारी राकेश अरोड़ा की हत्या का शनिवार को गुपचुप रूप से खुलासा कर पुलिस भले ही अपनी पीठ थपथपा रही हो, लेकिन खुलासे ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
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पुलिस ने दावा किया रामपुर मनिहारान निवासी बसपा नेता सालिम के पुत्र तथा वार्ड संख्या छह से नगर पंचायत सदस्य जहांगीर ने अपने साथी नौशाद एवं सादा के साथ मिलकर 30 जनवरी 2016 की शाम भूमि विवाद के चलते राकेश की गला रेतकर हत्या कर दी थी।
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पुलिस जहांगीर को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। हालांकि माना जा रहा है कि शहर में राकेश के परिजनों द्वारा लगवाए गए सीबीआई जांच की मांग के होर्डिंग्स से जन आंदोलन होने की आशंका के चलते पुलिस ने कहानी तैयार खुलासा कर दिया। उधर, परिजनों को पुलिस के खुलासे पर यकीन नहीं है।
राकेश की मां दर्शना रानी, पत्नी ममता रानी, बेटे अर्श अरोड़ा व साले दिनेश का कहना है कि पुलिस ने गुपचुप रूप से खुलासा किया है। पुलिस भूमि विवाद के चलते राकेश की हत्या होने की बात कह रही है, लेकिन राकेश का कोई भूमि विवाद नहीं था, इसकी जानकारी उनके पास तक नहीं है।
हम इस मामले में लगातार सीबीआई जांच कराने की मांग करते आ रहे हैं और अब भी सीबीआई से ही जांच कराना चाहते हैं। पुलिस ने खुलासे से संबंधित ऐसा कोई साक्ष्य नहीं दिया, जिससे उन्हें पुलिस की कहानी पर यकीन हो सके। वे सही खुलासा नहीं होने तक चुप नहीं बैठेंगे। उधर, व्यापारी संगठन इस मामले में पुलिस के खिलाफ आंदोलन की तैयारी कर रहे हैं।