फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Saharanpur News ›   Entrepreneurs met DM to build incomplete bridge

अधूरे पुल का निर्माण कराने को डीएम से मिले उद्यमी

Fri, 16 Jul 2021 11:57 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Fri, 16 Jul 2021 11:57 PM IST
विज्ञापन
Entrepreneurs met DM to build incomplete bridge
अधूरे पुल का निर्माण कराने को डीएम से मिले उद्यमी
विज्ञापन

सहारनपुर। इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने पिलखनी औद्योगिक क्षेत्र में अधूरे रेलवे क्रासिंग ओवरब्रिज का निर्माण पूरा न होने से हो रही दिक्कतों के बारे में जिलाधिकारी अखिलेश सिंह से मुलाकात की। उन्होंने निर्माण जल्द पूर्ण कराने की मांग रखी।
अमर उजाला ने 16 जुलाई के अंक में पिलखनी में अधूरे पुल और जर्जर मार्ग से होती समस्या को प्रमुखता से प्रकाशित किया। वहीं, शुक्रवार को आईआईए के चैप्टर चेयरमैन प्रमोद सडाना के नेतृत्व में प्रतिनिधि मंडल ने जिलाधिकारी से आईआईए की नई टीम का परिचय कराया। उन्होंने कहा कि अंबाला रोड पर राधा स्वामी सत्संग भवन के सामने से पिलखनी इंडस्ट्री एरिया में जाने वाले संपर्क मार्ग की मरम्मत कराई जाए। पिलखनी रेलवे फाटक पर ओवरब्रिज का रुका हुआ कार्य तत्काल पूरा करवाया जाए। पिलखनी औद्योगिक क्षेत्र की विद्युत समस्या, दिल्ली रोड औद्योगिक क्षेत्र से गंदे पानी की निकासी की समस्या का समाधान कराने की मांग की। जिलाधिकारी अखिलेश सिंह ने भरोसा दिलाया कि तमाम समस्याओं का जल्द ही निस्तारण कराया जाएगा। पिलखनी में रेलवे फाटक पर बने रहे ओवरब्रिज के संबंध में डीआरएम रेलवे से वार्ता कर कार्य शीघ्र करवाया जाएगा। इस दौरान आरके धवन, सरदार हरजीत सिंह, प्रियेश गर्ग, सुनील सैनी, अनूप खन्ना, अमित चौधरी आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन

सहारनपुर इंडस्ट्रीज एसोसिएशन ने गिनाई समस्याएं
दिल्ली रोड स्थित इंडस्ट्री एरिया में गंदे पानी की निकासी की उचित व्यवस्था नहीं होने से उद्यमी परेशान हैं। सहारनपुर इंडस्ट्रीज एसोसिएशन की बैठक में अध्यक्ष शिवकुमार गौड, सचिव अशोक छाबड़ा ने कहा कि दिल्ली रोड के औद्योगिक क्षेत्र से गंदे पानी की निकासी नहीं होने की समस्या बहुत पुरानी है, जिसके निवारण का ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा है। इस कारण कच्चा माल बर्बाद होने से लाखों रुपये का नुकसान होता है। दिनेश सेठी और अमर गुप्ता ने कहा कि अधिकारियों के लचीले रवैये के कारण समस्या का निदान नहीं हो रहा है, इसलिए अब उद्यमियों की पीड़ा शासन तक पहुंचाई जाएगी। संजय मल्होत्रा और राजीव अग्रवाल ने कहा कि इस औद्योगिक क्षेत्र की स्थापना हुए 40 वर्ष हो गए, लेकिन मूलभूत सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं। इस बारे में लखनऊ स्तर पर अधिकारियों और मंत्रियों को बताया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed