फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Saharanpur News ›   possession on the ground of Millions, silent Corporation

करोड़ों की जमीन पर कब्जे, निगम चुप

Fri, 23 Oct 2015 11:52 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, सहारनपुर
ब्यूरो/अमर उजाला, सहारनपुर Updated Fri, 23 Oct 2015 11:52 PM IST
विज्ञापन
possession on the ground of Millions, silent Corporation
मल्हीपुर रोड पर खाली पड़ी नगर निगम की करोड़ों रुपये कीमत की तीन बीघा जमीन पर कब्जा कर लिया गया है। इतना ही नहीं जमीन पर काफी हद तक निर्माण भी करा दिया गया है। शुक्रवार को पता चलते ही निगम की टीम निर्माण कार्य रुकवाने मौके पर पहुंची, लेकिन विफल रही।
विज्ञापन


ऐसे में निगम ने आरोपी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। साथ ही जल्द ही दल और बल के साथ मौके पर पहुंचकर निर्माण ध्वस्त कराने की बात कही है।

शहर से सटे गांव रामनगर के पास नगर निगम की करीब तीन बीघा जमीन वर्षों से खाली पड़ी है। करीब डेढ़ साल पहले भी दबंगों द्वारा जमीन पर कब्जा करने का प्रयास किया जा चुका है। तब निगम अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर जमीन को कब्जामुक्त कराया था, लेकिन इस बार एक व्यक्ति ने जमीन की पक्की बाउंड्री वॉल बनाने का काम शुरू कराया हुआ है।
विज्ञापन


करीब तीन फुट ऊंची दीवारें खड़ी कर दी गई हैं। साथ ही बाहर की ओर एक मकान भी बनाया है, जिसपर लिंटर डलना बाकी है।

पता चलते ही नगरायुक्त डॉ. नीरज शुक्ला ने निगम के टैक्स सुपरीटेंडेंट केशव के नेतृत्व में निगम की टीम को निर्माण कार्य रुकवाने के लिए मौके पर भेजा। टीम को मौके पर मिले संजय राणा नाम के व्यक्ति ने बताया कि यह जमीन उसकी है और उसने इसे दो साल पहले खरीदा था। ऐसे में निर्माण कार्य रुकवाने का मतलब ही नहीं बैठता।
विज्ञापन
विज्ञापन


जब निगम की टीम ने उससे जमीन के कागज दिखाने को कहा तो उसने कहा कि वह नगरायुक्त को ही कागज दिखाएगा। इसके बाद निगम की टीम बिना कोई कार्रवाई किए लौट गई। टीम लेकर पहुंचे केशव ने बताया कि जिस जमीन पर निर्माण किया जा रहा है वह खसरा नंबर 135 है, जो निगम की है।

बताया कि नगरायुक्त के निर्देश पर आरोपी के खिलाफ थाना सदर बाजार कोतवाली में मुकदमा दर्ज करा दिया गया है। जल्द ही दल और बल के साथ जाकर निर्माण ध्वस्त कराया जाएगा।

उधर, संजय राणा का कहना है कि उसके पास जमीन के पूरे कागज हैं। बताया कि उसकी नगर निगम से कोई लड़ाई नहीं है। उसने जिससे जमीन खरीदी है, उससे पूरी जमीन लेने का हकदार है।

बेहट रोड पर बना दी गई मार्केट
बेहट रोड पर कोढ़ियों की पुलिया के पास सरकारी जमीन पर दबंगों ने कब्जा कर मार्केट खड़ी कर दी है। चौधरी विहार निवासी सैयद तारिक ने जिलाधिकारी को शिकायती पत्र सौंपा है। तारिक का कहना है कि यह जमीन नगर निगम की ओर से काफी समय पहले कुष्ठ आश्रम के लिए अलॉट की गई थी, लेकिन अब उस जगह पर दबंगों ने मार्केट खड़ी कर दी है, जिसका नक्शा तक पास नहीं कराया गया है।

इसकी शिकायत विकास प्राधिकरण से भी की जा चुकी है, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। शिकायतकर्ता ने मामले की जांच कराकर निर्माण ध्वस्त कराने तथा दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग जिलाधिकारी पवन कुमार से की है।

दिल्ली रोड पर भी कब्जा
दिल्ली रोड पर साउथ सिटी के सामने भी एक व्यक्ति ने अवैध रूप से पार्किंग का धंधा चलाया हुआ है। नगर निगम उक्त कब्जे पर भी कार्रवाई करने की तैयारी में है। टैक्स सुपरीटेंडेंट केशव ने बताया कि मामले में नगरायुक्त से शिकायत हुई है। जल्द ही पार्किंग को हटवाया जाएगा।

सत्ता की आड़ में हो रहे कब्जे
देहात में भी सरकारी जमीनों पर कब्जा करने का सिलसिला जारी है। चर्चा है कि ज्यादातर कब्जाधारी लोग सत्ताधारी पार्टी और उसके नेताओं से जुड़े हैं। मल्हीपुर रोड पर नगर निगम की जमीन पर हुए कब्जे को भी सत्ता की शह बताई जा रही है। हालांकि सच्चाई क्या है यह अलग बात है। इसी रोड पर एक वर्ग के लोगों ने ग्राम पंचायत की कई बीघा जमीन पर निर्माण करा दिया है, जिसपर प्रशासन की ओर से अभी तक कोई कदम नहीं उठाया गया है।


मल्हीपुर रोड पर नगर निगम की जमीन है। इस पर अवैध कब्जे की शिकायत मिली है और पुलिस को इसकी सूचना दी गई है। हमने एफआईआर दर्ज कराने के लिए सदर थाने को लिखित शिकायत की है। इसके अलावा कब्जा हटवाने के लिए पुलिस अधिकारियों को भी पत्र लिखा गया है।
डा. नीरज शुक्ला, नगरायुक्त

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed