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बाजार खोलने की शर्तें हवाई, हर जगह लापरवाही छायी
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समय 1.40 सहारनपुर के नेहरू मार्केट में कोरोना वायरस को भूल सोशल डिस्टेंश की उड़ी धज्जियां
- फोटो : SAHARANPUR
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बाजार खोलने की शर्तें हवाई, हर जगह लापरवाही छायी
सहारनपुर। कोरोना के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। अभी खतरा पूरी तरह टला नहीं है। इसके बावजूद बाजार खोलने की शर्तें हवाई हो गईं हैं। बाजारों में भीड़ ऐसे है, जैसे कोरोना से पहले सामान्य दिनों में होती थी। सोशल डिस्टेंसिंग, मास्क लगाने, सैनिटाइजर रखने, भीड़ नहीं होने देने का जो प्लान प्रशासन ने व्यापारियों के साथ मिलकर बनाया था, वह भी बेमानी हो गया है। कोई मास्क का प्रयोग करता दिखाई देता है तो बहुत से लोग बेपरवाह हैं। प्रस्तुत है शहर के कुछ प्रमुख स्थानों की ग्राउंड रिपोर्ट...
समय : दोपहर 01.20 बजे, स्थान : चौधरी चरण सिंह चौक
कोरोना से लेकर अन्य बीमारियों के मरीज जिस जिला अस्पताल में पहुंचते हैं, उसी के पास स्थित चौधरी चरण सिंह चौक पर दुकानों के बाहर लोगों की भीड़ दिखी तो सड़क पर तिपहिया वाहनों के साथ राहगीरों की लंबी कतार। दो गज तो क्या एक फुट का भी फासला नहीं मिला।
समय : दोपहर 01.30 बजे, स्थान दवा मार्केट
किशनपुरा स्थित दवा मार्केट में भी हालात चिंताजनक नजर आए। यहां अधिकतर लोग मास्क लगाते हुए तो मिले, मगर फासले की परवाह यहां भी किसी को नहीं थी। हर कोई आगे निकलने की आपाधापी में नजर आया।
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समय : दोपहर 1.40 बजे, नेहरू मार्केट
शहर का यह वही बाजार है जिसमें कोराना काल में फेरी लगाने तक को लेकर कई बार हंगामे और विवाद हुए। आज इसी बाजार का आलम यह रहा कि यहां जितनी भीड़ दुकानों पर ग्राहकों की रही, उतनी ही उनके सामने सड़क पर। यहां दिन में कई बार जाम के हालात रहे।
समय : दोपहर 1.50 बजे, श्रीराम चौक से घंटाघर
यहां भीड़ और जाम के हालात देखकर यह समझना मुश्किल था कि यह दृश्य सामान्य दिनों का है या फिर कोराना काल की बंदिशों के बीच का। इस जगह पर खुद डीएम और एसएसपी कई बार आकर चेतावनी दे चुके हैं, मगर लोगों को परवाह नहीं।
समय : दोपहर 1.55 बजे, शहीद गंज
इस बाजार में कपड़ों और क्राकरी की दुकानों पर सामान्य दिनों की तरह ही भीड़ दिखी। कुछ दुकानदारों ने बताया कि ग्राहक तो कम हैं मगर सड़कों पर भीड़ ज्यादा है। अधिक भीड़ न करने का अनुरोध कर रहे हैं। मगर कोई मान ही नहीं रहा है। हर दिन ऐसा ही हाल है।
नहीं माने तो बंदिशें बढ़ेंगी: डीएम
बाजार खोलने का यही मकसद था कि कोरोना से सतर्क रहते हुए रोजगार और कारोबार चलता रहे। लगातार बाजारों का भ्रमण कर व्यापारियों और अन्य लोगों को समझा रहे हैं। यदि नहीं मानते हैं तो मुश्किल में पड़ेंगे, बंदिशें बढ़ेंगी। जनता से अनुरोध है कि गाइडलाइन का पालन करें। अन्यथा कड़ी कार्रवाई झेलनी होगी।
- अखिलेश सिंह, डीएम, सहारनपुर।
व्यापारी नेता भी नहीं निभा रहे जिम्मेदारी
कुछ सप्ताह पहले व्यापारियों के साथ मीटिंग में तय हुआ था कि बाजार इसी शर्त पर खुलेंगे कि बाजारों में भीड़ नहीं होने दी जाएगी। व्यापारी नेता भी अन्य व्यापारियों को साथ लेकर कमेटी बनाएंगे, निगरानी करेंगे और लोगों को समझाएंगे। यही नहीं, प्रमुख बाजारों में 30 से ज्यादा ऐसी जगह चिह्नित की गई थीं, जहां पर पुलिस टीमों के साथ स्थानीय दुकानदारों को अधिक सतर्क रहने के निर्देश दिए गए थे। इस प्लान और दावों के बीच आज हालात बिल्कुल अलग हैं। बाजारों में सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं हो रहा है।
व्यापारी नेताओं का वर्जन...
