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कांवड़ शिविर संचालक से अभद्रता, चालान काटा
Updated Tue, 07 Aug 2018 12:24 AM IST
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कांवड़ शिविर संचालक से अभद्रता, चालान काटा
सहारनपुर। कांवड़ियों की सेवा के लिए लगाए गए शिविर के लिए रात में राशन लेकर जा रहे वाहन को घंटाघर चौराहे पर रोक लिया गया। शिविर कांवड़ पास दिखाया गया। गाड़ी के कागज भी दिखाए गए। लेकिन पुलिसकर्मियों ने शिविर संचालक से अभद्रता की। संचालक का आरोप है कि चौराहे पर माफी मांगने का दबाव बनाया गया। माफी नहीं मांगी तो प्रदूषण की श्रेणी में ही चालान कर दिया।
अंबाला रोड पर स्टेडियम के बाहर लगाए गए मां अन्नपूर्णा सेवा समिति कांवड़ सेवा शिविर के संचालक सागर धनराज अपनी गाड़ी में कांवड़ियों के लिए राशन लेकर शिविर की ओर जा रहे थे। जब वे घंटाघर चौराहे पर पहुंचे तो एक दरोगा ने पुलिसकर्मी को भेजकर उन्हें रुकवा लिया। सागर धनराज ने आरोप लगाया कि पुलिसकर्मी ने उन्हें रोका तो उन्होंने अपना कांवड़ सेवा शिविर के लिए बनाया गया वाहन पास भी दिखाया। पुलिसकर्मी को बताया कि इसमें कांवड़ियों के लिए राशन है चाहे तो चेक कर ले। लेकिन वह नहीं माना और उसने दरोगा को इसकी जानकारी दी। सागर का आरोप है कि चौराहे पर ही उनका गिरेबान पकड़कर गाड़ी से बाहर खींचा गया। उनके साथ अभद्रता की गई। उसने कई बार पुलिस अधीक्षक नगर प्रबल प्रताप सिंह द्वारा जारी किया गया वाहन पास दिखाया। लेकिन दरोगा गाड़ी को सीज करने की जिद पर अड़ा रहा। उनका आरोप है कि दरोगा नशे में था और उसने वहां मौजूद लोगों में से किसी की नहीं सुनी। सभी को धमकाता रहा। इसकी सूचना उन्होंने उच्चाधिकारियों को दी। फिर भी दरोगा नहीं माना और चौराहे पर ही सबके सामने माफी मांगने के लिए दबाव बनाने लगा। जब उन्होंने माफी मांगने से इंकार कर दिया तो उसने फिर भी प्रदूषण न होने की बात कहते हुए चालान काट दिया। घटना को लेकर शिविर संचालकों में भी भारी रोष बना हुआ है।
उधर, एसपी सिटी प्रबल प्रताप सिंह का कहना है कि पास राशन ले जाने वाले वाहन के लिए जारी किए गए थे। लेकिन कुछ लोग पास का दुरुपयोग कर रहे हैं। जो लोग आरोप लगा रहे हैं वे लग्जरी गाड़ी लेकर तीन लोग कांवड़ मार्ग पर मस्ती कर रहे थे। लग्जरी गाड़ी में कोई भी राशन नहीं ले जाता। उन्हें रोका गया तो अभद्रता का आरोप लगा दिया है।
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सहारनपुर। कांवड़ियों की सेवा के लिए लगाए गए शिविर के लिए रात में राशन लेकर जा रहे वाहन को घंटाघर चौराहे पर रोक लिया गया। शिविर कांवड़ पास दिखाया गया। गाड़ी के कागज भी दिखाए गए। लेकिन पुलिसकर्मियों ने शिविर संचालक से अभद्रता की। संचालक का आरोप है कि चौराहे पर माफी मांगने का दबाव बनाया गया। माफी नहीं मांगी तो प्रदूषण की श्रेणी में ही चालान कर दिया।
अंबाला रोड पर स्टेडियम के बाहर लगाए गए मां अन्नपूर्णा सेवा समिति कांवड़ सेवा शिविर के संचालक सागर धनराज अपनी गाड़ी में कांवड़ियों के लिए राशन लेकर शिविर की ओर जा रहे थे। जब वे घंटाघर चौराहे पर पहुंचे तो एक दरोगा ने पुलिसकर्मी को भेजकर उन्हें रुकवा लिया। सागर धनराज ने आरोप लगाया कि पुलिसकर्मी ने उन्हें रोका तो उन्होंने अपना कांवड़ सेवा शिविर के लिए बनाया गया वाहन पास भी दिखाया। पुलिसकर्मी को बताया कि इसमें कांवड़ियों के लिए राशन है चाहे तो चेक कर ले। लेकिन वह नहीं माना और उसने दरोगा को इसकी जानकारी दी। सागर का आरोप है कि चौराहे पर ही उनका गिरेबान पकड़कर गाड़ी से बाहर खींचा गया। उनके साथ अभद्रता की गई। उसने कई बार पुलिस अधीक्षक नगर प्रबल प्रताप सिंह द्वारा जारी किया गया वाहन पास दिखाया। लेकिन दरोगा गाड़ी को सीज करने की जिद पर अड़ा रहा। उनका आरोप है कि दरोगा नशे में था और उसने वहां मौजूद लोगों में से किसी की नहीं सुनी। सभी को धमकाता रहा। इसकी सूचना उन्होंने उच्चाधिकारियों को दी। फिर भी दरोगा नहीं माना और चौराहे पर ही सबके सामने माफी मांगने के लिए दबाव बनाने लगा। जब उन्होंने माफी मांगने से इंकार कर दिया तो उसने फिर भी प्रदूषण न होने की बात कहते हुए चालान काट दिया। घटना को लेकर शिविर संचालकों में भी भारी रोष बना हुआ है।
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उधर, एसपी सिटी प्रबल प्रताप सिंह का कहना है कि पास राशन ले जाने वाले वाहन के लिए जारी किए गए थे। लेकिन कुछ लोग पास का दुरुपयोग कर रहे हैं। जो लोग आरोप लगा रहे हैं वे लग्जरी गाड़ी लेकर तीन लोग कांवड़ मार्ग पर मस्ती कर रहे थे। लग्जरी गाड़ी में कोई भी राशन नहीं ले जाता। उन्हें रोका गया तो अभद्रता का आरोप लगा दिया है।
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