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Saharanpur News: पश्चिमी में प्रदूषण की मार, सहारनपुर फिलहाल खतरे से बाहर

Thu, 09 Nov 2023 01:04 AM IST
मेरठ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर Updated Thu, 09 Nov 2023 01:04 AM IST
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Pollution hits West, Saharanpur currently out of danger
सहारनपुर। करीब एक महीने से हवा की सेहत खराब चल रही है। एनसीआर के अलावा पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जनपदों में एक्यूआई खराब से बेहद खराब स्थिति तक में पहुंच गया है। जिसे लेकर संबंधित जनपदों की आबादी चिंता में है, लेकिन सहारनपुरवासियों के लिए अच्छी बात यह है कि यहां का एक्यूआई लगातार 100 से 190 के बीच बना हुआ है। हवा की इस स्थिति को सामान्य माना जाता है।
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प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अवर अभियंता महेंद्र सिंह ने बताया कि सर्दियों में हवा में नमी के कारण वाहनों, उद्योगों आदि से निकलने वाला धुआं और धूल के कण ऊपर नहीं जा पाते हैं और हवा के साथ जमीन के आसपास बने रहते हैं। इसकी वजह से गर्मियों की तुलना में सर्दियों में प्रदूषण की मात्रा बढ़ जाती है, लेकिन सहारनपुर इस मामले में काफी बचा हुआ है। उन्होंने बताया कि पड़ोसी जनपदों जैसे मुजफ्फरनगर, मेरठ, गाजियाबाद आदि में एक्यूआई बढ़ने की प्रमुख वजह वहां औद्योगिक इकाइयों का अधिक होना है।
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सहारनपुर का देहात क्षेत्र अधिक है, जिसमें शिवालिक क्षेत्र भी शामिल है। उन्होंने बताया कि गर्मी के मौसम में यहां का एक्यूआई 100 से 125 के बीच रहता है, जबकि बरसात में एक्यूआई 40 से 50 तक भी आ जाता है। सर्दियों में यह बढ़कर 200 या कभी कभी उससे अधिक तक पहुंचता है। जिले की लगभग 3,32,229 हेक्टेयर का वन क्षेत्र है या कह सकते हैं कि जिले की 9.13% भूमि वनीय है। शिवालिक क्षेत्र के अंतर्गत शीशम, साल आदि के जंगल पाए जाते हैं। (संवाद)
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सहारनपुर का बीते एक सप्ताह का एक्यूआई
तिथि---------एक्यूआई
08 नवंबर-----190
07 नवंबर-----115
06 नवंबर-----160
05 नवंबर-----180
04 नवंबर-----180
03 नवंबर-----170
02 नवंबर-----130
01 नवंबर-----130
यह हैं शहर की समस्या
कई औद्योगिक इकाइयां ऐसी हैं, जो आबादी में आ चुकी हैं। हालांकि यह इकाइयां कई दशक पहले की हैं, लेकिन शहर के लगातार बढ़ने के कारण अब यह आबादी के बीच में आ गई है, जिनकी वजह से आबादी प्रभावित हो रही है। इनमें एक इकाई देहरादून रोड, एक पेपर मिल रोड और तीसरी सर्किट हाउस क्षेत्र में है। इनसे निकलने वाले धुएं और केमिकल की दुर्गंध से स्थानीय लोग परेशान हैं।

एक्यूआई और उसकी प्रतिक्रिया

0-50 - शुद्ध हवा है

51-100 - संतोषजनक हवा है

101-200 - सामान्य

201-300 - खराब हवा है

301-400 - बेहद खराब हवा है

410-500 - गंभीर श्रेणी

------
वायु प्रदूषण के कारक
जिले में ईंट भट्ठों की संख्या---------252 (इनमें से 229 चालू)
चौपहिया और दुपहिया वाहन---------करीब आठ लाख
धुआं छोड़ने वाली औद्योगिक इकाइयां---62 (इनमें से 48 चालू)
सर्दियों में वायु प्रदूषण का बढ़ना सामान्य बात है। यही वजह है कि इन दिनों एनसीआर और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जनपदों खासकर औद्योगिक जनपदों में एक्यूआई खराब स्तर पर है, लेकिन सहारनपुर के लिए अच्छी बात यह है कि यहां विशेष परिस्थितियों में ही एक्यूआई 200 या 300 को पार करता है। अन्यथा वह 50 से 100 और 101 से 150 के बीच ही रहता है। इन दिनों भी स्थिति सामान्य है। आगामी दिनों में बढ़ सकता है।
- अंकित सिंह, क्षेत्रीय अधिकारी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड
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