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सहारनपुर। कोरोना के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। अभी खतरा पूरी तरह टला नहीं है। इसके बावजूद बाजार खोलने की शर्तें हवाई हो गईं हैं। बाजारों में भीड़ ऐसे है, जैसे कोरोना से पहले सामान्य दिनों में होती थी। सोशल डिस्टेंसिंग, मास्क लगाने, सैनिटाइजर रखने, भीड़ नहीं होने देने का जो प्लान प्रशासन ने व्यापारियों के साथ मिलकर बनाया था, वह भी बेमानी हो गया है। कोई मास्क का प्रयोग करता दिखाई देता है तो बहुत से लोग बेपरवाह हैं। प्रस्तुत है शहर के कुछ प्रमुख स्थानों की ग्राउंड रिपोर्ट...
समय : दोपहर 01.20 बजे, स्थान : चौधरी चरण सिंह चौक
कोरोना से लेकर अन्य बीमारियों के मरीज जिस जिला अस्पताल में पहुंचते हैं, उसी के पास स्थित चौधरी चरण सिंह चौक पर दुकानों के बाहर लोगों की भीड़ दिखी तो सड़क पर तिपहिया वाहनों के साथ राहगीरों की लंबी कतार। दो गज तो क्या एक फुट का भी फासला नहीं मिला।
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समय : दोपहर 01.30 बजे, स्थान दवा मार्केट
किशनपुरा स्थित दवा मार्केट में भी हालात चिंताजनक नजर आए। यहां अधिकतर लोग मास्क लगाते हुए तो मिले, मगर फासले की परवाह यहां भी किसी को नहीं थी। हर कोई आगे निकलने की आपाधापी में नजर आया।
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समय : दोपहर 1.40 बजे, नेहरू मार्केट
शहर का यह वही बाजार है जिसमें कोराना काल में फेरी लगाने तक को लेकर कई बार हंगामे और विवाद हुए। आज इसी बाजार का आलम यह रहा कि यहां जितनी भीड़ दुकानों पर ग्राहकों की रही, उतनी ही उनके सामने सड़क पर। यहां दिन में कई बार जाम के हालात रहे।
समय : दोपहर 1.50 बजे, श्रीराम चौक से घंटाघर
यहां भीड़ और जाम के हालात देखकर यह समझना मुश्किल था कि यह दृश्य सामान्य दिनों का है या फिर कोराना काल की बंदिशों के बीच का। इस जगह पर खुद डीएम और एसएसपी कई बार आकर चेतावनी दे चुके हैं, मगर लोगों को परवाह नहीं।
समय : दोपहर 1.55 बजे, शहीद गंज
इस बाजार में कपड़ों और क्राकरी की दुकानों पर सामान्य दिनों की तरह ही भीड़ दिखी। कुछ दुकानदारों ने बताया कि ग्राहक तो कम हैं मगर सड़कों पर भीड़ ज्यादा है। अधिक भीड़ न करने का अनुरोध कर रहे हैं। मगर कोई मान ही नहीं रहा है। हर दिन ऐसा ही हाल है।
नहीं माने तो बंदिशें बढ़ेंगी: डीएम
बाजार खोलने का यही मकसद था कि कोरोना से सतर्क रहते हुए रोजगार और कारोबार चलता रहे। लगातार बाजारों का भ्रमण कर व्यापारियों और अन्य लोगों को समझा रहे हैं। यदि नहीं मानते हैं तो मुश्किल में पड़ेंगे, बंदिशें बढ़ेंगी। जनता से अनुरोध है कि गाइडलाइन का पालन करें। अन्यथा कड़ी कार्रवाई झेलनी होगी।
- अखिलेश सिंह, डीएम, सहारनपुर।
व्यापारी नेता भी नहीं निभा रहे जिम्मेदारी
कुछ सप्ताह पहले व्यापारियों के साथ मीटिंग में तय हुआ था कि बाजार इसी शर्त पर खुलेंगे कि बाजारों में भीड़ नहीं होने दी जाएगी। व्यापारी नेता भी अन्य व्यापारियों को साथ लेकर कमेटी बनाएंगे, निगरानी करेंगे और लोगों को समझाएंगे। यही नहीं, प्रमुख बाजारों में 30 से ज्यादा ऐसी जगह चिह्नित की गई थीं, जहां पर पुलिस टीमों के साथ स्थानीय दुकानदारों को अधिक सतर्क रहने के निर्देश दिए गए थे। इस प्लान और दावों के बीच आज हालात बिल्कुल अलग हैं। बाजारों में सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं हो रहा है।
व्यापारी नेताओं का वर्जन...